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झारखंड सरकार की नई शराब नीति से कारोबारियों में मचा हड़कंप, जानें क्या है वजह

झारखंड के व्यवसायियों ने सरकार की नई शराब नीति का विरोध किया है

झारखंड के व्यवसायियों ने सरकार की नई शराब नीति का विरोध किया है

Jharkhand Government Liquor Policy: झारखंड सरकार की नई उत्पाद नीति से राज्य भर के शराब कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ ह ...अधिक पढ़ें

रांची. झारखंड सरकार की नई उत्पाद नीति (Jharkhand Excise Policy) से राज्य भर के शराब कारोबारियों में हड़कंप पैदा हो गया है. शराब कारोबारियों (Liquor Suppliers) की मानें तो सरकार ने जो लक्ष्य दिया है उसे पूरा करना असंभव है. ऐसे में शराब के इस कारोबार में चलें तो आखिर कितनी दूर. हेमंत सोरेन कैबिनेट से नई उत्पाद नीति को मंजूरी मिलने के बाद राज्य भर के शराब कारोबारियों की नींद उड़ गई है. राजधानी के कई शराब कारोबारी उत्पाद कार्यालय में अपने लाइसेंस और बार के नवीनीकरण को लेकर चक्कर लगाते नजर आए.

दरअसल सरकार की ओर से खुदरा व्यापारियों को एक माह के लिए लाइसेंस के नवीनीकरण की अवधि विस्तार दिया जा रहा है जबकि बार संचालकों का लाइसेंस नवीनीकरण एक साल के लिए हो रहा है. झारखंड खुदरा शराब विक्रेता संघ ने साफ कहा कि सरकार ने जितना लक्ष्य दिया है उसे पूरा करना कारोबारियों के लिए संभव नहीं है और अगर ऐसा हो गया तो संघ के अध्यक्ष ने घोषणा की है कि वह अपने पेशाब से अपनी मूंछ मुड़वा लेंगे.

राज्य सरकार की इस शराब नीति के बाद राज्य के सबसे बड़े खुदरा शराब व्यापारी ने अपना लाइसेंस सरकार को सरेंडर कर दिया है. दरअसल झारखंड खुदरा शराब विक्रेता संघ ने सरकार की जिन नीतियों पर एतराज जताया है उसमें मुख्य रूप से शराब कारोबारियों के उत्पाद नीति पर सवाल, 6 करोड़ 60 लाख बल्क लीटर सालाना शराब और बीयर बेचने का सरकारी लक्ष्य, एक दिन में 1 लाख 80 हजार 821.91 बल्क लीटर शराब और बीयर बेचने का लक्ष्य है.

वर्तमान में 22 हजार 602 पेटी की राज्य भर में बिक्री है. शराब कारोबारियों ने कहा कि  JSVCL के बहाने शराब को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी है. 75 डिपो से घटाकर 5 डिपो करने पर भी कारोबारियों ने ऐतराज जताया है. राज्य भर में शराब की कुल 1454 खुदरा दुकानें हैं, इसमें रांची की बात करें तो 127 शराब दुकानों और 48 बार संचालकों को लाइसेंस नवीनीकरण का अवधि विस्तार दिया गया है. ऐसे में उत्पाद नीति के अनुसार दिए गए लक्ष्य को लेकर एसोसिएशन और सरकार के बीच ठनती नजर आ रही है, और बात मूंछ की प्रतिष्ठा तक पहुंच गई है.

Tags: Jharkhand news, Jharkhand News Live

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