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हमारी ही गैलेक्सी में हुई खास विस्फोट की घटना, मिल सकते हैं अहम सवालों के जवाब

हमारी ही गैलेक्सी में हुई खास विस्फोट की घटना, मिल सकते हैं अहम सवालों के जवाब

मुक्त गिरावट का सौर्वभौमिक सिद्धांत का अंतरिक्ष में उदाहरण पहली बार देखने को मिला.

मुक्त गिरावट का सौर्वभौमिक सिद्धांत का अंतरिक्ष में उदाहरण पहली बार देखने को मिला.

हमारी ही गैलेक्सी, मिल्की वे (Milky Way) में एक मैग्नेटर तारे में फास्ट रेडियो बर्स्ट (Fast Radio Bursts) की घटना के होने के ठोस संकेत मिले हैं जो खगोलविदों को अहम जानकारी दे सकते हैं.

नई दिल्ली: खगोलीय घटनाओं पर अब वैज्ञानिक पैनी निगाहें रखने लगे हैं. खगोलीय पिंडों के बीच होने वाली दुर्लभ घटनाएं उन्हें वे जानकारी दे देती हैं जिन्हें आमतौर पर हासिल करना नामुमकिन होता है. इसी तरह की एक घटना को हाल ही में वैज्ञानिकों ने देखा है जो उन्हें अंतरिक्ष से सबंधित कई सवालों का जवाब दे सकती है. उन्हें अंतरिक्ष में बहुत ही ताकतवर रेडियो संकेत (Radio Signals) मिले हैं.

हमारी ही आकाशगंगा से आए थे रेडियो संकेत
हमारी ही मिल्कीवेआकाशगंगा (Milky way Galaxy) में एक मैग्नेटर (Magnetar) तारे से इस तरह के संकेत आए हैं. SGR 1935+2154 नाम के इस मैग्नेटर से आए संकेत खगोलविदों को शक्तिशाली रेडियो संकेतों के रहस्य को सुलझाने में मददगार हो सकते हैं जो सालों से उनके लिए एक रहस्य बना हुआ था.

बहुत कम समय में मिली अति चमकदार तरंगें
हमारी धरती से करीब 30 हजार प्रकाश वर्ष दूर एक मृत तारे से रेडियो संकेत मिले. 28 अप्रैल 2020 को दुनिया की सभी रेडियो ऑबजर्वेटरी ने केवल मिली सेंकेड तक इन संकेतों को दर्ज किया. लेकिन ये संकेत बहुत चमकदार रोडियो तरंगों के विस्फोट के तौर पर दर्ज हुए. ये दूसरी आकाशगंगा से भी आते तो पकड़ में आ सकते थे.

फास्ट रेडियो बर्स्ट
इसी समय दुनिया भर की और अंतरिक्ष में मौजूद एक्स रेऑबजर्वेटरी ने भी एक बहुत चमकीली एक्स रे किरणों को दर्ज किया. फिलहाल अभी इस पर ज्यादा अध्ययन नहीं हुआ है, फिर भी बहुत से खगोलविद इस बात पर सहमत हैं कि यह एक फास्ट रेडियो बर्स्ट (Fast Radio Bursts, FRBs). का स्रोत बिंदु हो सकता है.

मेग्नेटर तारा है इसका उद्गम
कैल्टेक के खगोलविद श्रीनिवास कुलकर्णी का कहना है कि बहुत लोगों का मानना है कि यह मेग्नेटर्स से आने वाले एफआरबी का उद्गम हो सकता है. कुलकर्णी STARE2 सर्वे की उस टीम के सदस्य थे जिसने रेडियो संकेतों को पकड़ा है.

Galaxy
अब तक ये फास्ट रेेडियो बर्स्ट बाहर की आकाशगंगा से आते रहे हैं.


बहुत ही ज्यादा शक्तिशाली तरंगें होती हैं ये
ब्रह्माण्ड में एफबीआर कौतूहल पैदा करने वाले रहस्यों में से एक हैं. लाखों प्रकाशवर्ष दूर पैदा होने वाली ये बहुत ही शक्तिशाली रेडियो तरंगे होती हैं. इनमें से कुछ  50 करोड़ सूर्यों से भी ज्यादा ऊर्जा उत्सर्जित करते हैं. इसके बाद भी इनका समय बहुत ही कम, केवल कुछ ही मिली सेकेंड का ही होता है. इनमें से ज्यादातर का दोहराव नहीं होता इसलिए इन्हें पकड़ना और समझना बहुत ही मुश्किल है.

क्या है इसकी चर्चित व्याख्या
इस घटना की कई तरह की व्याख्याएं की जा रही हैं. इसमें सुपरनोवा से एलिन तक शामिल हैं. लेकिन एक संभावना ने शोधकर्ताओं का ध्यान खींचा है कि ये एफआरबी मैग्नेटर से पैदा हुई हैं. मैग्रनेटर वह न्यूट्रॉन तारा होता है जो जिसकी चुंबकीय शक्ति बहुत ज्यादा होती है. उनमें आम न्यूट्रॉन स्टार से एक हजार गुना शक्तिशाली होते हैं. मैग्नेटर इस अवस्था में कैसे पहुंचे कि उन्होंने इतनी ऊर्जा उत्सर्जित की, यह अभी पता नहीं लगा है.

कैसे पैदा होती हैं इतनी ऊर्जा
कुलकर्णी ने कहा कि जहां गुरुत्वाकर्षण शक्ति तारे को एक साथ रखती है जो अंदर की ओर जाने वाला बल होता है. लेकिन चुंबकत्व क्षेत्र (Magnetic Field)  इतनी शक्तिशाली होती है कि वह तारे का आकार बदल देती है. इससे दोनों बलों में तनाव होता है जो कभी-कभी बड़े भूकंप और लपटें पैदा कर देता है.

अचानक हुआ असामान्य बर्ताव
खगोलविदों ने 27अप्रैल को SGR 1935+2154 का सामान्य बर्ताव अनुभव किया.लेकिन अगले दिन एक अभूतपूर्व घटना को होते पाया. यह इतने शक्तिशाली संकेत थे कि उन्हें मापा नहीं जा सका. लेकिन TARE2 सर्वे ने इन संकेतों को साफ पकड़ लिया जो लाखों गुना ज्यादा प्रभाव वाले संकेत थे.

मैग्नेटर और एफआरबी का संबंध
इन संकेतों के साथ एक्स रे किरणों का भी आना एक असामान्य बात थी. ऐसा मैग्नेटर विस्फोट में आम बात है. वे रेडियो तरंगों के बजाय एक्स रे या गामा किरणें ज्याद उत्सर्जित करते हैं. इन दोनों घटनाओं का एक साथ होना मेग्नेटर का एफआरबी से संबंध स्थापित करता है.

काफी कुछ मिल सकता है इस जानकारी से
अभी इस विस्फोट के स्पैक्ट्रम का विश्लेषण बाकी है. खास तौर पर देखना कि यह विस्फोट सुदूर आकाशगंगा से आने वाले रेडियो संकेतों से कितना अलग है.  बहराल जो भी हो यह घटना खगोलविदों के लिए एक खास मौका जरूर है अंतरिक्ष की घटनों को और गहराई से जानने के लिए.

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Tags: Galaxy, Research, Science, Space

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