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बुरुगुलीकेरा नरसंहार: पहले सुनाई मौत की सजा, फिर जंगल ले जाकर किया सिर कलम
West-Singhbum News in Hindi

News18 Jharkhand
Updated: January 23, 2020, 11:41 AM IST
बुरुगुलीकेरा नरसंहार: पहले सुनाई मौत की सजा, फिर जंगल ले जाकर किया सिर कलम
बरामद शवों को पोस्टमार्टम के लिए ले जाती पुलिस.

Burugulikera Massacre: पुलिस ने सुबह गांव से तीन किलोमीटर दूर जंगल से सभी के शव बरामद किए थे. चार अन्‍य लापता ग्रामीणों की तलाश की जा रही है.

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पश्चिमी सिंहभूम. जिले के गुदड़ी प्रखंड के बुरुगुलीकेरा गांव में हुए सामूहिक नरसंहार (Burugulikera Massacre) को लेकर परत दर परत खुलासे हो रहे हैं. जानकारी के मुताबिक, गत 16 जनवरी को मृतकों ने विरोधी पक्ष के लोगों के घरों में तोड़फोड़ की थी. इसके बाद 19 जनवरी को गांव में ग्रामसभा की बैठक बुलाई गई. इसी बैठक में तोड़फोड़ में शामिल नौ लोगों को मौत की सजा सुनाई गई. सजा सुनकर दो लोग मौके से भाग निकले, जिससे ग्रामीण गुस्से में आ गए और बाकी सात लोगों को पकड़कर उनको पीटकर अधमरा कर दिया. इसके बाद सातों को घसीटते हुए जंगल ले जाया गया, जहां हाथ-पैर बांधकर सभी का सिर कलम कर दिया गया.

गांव के पास जंगल से मिले सातों शव
पुलिस ने 22 जनवरी की सुबह गांव से तीन किलोमीटर दूर जंगल से सभी के शव बरामद किए. उनके धड़ और सिर अलग-अलग पाये गए. पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. इस मामले चार अन्य लापता ग्रामीणों की भी तलाश पुलिस तलाश कर रही है. गांव में पुलिस और सीआरपीएफ के दो से ज्यादा जवान कैंप कर रहे हैं. बुधवार सुबह 5 बजे एसपी इंद्रजीत महथा, डीसी अरवा राजकमल और सीआरपीएफ 60 बटालियन के कमांडेंट आनंद जेराई के नेतृत्व में सर्च ऑपरेशन चलाकर सातों शवों को पास के जंगल से बरामद किया गया.

तंग करता था जेम्स बूढ़- मुख्य आरोपी

पुलिस के मुताबिक, गांव में पूर्व मुखियापति रणसी बूढ़ और उपमुखिया पति जेम्स बूढ़ के बीच आपसी रंजिश था. रणसी बूढ़ आदिवासियों के एक पंथ को मानता है और पत्थलगड़ी का समर्थक है, जबकि जेम्स बूढ़ न तो रणसी के पंथ को मानता था और न ही पत्थलगड़ी का समर्थन करता था. हालांकि पुलिस इस मामले को अभी पत्थलगड़ी से जोड़कर बताने से कतरा रही है. घटना के बाद दोनों गुटों में भारी तनाव है.

घटना के बारे में मुख्य आरोपी रणसी बूढ़ का कहना है कि जेम्स और उसके समर्थक उन्हें काफी परेशान करते थे. 16 जनवरी को उनलोगों ने पांच घरों में तोड़फोड़ की थी और घरवालों से मारपीट की थी. 19 जनवरी को जेम्स बूढ़ और उसके 9 लोगों को बैठक में बुलाया गया, लेकिन बैठक शुरू होने से पहले दो लोग भाग गए, जिसके बाद जेम्स सहित 7 लोगों की हत्या कर शवों को जंगल में फेंक दिया गया.

हर एंगल से होगी जांच- एसपीएसपी इंद्रजीत महथा ने घटना के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि इस मामले में दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज होंगे. गांववालों ने मामले को पूरी तरह दबा दिया था, लेकिन पुलिस को 21 जनवरी को जैसे जानकारी मिली, जांच शुरू की गई और सभी शव बरामद किये गये. इस मामले की हर एंगल से जांच होगी. एसपी ने इस घटना को पत्थलगड़ी से जुड़ा मामला नहीं बताया. वहीं डीसी अरवा राजकमल ने कहा कि जघन्य अपराध हुआ है. मृतकों के परिजनों को सरकारी मुआवजा दिया जाएगा.

इनपुट- उपेन्द्र गुप्ता

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First published: January 23, 2020, 11:11 AM IST
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