एक लड़की की जिद पर रेलवे को चलानी पड़ी राजधानी एक्सप्रेस, क्या है इस खबर का सच? पढ़ें Fact Check
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एक लड़की की जिद पर रेलवे को चलानी पड़ी राजधानी एक्सप्रेस, क्या है इस खबर का सच? पढ़ें Fact Check
रेलवे ने एक महिला यात्री के लिए राजधानी एक्सप्रेस चलाने की खबर का खंडन किया है.

रांची के अखबारों में ऐसी खबर छपी कि एक लड़की की जिद के चलते रेलवे (Railway) को 535 किलोमीटर राजधानी एक्सप्रेस (Rajdhani Express) चलानी पड़ी. लेकिन रेलवे ने इस खबर का खंडन किया है.

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रांची. झारखंड की मीडिया में ऐसी खबर सामने आई कि रेलवे (Railway) को एक महिला यात्री के लिए राजधानी एक्सप्रेस (Rajdhani Express) चलानी पड़ी. लेकिन इस खबर का रेलवे ने खंडन कर इसे गलत करार दिया है. रेलवे के मुताबिक टाना भगतों के संभावित आंदोलन को देखते हुए ट्रेन को डीटीओ में लाया गया था. तकनीकी कारणों से 3 सितम्बर को दोपहर बाद 3 बजे राजधानी एक्सप्रेस को डाल्टनगंज से गया-गोमो रूट से रांची तक चलाया गया. इसलिए इसका किसी यात्री की मांग से कोई लेना-देना नहीं है.

क्या छपी थी खबर?

दरअसल कुछ अखबारों में ये खबर छपी थी कि झारखंड में टाना भगतों के  आंदोलन के चलते कई ट्रेनें बीच रास्ते में ही फंस गईं. जिसके बाद रेलवे को यात्रियों को बसों से उनके गंतव्य तक भेजना पड़ा. ऐसे में डाल्टरगंज में फंसी एक छात्रा जिद पर अड़ गई कि वह बस से नहीं जाएगी. इसके बाद रेलवे ने उसके लिए राजधानी एक्सप्रेस चलवाई और उसे दूसरे रूट से घर भेजा.



खबर के मुताबिक बीएचयू में पढ़ने वाली एक छात्रा अपने घर आने के लिए पंडित दीनदयाल उपाध्याय रेलवे स्टेशन से रांची के लिए नई दिल्ली-रांची स्पेशल राजधानी एक्सप्रेस में बैठी. इस ट्रेन को टाना भगतों के रेलवे ट्रैक पर चल रहे आंदोलन के कारण डालटनगंज में रोक दी गई. कई घंटे बीत जाने के बाद भी जब आंदोलन नहीं खत्म हुआ तो रेलवे ने फैसला लिया कि वह यात्रियों को बस से भेजेगा. सभी यात्रियों के लिए बस मंगवाई गई और उन्हें इससे रवाना किया गया. लेकिन छात्रा ने बस से जाने से मना कर दिया. उसका कहना था कि जब उसने ट्रेन का टिकट लिया है तो वह बस से नहीं जाएगी. रेलवे अधिकारियों ने छात्रा काे काफी देर तक समझाया. इसके बाद भी जब वह नहीं मानी तो उसकी बात रेलवे मुख्यालय तक पहुंचाई गई. रेलवे अधिकारियों ने छात्रा को कार से रांची भेजने का प्रस्ताव रखा लेकिन वह तैयार नहीं हुई. वह जिद पर अड़ी रही कि राजधानी एक्सप्रेस से ही रांची जाएगी. काफी देर बाद तय हुआ कि छात्रा को राजधानी एक्सप्रेस से रांची भेजा जाए.
ट्रेन को डालटनगंज से सीधे रांची आना था. यह दूरी 308 किलोमीटर की है. लेकिन ट्रेन को गया-गोमो-बोकारो रूट से रांची रवाना किया गया. इसके चलते ट्रेन को 535 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ी. छात्रा की सुरक्षा के लिए आरपीएफ की महिला सिपाही को ट्रेन में तैनात किया गया था.

रेलवे ने किया खबर का खंडन

हालांकि अखबारों में छपी इस खबर को रेलवे ने गलत बताया है. रेलवे की ओर से खबर का खंडन करते हुए तकनीकी कारणों से रांची तक ट्रेन चलाने की बात कही गई.
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