सरकारी राशन नहीं मिलने से मरणासन्न स्थिति में पहुंचा वृद्ध, हाईकोर्ट ने डीसी से मांगा जवाब

हाईकोर्ट ने धनबाद डीसी को 24 घंटे के अंदर इस मामले में विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया है.

News18 Jharkhand
Updated: June 12, 2019, 7:10 PM IST
सरकारी राशन नहीं मिलने से मरणासन्न स्थिति में पहुंचा वृद्ध, हाईकोर्ट ने डीसी से मांगा जवाब
भूखमरी के कगार पर वृद्ध मुनिलाल यादव
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Updated: June 12, 2019, 7:10 PM IST
झारखंड हाईकोर्ट ने धनबाद के बाघमारा के 85 वर्षीय वृद्ध मुनिलाल यादव के मामले पर संज्ञान लेते हुए डीसी से जवाब मांगा है. मुनिलाल यादव की भूख से मरणासन्न स्थिति हो गई है. अधिवक्ता यशवर्धन सहाय ने इस मामले को उठाते हुए कोर्ट को बताया कि मुनिलाल को पिछले कई दिनों से खाना नहीं मिल रहा है. इस वजह से वह मरणासन्न हो गये हैं. उन्हें किसी प्रकार का सरकारी लाभ भी नहीं मिलता है. इसके बाद कोर्ट ने धनबाद डीसी को 24 घंटे के अंदर इस मामले में विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया है.

बाघमारा के अंगारपथरा लोडिंग धौड़ा निवासी मुनिलाल यादव आंख और कान से पूरी तरह लाचार हैं. जब न्यूज-18 की टीम ने उनसे मुलाकात की तो उन्होंने कहा कि जब से वह अक्षम हुए हैं, किसी और को भेजने पर पीडीएस दुकानदार उनका राशन नहीं देता है. इसलिए वह भूखे रहने को मजबूर हैं. कभी- कभार आस पास के लोग खाना दे देते हैं. उसी से उनका गुजारा चलता है. यहां तक कि उनका घर भी क्षतिग्रस्त हो चुका है. फिलहाल पड़ोसियों के रहमोकरम पर वह गोहाल में रह रहे हैं.



बाघमारा बीससूत्री उपाध्यक्ष गुरमीत सिंह की माने तो इस मामले में अधिकारियों का जवाब संतोषजनक नहीं है. जिस अवस्था में मुनिलाल हैं, इसको देखते हुए जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को पहल कर उन्हें राशन मिलने में आने वाली समस्याओं का समाधान करना चाहिए. वहीं स्थानीय पार्षद का कहना है कि मुनिलाल का शायद आधारकार्ड अपडेट नहीं होगा या फिंगर मैच की समस्या होगी. इसलिए राशन देने में समस्या आ रही है.

पूरे मामले पर धनबाद के एडीएम सप्लाई संदीप कुमार दोराई ने कहा कि मुनिलाल का लालकार्ड आधारकार्ड से लिंक नहीं होने के कारण दो साल पहले रद्द हो गया. अब जानकारी मिलने पर अधिकारियों से रिपोर्ट मांगा गया है. तत्काल उन्हें 20 किलो चावल और 500 रुपये दिये गये हैं. उनका लालकार्ड लिंक कराया जा रहा है.

इनपुट- नीरज व विभाष 

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