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गुमलाः कोरोना टीका लगाने पहुंची टीम को ग्रामीणों ने खदेड़कर भगाया, लक्षण दिखने पर भी नहीं करा रहे जांच

गुमला में टीका के लिए गई टीम को लौटाया.

Jharkhand Corona: झारखण्ड के गुमला जिले में अंधविश्वास की वजह से कोरोना जांच नहीं करा रहे ग्रामीण. बिशनपुर प्रखंड के बनालात गांव में बीमार युवक को झाड़-फूंक से बचाकर सरकारी अधिकारी ने अस्पताल में कराया भर्ती.

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गुमला. झारखण्ड के गुमला जिले में आज भी अंधविश्वास कायम है. जिले के कई गांवों में कोरोना के लक्षण दिखने के बावजूद लोग बीमारों को अस्पताल नहीं ले जाते, बल्कि झाड़-फूंक से उसकी जान बचाने का प्रयास करते हैं. मामला बिशनपुर प्रखंड के बनालात गांव से जुड़ा है. यहां एक बीमार युवक का ओझा झाड़-फूंक कर रहा था. तभी बीडीओ पहुंच गए और बीमार युवक को हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया.

एक तरफ जहां कोरोना को हराने के लिए सरकार करोड़ों खर्च कर रही है. ग्रामीण क्षेत्रों में मेडिकल किट भेजने से लेकर अस्पताल बनाए जा रहे हैं. वहीं दूसरी तरफ गुमला के विशुनपुर का यह मामला चिंतित करने वाला है. हद तो यह है कि इस गांव में टीका लगाने वाली टीम पहुंची तो में लोगों ने उसे खदेड़कर भगा दिया.

ग्रामीणों का मानना है कि कोविड-19 का इंजेक्शन लेने से 1 माह तक बुखार व मृत्यु हो जाती है. इसलिए बीते दिनों जब गुमला के मंजीरा गांव में एएनएम और स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को देखते ही लोग इकट्ठा हो गए और सरकारी टीम को खदेड़ दिया. गांव के लोग वैक्सीन लेने का बहिष्कार कर रहे हैं. वे सर्दी-बुखार आने पर लोग झोलाछाप डॉक्टर या ओझा का सहारा लेकर अपना इलाज घर पर ही करा रहे हैं. इसके कारण 15 दिनों में 10 लोगों की अभी तक मौत भी हो चुकी है. गांव में अफवाह फैल गई है कि वैक्सीन लेने से लोग बीमार पड़ जाते हैं. यही वजह रही कि उप स्वास्थ्य केंद्र मंजीरा, लापू, जेहन गुट्वा, चंपाटोली, कोनार टोली, ओऱया के एक भी ग्रामीण का वैक्सीनेशन नहीं हुआ. सभी जगहों की रिपोर्ट शून्य रही. जिले के कई गांवों में सर्दी-बुखार एवं बदन दर्द जैसे कोरोना के लक्षण दिखाई दे रहे हैं. इसके बावजूद गांव के लोग अपनी जांच नहीं करा रहे

दो केस स्टडी से समझिए हालात
बिशनपुर प्रखंड के बनालात गांव में एक बीमार युवक का झाड़-फूंक से इलाज हो रहा था. जब प्रशासन को इसकी जानकारी मिली तो प्रखंड विकास पदाधिकारी चंदा भट्टाचार्य मौके पर पहुंचीं. प्रशासन की टीम को देखते ही ओझा फरार हो गए. आनन-फानन में युवक को अस्पताल तक पहुंचाया गया. मंजीरा गांव में हेल्थ वर्कर्स पर हमला मामला मंजीरा गांव का है. यहां टीकाकरण करने गए स्वास्थ्य कार्यकर्ता व एएनएम को ग्रामीणों ने गांव में घुसते देख घंटा बजाकर इकट्ठे हुए और वहां से खदेड़ दिया. इसकी जानकारी मिलने के बाद प्रखंड प्रशासन मौके पर पहुंची और लोगों का समझाने का काम कर रही है. वहीं जिले के उपायुक्त शिशिर कुमार सिन्हा ने बताया की जिस तरह ग्रामीण इलाकों के लोग अंधविश्वास में हैं. गांव में जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को टीकाकरण के लिए प्रेरित किया जाएगा.
Published by:Neelesh Tripath
First published: