हजारीबाग में जेल की खिड़की का रॉड काटकर फरार हुए 2 विदेशी नागरिक, मचा हड़कंप

हजारीबाग के जेपी केंद्रीय कारा से दो विदेशी रोहिंग्या खिड़की का रॉड काटकर फरार हो गए.

हजारीबाग के जेपी केंद्रीय कारा से दो विदेशी रोहिंग्या खिड़की का रॉड काटकर फरार हो गए.

Jharkhand News: पिछले साल दुमका जेल से हजारीबाग के जेपी कारा में शिफ्ट किए गए थे 4 विदेशी नागरिक. जेलकर्मी जब कैदियों को खाना देने गए तब दो विदेशी नागरिकों के फरार होने का पता चला.

  • Share this:
हजारीबाग. झारखंड की कानून व्यवस्था की नाकामी का एक और उदाहरण सामने आया है. हजारीबाग के जेपी कारागार से दो विदेशी नागरिक खिड़की की रॉड काटकर फरार हो गए. दोनों कैदियों की फरारी का पता उस समय चला, जब जेल के सुरक्षाकर्मी उन्हें खाना देने गए थे. वहां दोनों कैदियों को न देखने पर जेल में हड़कंप मच गया. आनन-फानन में वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और फरार विदेशी नागरिकों की तलाश शुरू हुई. गौरतलब है कि पिछले साल सितंबर में भी इसी जेल के डिटेंशन सेंटर से 2 विदेशी रोहिंग्या नागरिक फरार हो गए थे. उन दोनों को भी अभी तक ढूंढा नहीं जा सका है.

जेपी कारागार से फरार होने वाले दो कैदियों में मो. जावेद उर्फ नूर और मो. जाहिद हुसैन का नाम शामिल है. जेल परिसर में भारी सुरक्षा-व्यवस्था और सीसीटीवी कैमरे लगे होने के बावजूद इन दोनों विदेशी नागरिकों के फरार हो जाने से जेल की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं. बताया गया कि पिछले साल फरवरी में दुमका जेल में सजा काटने के बाद 4 विदेशी नागरिकों को हजारीबाग की जेपी केंद्रीय कारा में शिफ्ट किया गया था.

जेल प्रशासन से मिली जानकारी के मुताबिक जेपी कारागार में बंद जो 2 विदेशी नागिरक फरार हुए हैं, उनकी सुरक्षा के लिए हवलदार सहित 5 जवानों की तैनाती की गई थी. लेकिन इन जवानों की आंखों में धूल झोंककर दोनों विदेशी नागिरक फिल्मी स्टाइल में जेल से भाग निकले. जेल के उपाधीक्षक चंद्रशेखर ने कहा कि दोनों कैदियों ने जेल से भागने के लिए खिड़की का रॉड काट डाला और फिर फरार हो गए. दोनों की सुरक्षा में लगे कर्मी जब उन्हें खाना देने गए, तब कैदियों के फरार होने का पता चला. तुरंत वरीय अधिकारियों को सूचना दी गई, जिस पर एसडीपीओ सदर मौके पर पहुंचे.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज