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    COVID-19: झारखंड में कोरोना संक्रमण के 185 नए मामले, संक्रमितों की संख्या 1,07,157 हुई

    झारखंड में तेजी से बढ़ रहा है कोरोना संक्रमण
    झारखंड में तेजी से बढ़ रहा है कोरोना संक्रमण

    Corona Cases in Jharkhand: झारखंड में 1,03,624 लोग अब तक ठीक होकर अपने घरों को लौट चुके हैं. इसके अलावा 2594 अन्य संक्रमितों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में जारी है. जबकि 939 लोगों की मौत हो चुकी है.

    • News18Hindi
    • Last Updated: November 21, 2020, 6:11 AM IST
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    रांची. झारखंड में कोरोना वायरस (Corona Virus) संक्रमण से दो और व्यक्तियों की मौत हुई जिससे मृतक संख्या बढ़कर 939 हो गयी, वहीं संक्रमण के 185 नये मामले सामने आने से संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 1,07,157 हो गयी. स्वास्थ्य विभाग की शुक्रवार रात जारी रिपोर्ट के अनुसार राज्य में पिछले 24 घंटो में दो मरीजों की मौत हो गयी जिससे राज्य में संक्रमण से मरने वालों की संख्या बढ़कर 939 हो गयी. झारखंड में 1,03,624 लोग अब तक ठीक होकर अपने घरों को लौट चुके हैं. इसके अलावा 2594 अन्य संक्रमितों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में जारी है. जबकि 939 लोगों की मौत हो चुकी है.

    कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए झारखंड सरकार ने रविवार देर रात दिशानिर्देश जारी कर कोविड-19 (COVID-19) महमारी के चलते पूरे राज्य में नदियों, तालाबों एवं अन्य जल स्रोतों के तट पर आयोजित होने वाली पवित्र छठ पूजा (Chhath Puja) और पूजा के अवसर पर संगीत कार्यक्रमों के आयोजन पर रोक (Ban) लगा दी.



    मुख्य सचिव सुखदेव सिंह की अध्यक्षता वाली राज्य आपदा प्रबंधन समिति ने रविवार देर रात्रि जारी नये दिशा निर्देशों में इस आशय की जानकारी दी. देर रात्रि जारी दिशा निर्देशों में कहा गया है कि राज्य में कोरोना वायरस के संक्रमण फैलने से रोकने के लिए सावधानी बरती जा रही है और छठ पर्व में चूंकि सभी लोग बड़ी संख्या में आसपास की नदी, तालाब एवं अन्य जल स्रोतों पर एकत्रित होते हैं और जल में सूर्योदय तथा सूर्यास्त पर स्नान करते हैं लिहाजा इससे लोगों में कोरोना संक्रमण के तेजी से फैलने की आशंका रहेगी.
    अधिसूचना में कहा गया है कि पानी के माध्यम से संक्रमण फैलने की आशंका के चलते ही राज्य में अब तक स्वीमिंग पूल नहीं खोले गये हैं. इसमें कहा गया है कि चूकिं छठ में लोगों को निश्चित समय पर ही जल स्रोतों में स्नान करना होता है. अतः भीड़ को क्रमशः स्नान करने के लिए नियंत्रित भी नहीं किया जा सकता है. इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने इस वर्ष सार्वजनिक तौर पर छठ पूजा करने और इसके आयोजना, सजावट आदि पर रोक लगाने का फैसला किया है.

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