जन्मदिन विशेष: परफेक्शन के लिए 40 की उम्र में सीखा था NTR ने कुचिपुड़ी नृत्य

एनटीआर (NT Rama Rao) की धार्मिक फिल्मों में कृष्ण भगवान का किरदार सबसे ज्यादा लोकप्रिय था. (फाइल फोटो)

एनटीआर (NT Rama Rao) की धार्मिक फिल्मों में कृष्ण भगवान का किरदार सबसे ज्यादा लोकप्रिय था. (फाइल फोटो)

एनटी रामाराव (NT Rama Rao) का अपने काम के प्रति जुनून काबिले तारीफ था. उन्होंने फिल्म में एक भूमिका के लिए 40 की उम्र में कुचिपुड़ी (Kuchipudi) नृत्य सीखा था.

  • Share this:

दक्षिण भारत के फिल्मी दुनिया और राजनीति में एनटी रामाराव (NT Rama Rao) का नाम बहुत ही सम्मान से लिया जाता है. तेलुगु फिल्मों (Telugu Movies) में बहुत ही गहरी छाप छोड़ने वाले एनटी रामाराव ने अपने फिल्मी जीवन में बहुत से पौराणिक किरदार (Mythological Characters) किए लेकिन फिल्म हो या राजनैतिक जीवन उन्होंने अपनी हर भूमिका के साथ पूरा पूरा न्याय किया और हमेशा सफल रहे. काम के प्रति उनका जुनून ही था जिसने उन्हें लोकप्रियता की चुंबक बना रखा था.

बचपन से ही एक्टिंग का शौक

नन्दमूरि तारक रामाराव या एनटी रामाराव या एनटीआर का जन्म 28 मई 1923 को आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले के गुडिवादा तालुका के निम्माकुरू गांव में हुआ था उनके मामा ने उन्हें गोद लिया था. एनटीआर का स्कूल के दिनों से ही एक्टिंग के प्रति रुझान था. स्कूल में अपने पहले प्ले में उन्होंने एक महिला का किरदार निभाया था. 1949 में ‘माना देशम’ नाम फिल्म से उनका फिल्मी सफर की शुरुआत हुई थी उन्होंने ज्यादातर धार्मिक फिल्में की जिसमें से 17 फिल्मों में उन्होंने कृष्ण का किरदार निभाया था.

केवल धार्मिक फिल्में ही नहीं
एनटीआर ने बहुत सी धार्मिक फिल्में जरूर की थीं. उनकी पहली धार्मिक फिल्म उनके फिल्मों में आने के 8 साल बाद आई और एक समय के बाद उन्होंने धार्मिक किरदार करना छोड़ दिया था.  बाद में एक आधुनिक युवा हीरो के किरदार ही करना शुरू कर दिया था तो ऐसे में यह बात सच नहीं लगती कि उन्हें धार्मिक किरदार पसंद थे.

NT Rama Rao, NTR Birthday, Birthday NT Rama Rao, Happy Birhtday NT Rama Rao, Andhra Pradesh, Telugu, Film Star, Politician, Happy Birthday NTR
एनटीआर (NT Rama Rao) को बचपन से ही एक्टिंग का शौक रहा था. (फाइल फोटो)

काम के प्रति जुनून



एनटीआर के धार्मिक किरदार बहुत ही लोकप्रिय रहे. लेकिन उन्होंने अपने हर किरदार पर  पूरी प्रतिबद्धता से काम किया. अपने फिल्मी जीवन में वे एक ही तरह के किरदार में खुद को ढलने से बचाते भी दिखते हैं और कई बार अपनी स्थापित इमेजद को भी तोड़ते दिखते हैं.  उन्होंने अपने नाट्यशाला फिल्म के किरदार की खातिर ही 40 साल की उम्र में मशहूर कुचिपुड़ी नृतक वेमपति चिन्ना सत्यम से नृत्य सीखा.

जानिए गुरुदेव रबींद्रनाथ ठाकुर के बारे में कुछ खास बातें

जननायक की भूमिकाएं

एनटीआर अपने फिल्मी सफर के उत्तरार्ध में जननायक के तौर पर दिखने लगे थे. इसी दौरान उन्होंने अनुभव या प्रशिक्षण के फिल्मों में पटकथा लिखना भी शुरू किया और इस भूमिका में भी पूरी तरह से सफल हुए. निर्माता के तौर पर उनकी वित्तीय कार्यकुशलता के खासे चर्चे हुआ करते हैं. यह सब कुछ उन्हें एक कुशल राजनीतिज्ञ जीवन में बहुत काम आया.

NT Rama Rao, NTR Birthday, Birthday NT Rama Rao, Happy Birhtday NT Rama Rao, Andhra Pradesh, Telugu, Film Star, Politician, Happy Birthday NTR
एनटीआर (NT Rama Rao) ने राजनैतिक जीवन सहित जीवन में भी काम के प्रति वही जुनून रखा जो उनका फिल्मों के प्रति रहा करता था. (फाइल फोटो)

राजनीति में आने की वजह एक अपमान?

बताया जाता है कि 1982 में  एक बार एनटीआर नेलार के एक सरकारी गेस्ट हाउस में गए तो उन्हें कमरा नहीं मिल रहा था. उस गेस्ट हाउस में एक ही कमरा खाली था जो पहले से किसी नेता के लिए बुक था. वे नेता उस समय तक गेस्ट हाउस पहुंचे नहीं थे. एनटीआर ने अपनी जिद से गेस्ट हाउस का वह कमरा खुलवा लिया लेकिन  लेकिन इसी बीच मंत्री महोदय आ पहुंचे और रामाराव को कथित तौर पर अपमानित होकर कमरा छोड़ना पड़ा था. कहा जाता है कि एनटीआर ने इस अपमान के बाद ही राजनीति में आने का फैसला किया.

कैसे रची गई थी राजीव गांधी हत्या की साजिश, जानिए पूरी कहानी

एनटीआर इतने लोकप्रिय थे कि लोग उन्हें देवता की तरह मानते थे. लोगों के बीच उनकी फिल्मों की तरह ही उनकी राजनीति भी लोकप्रिय रही. 1983 से 1994 के बीच वह तीन बार आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री बने. एनटी रामा राव लोकप्रियता का आलम यह था कि इंदिरा गांधी की हत्या के बाद जब पूरे देश में कांग्रेस की लहर थी तब बस आंध्र-प्रदेश में कांग्रेस नहीं जीत पाई. इतना ही नहीं तेलुगु देशम लोक सभा में मुख्य विपक्षी दल भी बन गया.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज