जानें एंजेला मर्केल के बाद कौन हो सकता है जर्मनी का अगला चांसलर?

जानें एंजेला मर्केल के बाद कौन हो सकता है जर्मनी का अगला चांसलर?
जर्मनी में एंजेला मर्केल के बाद अगले चांसलर को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है.

जर्मनी में एंजेला मर्केल (Angela Merkel) के बाद चांसलर पद की दौड़ में शामिल लोगों पर बहस फिर तेज हो गई है. इनमें बवेरिया राज्य के मुख्यमंत्री मारकस जोडर (Markus Soder) सबसे आगे नजर आ रहे हैं. कोरोना संकट (Coronavirus) पर हुई बैठकों में वह अकसर मर्केल के साथ नजर आते रहे हैं.

  • Share this:
  • fb
  • twitter
  • linkedin
जर्मनी में एंजेला मर्केल (Angela Merkel) के बाद अगले चांसलर को लेकर फरवरी में चर्चा शुरू हो गई थी, लेकिन कोरोना वायरस (Coronavirus) की वजह से मची तबाही के कारण मुद्दा ठंडे बस्‍ते में चला गया. अब एक बार फिर जर्मनी के अगले चांसलर (German Chancellor) और देश के शीर्ष पद के दावेदारों को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं. इस दौड़ में बवेरिया के मुख्‍यमंत्री मारकस जोडर (Markus Soder) सबसे आगे नजर आ रहे हैं. वह क्रिश्चियन सोशल यूनियन (CSU) पार्टी के प्रमुख हैं, जो चांसलर मर्केल की क्रिश्चियन डेमोक्रेटिक यूनियन (CDU) की सहयोगी पार्टी है. जोडर राज्यों के मुख्यमंत्रियों की उस परिषद के प्रमुख भी हैं, जिसकी सलाह पर जर्मनी की सरकार कोरोना लॉकडाउन के लिए उठाए जाने वाले कदमों पर फैसला किया था. जोडर कोरोना संकट पर हुई अहम बैठकों में चांसलर मर्केल के साथ दिखने वाले नियमित लोगों में शामिल रहे हैं.

सिर्फ बवेरिया में सक्रिय पार्टी के महासचिव हैं मारकस जोडर
सीएसयू पार्टी सिर्फ बवेरिया में सक्रिय है. इस प्रांत में सीडीयू की कोई यूनिट नहीं है. बवेरिया में 1957 से लगातार सीएसयू पार्टी के मुख्यमंत्री के नेतृत्व में ही सरकार बन रही है. जोडर मार्च 2018 में बवेरिया के मुख्यमंत्री बने थे. यहां तक पहुंचने के लिए उन्हें लंबा संघर्ष करना पड़ा. वह 2003 में ही सीएसयू के महासचिव बन गए थे. इसके बाद 2007 तक इसी पद पर रहे. इसके बाद वह बवेरिया की कैबिनेट में कई पदों पर रहे. आखिरकार मार्च 2018 में राज्य सरकार की कमान उनके हाथों में आई. लंबे समय से जोडर के प्रतिद्वंद्वी रहे हॉर्स्ट जेहोफर ने केंद्रीय सरकार में गृह मंत्री का पद संभालने के लिए मुख्यमंत्री पद छोड़ा. बाद में उन्होंने पार्टी अध्यक्ष पद भी जोडर के लिए छोड़ दिया.

बवेरिया प्रांत के मुख्‍यमंत्री मारकस जोडर चांसलर पद की दौड़ में सबसे आगे नजर आ रहे हैं.




सीएसयू के नेता जोडर को माना जाता है महत्‍वाकांक्षी नेता


लेखक रोमान डाइनिंगर की किताब 'द सीएसयू-पोट्रेट ऑफ ए स्पेशल पार्टी' में मारकस जोडर का जिक्र सैकड़ों बार आता है. उन्‍होंने उनके नाम के साथ पहला विशेषण महात्वाकांक्षी नेता जोड़ा है. दरअसल, हाल के सालों में कई बार पार्टी सम्मलेनों में वह कार्यकर्ताओं को याद दिलाते देखे गए कि नेतृत्व मिलने के इंतजार में वह थक गए थे. हालांकि, जब उन्हें पद मिला तो वह नए जोश के साथ उसे निभाने में लग गए. सत्ता की बाडगोर मिलने से पहले ही जोडर ने साबित कर दिया था कि वह अच्‍छे वक्ता हैं. कभी पत्रकार रह चुके जोडर जनता की नब्ज पहचानने वाले नेता माने जाते हैं. अक्टूबर 2018 में बवेरिया के चुनावों में सीएसयू ने 36.7 फीसदी वोट के साथ सबसे खराब प्रदर्शन किया. इसके बाद जोडर को प्रतिद्वंद्वी पार्टी फ्राई वेलर के साथ मिलकर सरकार बनानी पड़ी. जोडर बहुत जल्द चांसलर मर्केल के मजबूत पार्टनर बन गए.

कोराना संकट में लोकप्रिय नेताओं में शामिल हो गए जोडर
कोरोना संकट के दौरान तो जोडर जर्मनी के सबसे लोकप्रिय राजनेताओं में शामिल हो गया. दरअसल, उन्होंने संक्रमण फैलने की शुरुआत में ही स्कूल-कॉलेज से लेकर पेशेवर फुटबॉल टूर्नामेंट तक बंद कर दिए. इस मामले में वह दूसरे राज्यों के मुख्यमंत्रियों से बहुत आगे रहे. डीडब्‍ल्‍यू की रिपोर्ट के मुताबिक, मर्केल के बाद चांसलर पद की दावेदारी ठोक चुके नॉर्थ राइनवेस्टफेलिया प्रांत के सीएम आरमिन लाशेट इस मामले में पिछड़ गए. अभी पक्के तौर से नहीं कहा जा सकता कि जोडर सीडीयू-सीएसयू गठबंधन की तरफ से चांसलर पद के उम्मदीवार बनेंगे. सीडीयू एक तो सीएसयू के मुकाबले बहुत बड़ी पार्टी है, दूसरे सीडीयू के अंदर भी मर्केल की जगह लेने के लिए घमासान है.

एंजेला मर्केल के बाद जर्मनी के अगले चांसलर की दौड़ में जोडर के अलावा स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री येंस स्‍पन, सांसद नॉर्बर्ट रोटगन और सीडीयू के ताकतवर नेता आरमिन लाशेट भी शामिल हैं.


जोडर के अलावा ये नेता भी हैं शीर्ष पद की दौड़ में शामिल
पार्टी के वरिष्ठ और ताकतवर नेता आरमिन लाशेट (Armin Laschet) के अलावा कारोबारी फ्रीडरिश मर्स और सांसद नॉर्बर्ट रोटगन (Norbert Rottgen) जैसे नेता दौड़ में शामिल हैं. हालांकि, ये सभी नेता कुछ महीनों से शांत थे, लेकिन अब उन्होंने इंटरव्यू देने शुरू कर दिए हैं. वहीं, नूरेमबर्ग में जन्मे जोडर बार-बार कहते रहे हैं कि वह चांसलर पद की दौड़ में शामिल नहीं हैं. हालांकि, 53 साल के जोडर सभी नेताओं में सबसे युवा हैं. मार्त्स 64 साल के हैं तो लाशेट 59 और रोएटगेन 54 साल के हैं. वहीं, जोडर को येंस स्पन (Jens Spahn) का सामना भी करना पड़ सकता है. वह जर्मनी के स्वास्थ्य मंत्री हैं. उनकी उम्र महज 40 साल है. वह भी एंजेला मर्केल के बाद जर्मनी का नेतृत्व संभालने में दिलचस्पी दिखा चुके हैं.

ये भी देखें:

सीडीसी ने कहा, सतह पर मौजूद कोरोना वायरस आसानी से नहीं फैला सकता संक्रमण

कोरोना वायरस के मरीजों में बन रहे खून के थक्‍कों ने बढ़ाया मौत का खतरा

भगत सिंह 19 साल के इस क्रांतिकारी को मानते थे अपना गुरु, ताउम्र साथ रखी उनकी तस्‍वीर

आंखें कमजोर होने पर चश्‍मा लगाने की जरूरत खत्‍म, ऐसे बदले जा सकते हैं प्राकृतिक लेंस

जानें कौन-कौन से देश कोरोना वायरस की वैक्‍सीन बनाने के पहुंच गए हैं बहुत करीब
First published: May 25, 2020, 1:06 AM IST
अगली ख़बर

फोटो

corona virus btn
corona virus btn
Loading