दुनिया की आठ बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक्स में म्यांमार में भारतीय सेना का आपरेशन भी

म्यांमार में भारतीय सैनिकों का नागा आतंकियों के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक
म्यांमार में भारतीय सैनिकों का नागा आतंकियों के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक

दुनिया के सबसे बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक्स में कुछ तो सफल रहीं लेकिन कुछ जबरदस्त तरीके से नाकामी रहीं

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कांग्रेस द्वारा यूपीए के शासनकाल में सात सर्जिकल स्ट्राइक की लिस्ट जारी किए जाने के बाद इस तरह के आपरेशन फिर चर्चा में हैं. समय-समय पर दुनिया भर में सर्जिकल स्ट्राइक्स के जरिए कुछ आपरेशंस को अंजाम दिया गया है. जानते हैं दुनिया की सबसे बड़ी आठ सर्जिकल स्ट्राइक्स के बारे में.

1. म्यांमार में भारतीय सेना का आपरेशन
जून 2015 में 70 भारतीय सैनिक कमांडो की टुकड़ी म्यांमार के जंगलों में एक खास सर्जिकल स्ट्राइक करने पहुंची. 40 मिनट के इस आपरेशन में 38 नागा आतंकियों को मार गिराया गया जबकि सात घायल हो गए.

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इस स्ट्राइक को आपरेशन के महज कुछ घंटे पहले तैयार किया गया था. दरअसल नागा आतंकियों ने 4 जून 2015 को मणिपुर के चंदेल में घात लगाकर 18 भारतीय सैनिकों को मार दिया था. इसके बाद तुरत फुरत इस सर्जिकल स्ट्राइक की तैयारी की गई. कमांडो सैनिकों ने मणिपुर से म्यांमार में प्रवेश किया. चुपचाप जंगलों में पहुंचे. फिर देखते ही देखते उन्होंने नागा आतंकियों को कोई मौका दिए बगैर उन पर हमला बोल दिया. इसमें कोई भी भारतीय सैनिक हताहत नहीं हुआ.



म्यांमार में भारतीय सैनिकों की सर्जिकल स्ट्राइक


2. पाकिस्तान में घुसकर लादेन को पकड़ना
मई 2011 में अमेरिका की स्पेशल फोर्स ने पाकिस्तान के एबटाबाद में आईएसआई के सबसे सुरक्षित भवन पर हमला कर दिया. ये सैनिक इतने गुपचुप वहां दाखिल हुए थे कि पाकिस्तान सरकार को भी इसकी भनक नहीं थी. इस मकान में अल कायदा का प्रमुख ओसामा बिन लादेन छिपकर अपने परिवार के साथ रह रहा था.
ये पूरा आपरेशन सीआईए की अगुआई में हुआ. इस आपरेशन का कोड नाम नेपच्युन स्पीयर्स था. जिसे अमेरिकी नेवी के सील्स कमांडो ने किया था.

सीआईए की अगुआई में अमेरिका ने परफेक्ट तरीके से लादेन को पकड़ने के लिए सर्जिकल स्ट्राइक की थी


3. उगांडा के एंतिबी पर छापा
ये दुनिया की सबसे ऐतिहासिक क्लिनिकल सर्जिकल स्ट्राइक थी. इसमें इजरायल की सेना ने युंगाडा के एंतिबी एयरपोर्ट पर बंधक बनाए गए लोगों को छुड़ाया था.
जून 1976 में फिलिस्तीन के पीपुल्स फ्रंट फॉर द लिबरेशन ऑफ फिलिस्तीन ने एयर फ्रांस के विमान को हाईजैक कर लिया. उन्होंने इस विमान को युगांडा के एंतिबी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर उतरने के लिए मजबूत किया. तब युंगाडा पर ईदी अमीन का शासन था. उन्होंने विमान यात्रियों को रिहा कराने के लिए कोई पहल नहीं की. तब इजरायल की सेना को इसमें दखल देना पड़ा.

क्या होती है सर्जिकल स्टाइक, तैयारी में लगता है कितना समय

इस सर्जिकल स्ट्राइक में इजरायल 100 कमांडो दस्ते के साथ पहुंचा. एयरपोर्ट पर पहुंचते ही इन कमांडो ने आपरेशन शुरू किया. ये सर्जिकल स्ट्राइक इतनी सधी और तेज थी कि विमान अपहर्ता ज्यादा कुछ समझ ही नहीं पाए. सभी अपहर्ताओं को मार दिया गया. तीन को छोड़कर सभी विमानयात्रियों को बचा लिया गया.

एंतिबी इंटरनेशनल हवाई अड्डे पर जब इजरायल के कमांडो ने फ्रांस के विमान यात्रियों को रिहा कराया तो लोगों ने उन्हें कंधे पर उठा लिया


4. उस सर्जिकल स्ट्राइक में अमेरिका की हार हुई
1961 में अमेरिका के राष्ट्रपति जॉन एफ कैनेडी ने क्यूबा में सीआईए को हमला करने का आदेश दिया. इस पूरे आपरेशन में बे ऑफ पिग्स में निर्वासन में भेजे गए 1400 क्यूबाइयों को भी शामिल होना था. कुल मिलाकर इस स्ट्राइक का उद्देश्य फिदेल कास्त्रो सरकार को गद्दी से उखाड़ा फेंकना था. लेकिन उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ा. सौ सैनिक मारे गए. इसके बाद 1200 निर्वासित क्यूबाइयों को बंदी बना लिया गया.

5. आपरेशन ईगल क्ला, ईरान
नवंबर 1979 में कुछ ईरानी स्टूडेंट्स ने तेहरान में स्थित अमेरिकी दूतावास में मौजूद 53 अमेरिकियों को उस परिसर में ही बंधक बना लिया. तब अमेरिकी राष्ट्रपति जिमी कार्टर को सीक्रेट बचाव मिशन पर काम करना पड़ा.
हालांकि ये सर्जिकल स्ट्राइक, जिसका नाम आपरेशन ईगल क्ला था, पूरी तरह नाकाम रहा. इस आपरेशन के लिए रवाना हुई अमेरिका की स्पेशल फोर्स रेतीले तूफान में फंस गई. जब वो बंधकों को निकालने वाले थे, तो आग लग गई. उनका हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया. जिसके चलते आठ अमेरिकी सैनिक मारे गए और किसी भी बंधक को अमेरिकी दूतावास से निकाला नहीं जा सका. इस नाकामी के चलते जिमी कार्टर को अपना पद गंवाना पड़ा.

6. आपरेशन निफ्टी पैकेज, पनामा
1989 में अमेरिका ने पनामा के डिक्टेटर मैन्युअल नोरिएगा को बचाकर निकालने के लिए एक सर्जिकल स्ट्राइक की प्लानिंग बनाई. जिसका अंत फिल्मी तरीके से हुआ. अमेरिकी नेवी के सील्स कमांडो ने उन्हें निकालकर पनामा सिटी के रोमन कैथोलिक चर्च तक पहुंचाया लेकिन जबरदस्त फायरिंग के बाद नोरिएगा को आत्मसमर्पण करना पड़ा.

7. सोमालिया का ब्लैक हॉक डाउन आपरेशन
1993 में अमेरिका की स्पेशल फोर्सेज ने सोमालिया के विद्रोही नेता फराह ईदीद को बंदी बना लिया. लेकिन इसके बाद जवाबी कार्रवाई उन पर भारी पड़ी. उनके दो ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टर्स मार गिराये गए थे. इस आपरेशन में 18 अमेरिकी सैनिक मारे गए थे. जबकि 70 घायल हो गए. उन्हे ईदीद को रिहा करना पड़ा. आपरेशन नाकाम हो गया. इस पर फिर एक फिल्म ब्लैक हॉक डाउन भी बनी.

8. खालिद शेख मोहम्मद को पाकिस्तान में पकड़ना
मार्च 2003 में सीआईए ने पाकिस्तान में सर्जिकल स्ट्राइक की. टारगेट था 9/11.के साजिशकर्ता खालिद शेख मोहम्मद समेत तीन आतंकियों को पकड़ना. ये सर्जिकल स्ट्राइक अमेरिकी की इंटेलिजेंस एजेंसी सीआईए की अगुआई में हुई. रावलपिंडी में छापा मारकर खालिद शेख और अन्य आतंकियों को पकड़ लिया गया. उन्हें वहां गुआनतामो जेल ले जाया गया.

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