दुनिया भर में इस्लाम के खिलाफ उभर रहे हैं जो आतंकवादी उनके बारे में जानिए

न्यूजीलैंड में मुसलमानों पर हमला करने वाले कौन हैं?

News18Hindi
Updated: March 16, 2019, 6:16 PM IST
दुनिया भर में इस्लाम के खिलाफ उभर रहे हैं जो आतंकवादी उनके बारे में जानिए
न्यूजीलैंड में मुसलमानों पर हमला करने वाले कौन हैं?
News18Hindi
Updated: March 16, 2019, 6:16 PM IST
पूरी दुनिया में एक नये तरह का आतंकवाद पनप रहा है. इसकी एक बानगी न्यूजीलैंड में दिखी. न्यूजीलैंड के क्राइस्टचर्च शहर की दो मस्जिदों में हुए हमले में 40 मुसलमानों के जान जाने की खबर है. इसे न्यूजीलैंड में पहला आतंकी हमला बताया गया. लेकिन इसमें आतंक की परिभाषा के एकदम उलट तथ्य सामने आए. एशियाई देशों, बल्कि पश्चिम के देशों में भी इस्लाम को मानने वालों को संदिग्‍ध नजरों से देखा जाता है. अमेरिकी एयरपोर्ट पर मुसलमानों की होने वाली जांच-पड़ताल आम है.

लेकिन न्यूजीलैंड में हुए हमले ने एक बार फिर से दुनियाभर में उभर रहे नये तरह के आंतकियों की ओर ध्यानाकर्षण करते हैं. आमतौर पर इन्हें दक्षिणपंथी आतंकवाद (Right-Wing Terrorism) कहा जाता है. आमतौर पर इनका उद्देश्य यह माना जाता है कि किसी देश में राष्ट्रवादी, फासीवादी सरकारें बनाई जाएं. इसके उदाहरण के तौर पर आमतौर पर इतालवी फासीवाद, जर्मनी के नाजीवाद से दिया जाता है. हालांकि नये आतंकवाद का स्वरूप एकदम वैसा ही है जैसी अब तक की आतंकी घटनाओं को अंजाम देने वाले संगठनों का रहा है. आइए जानते हैं कहां-कहां ऐसे आतंकी गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं.

न्यूजीलैंड में हमला करने वाला शख्स.




साउथ अफ्रीका में हुई थी बड़े राजनेता की हत्या

द‌क्षिण अफ्रीका में साउथ अफ्रीकन कम्यूनिस्ट पार्टी के महासचिव कृष हनी की 1933 में हत्या की गई थी. इसकी जिम्मेदारी एक एंटी-कम्यूनिस्ट संगठन ने लिया था. साल 2010 में साउथ अफ्रीका में राइट विंग टेरेरिस्‍ट का पूरा संगठन तैयार हो चुका था.

न्यूजीलैंड में बांग्लादेशी टीम पर हमला, ये हैं 10 बड़े आतंकी हमले जिसमें निशाना बने खिलाड़ी

अमेरिका में चरम पर हैं राइट विंग आतंक
Loading...

राइट विंग के आतंक का सबसे ज्यादा खौंफ अमेरिका में है. अमेरिका के ब्राजील, कोलंबिया, निकारागुआ यूनाइटेड स्‍टेट में साल 2001 से करीब हर साल एक दो बड़े हमले होते हैं. इसके जिम्मेदार राइट विंग कट्टरपंथी होते हैं.

एक रिपोर्ट के अनुसार वहां पर अल्फा 66 व ओमेगा 7, एनिमल लिबरेशन फ्रंट, आर्यन नेशन्स, आर्मी ऑफ गॉड, ब्लैक लिबरेशन आर्मी, द आर्म ऑफ लॉर्ड, अर्थ लिबरेशन फ्रंट, जेविश डिफेंस लीग, कू क्लूक्स क्लान, मे 19 कम्यूनिस्ट ऑर्गनाइजेशन, दी ऑर्डर, स‌िंब‌ियोनिस लिबरेशन आर्मी, यूनाइटेड फ्रीडम फ्रंट, वेदरमैन सरीखे राइट विंग टेरेरिज्म का नेतृत्व करते हैं.

यूरोप में फल-फूल रहा है राइट विंग कट्टरपंथ संगठन
यूरोप के करीब सभी प्रमुख देशों में द‌िक्षण पंथी कट्टरवादी संगठन तेजी से उभर रहे हैं और दुनियाभर में इस्लाम के मानने वालों के लिए आतंकी गतिविध‌ियों को अंजाम दे रहे हैं. इन देशों में फ्रांस, डेनमार्क, इटली, नार्वे, पोलैंड, यूनाइटेड किंगडम, आयरलैंड, स्वीडन प्रमुख हैं. इन देशों के कई बड़ी घटनाओं को बीते करीब पांच सालों में अंजाम दिया गया है.

इस तरीके से हर बार चुनाव जीत जाते हैं किम जोंग, जानें इस बार कितने वोट मिले?

ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड पसार रहे हैं पांव
ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड ऐसी घटनाओं से अछूते रहे थे. लेकिन ऑस्ट्रेलिया में अगस्त 2016 में फिलिप गेलेवा को कई आतंकी घटनाओं में लिप्त होने के आरोपों में पकड़े गए. सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड की खबर के अनुसार वह यूनाइटेड पेट्रियॉट फ्रंट से संबंधित थे. यह एक दक्षिणपंथी कट्टरपंथी संस्‍था है. न्यूजीलैंड में हुआ हालिया यह पहली घटना थी.

दक्षिणपंथ कट्टरवाद से एशिया भी अछूता नहीं
एशिया में आतंकी घटनाओं से त्रस्त लोगों का ध्यान जल्दी इस दिशा में नहीं जाता. लेकिन अब एशियाई देशों में दक्षिणपंथ कट्टरवादी संगठन तेजी से बढ़ रहे हैं. रूस के बाद ऐसे संगठन तेजी से भारत और चीन में भी फैल रहे हैं.

39 सालों में भाजपा कैसे 0 से 20 राज्यों की सत्ता तक पहुंची?
Loading...

और भी देखें

पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...