कोरोना की तीसरी लहर से निपटने को रांची सदर अस्पताल में बनेंगे 60 बेड, मनोरंजन का भी इंतजाम

रांची में कोरोना की तीसरी लहर से निपटने की तैयारियों में जुटा स्वास्थ्य विभाग.

Corona Third Wave: कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए झारखंड में स्वास्थ्य विभाग ने इससे निपटने की तैयारियां शुरू कर दी हैं. इसके तहत रांची सदर अस्पताल में 40 ऑक्सीजन युक्त और 20 आईसीयू बेड तैयार किए जा रहे हैं.

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रांची. कोरोना की तीसरी लहर से बच्चों को खतरे की खबरों के मद्देनजर झारखंड में राज्य सरकार और स्वास्थ्य महकमा तैयारियों में जुट गया है. इन तैयारियों में रांची सदर अस्पताल को आगे रखा गया है. वहीं रिम्स ने भी अपने स्तर से तीसरी लहर को लेकर तैयारी तेज कर दी है. रांची जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने बाकायदा इसको लेकर रांची सदर अस्पताल में 60 बेड के चाइल्ड वार्ड की तैयारियों पर तेजी से काम शुरू कर दिया है.

कोरोना संक्रमण की रोकथाम को लेकर रांची के सदर अस्पताल के चाइल्ड वार्ड में 60 बेड तैयार किए जा रहे हैं. इसमें 40 बेड ऑक्सीजन सुविधा युक्त होंगे, वहीं 20 ICU बेड्स बनाए जा रहे हैं. बताया गया है कि अस्पताल में बच्चों के मनोरंजन के लिए भी तमाम सुविधाएं उपलब्ध होंगी. वार्ड में छोटे और बड़े दोनों बच्चों की सुविधाओं का खास ख्याल रखा जा रहा है. रांची के प्रभारी सिविल सर्जन विनोद कुमार ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है. उन्होंने कहा कि फिलहाल रिम्स को इसमें शामिल नहीं किया गया है.

डॉ. विनोद कुमार ने बताया कि रिम्स एक अलग गवर्निंग बॉडी है. इस लिहाज से सूबे के सबसे बड़े अस्पताल ने अपने स्तर और अपने संसाधनों से तीसरी लहर को लेकर मुकम्मल तैयारी शुरू कर दी है. रिम्स के रेजिडेंट डॉक्टर शिरिल के मुताबिक रिम्स के मल्टी स्टोरेज पार्किंग वार्ड को बच्चा आईसीयू वार्ड में तब्दील कर 330 बेड की योजना पर काम किया जा रहा है. इसके अलावा रिम्स में और भी तैयारियां की जा रही हैं. इसके तहत जहां मल्टी स्टोरेज पार्किंग वार्ड में 330 बेड की योजना है, वहीं पेडियाट्रिक वार्ड में 100 नॉर्मल बेड, 40 से 50 ऑक्सीजन बेड भी तैयार किए जा रहे हैं. वहीं, गायनिक के 2 वार्ड भी विशेष परिस्थितियों के लिए तैयार किए जा रहे हैं.