फिर टला NASA का महत्वाकांक्षी रोवर प्रक्षेपण, जानिए क्या है वजह

फिर टला NASA  का महत्वाकांक्षी रोवर प्रक्षेपण, जानिए क्या है वजह
नासा का पर्सिवियरेंस रोवर का प्रक्षेपण अब इस महीने होने की संभावना नहीं हैं. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

नासा (NASA) का पर्सिवियरेंस रोवर (Perseverance Rover) प्रक्षेपण एक बार फिर टल गया है. इस बार नासा ने नई तारीख नहीं बताई है.

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जब कोरोना संकट से अमेरिका सहित पूरी दुनिया जूझ रही है, नासा (NASA) के कार्यक्रमों में कोई बदलाव नहीं हुए हैं. कोरोना संकट के बीच ही नासा के दो अंतरिक्ष यात्री पिछले महीने एक निजी कंपनी के स्पेस कैप्सूल से ISS तक पहुंचे, लेकिन अब नासा के एक महत्वाकांक्षी कार्यक्रम में बाधा आई है. उसे मंगल ग्रह (Mars) पर भेजे जाने वाले अपने रोवर (Perseverance Rover) के प्रक्षेपण (Launch) को एक बार फिर से टालना पड़ा है.

दो बार टली तारीख
नासा की अगले दशक में अपने एस्ट्रोनॉट्स को मंगल पर भेजने की योजना है. इस सिलसिले में नासा इस महीने अपना पर्सिवियरेंस रोवर मंगल पर भेजने जा रहा था जिसे पहले 17 जुलाई को लॉन्च किया जाना था. पहले इसकी तारीख  22 जुलाई हुई और अब उसके प्रक्षेपण की तारीख 30 जुलाई के बाद की ही हो सकेगी.

क्यों खास है यह रोवर प्रक्षेपण
गौरतलब है कि नासा का पर्सिवियरेंस रोवर को उसके मंगल पर इंसान भेजने के अभियान की तैयारी के तौर पर देखा जा रहा था. नासा इस रोवर के जरिए कई ऐसे प्रयोग करने की तैयारी में है जो उसके मंगल पर मानव भेजने के अभियान की तैयारी करने में मदद करेंगे.



नासा ने ट्वीट कर दी जानकारी
यह खबर खुद नासा के अधिकारिक ट्विटर अकाउंट से आई है. नासा ने पहले ही से ही जुलाई-अगस्त के बीच का समय प्रक्षेपण के लिए रखा था, लेकिन रोवर के मंगल पर उतरने की तारीख 18 फरवरी 2021 ही रखी गई थी. यह तारीख अभी तक नहीं बदली गई है. नासा के ट्वीट के मुताबिक पर्सिवियरेंस के रॉकेट से जुड़ने की तैयारी की प्रक्रियाओं के टलने से प्रक्षेपण 30 जुलाई से पहले नहीं हो सकेगात. नासा और यूनाइटेल लॉन्च एलाएंस मिलकर नई तारीख पर काम कर रहे हैं. लॉन्च पीरीयड 15 अगस्त तक बढ़ाया जा रहा है.



क्या हुई है गड़बड़ी
बताया जा रहा है कि इस प्रक्षेपण के टलने के पीछे की वजह लिक्विड ऑक्सीजन सेंसर से असामान्य आंकड़े जारी होना है. ये आंकड़े एक अभ्यास सत्र के दौरान जारी हुए थे. इसका मतलब यह है कि अब नासा को इन गलतियों का कारण जानना होगा जिसमें कुछ समय लग जाएगा.

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कार्यक्रम पर कोई असर नहीं
इसका मतलब यह नहीं है कि नासा का यह प्रक्षेपण कार्यक्रम टल गया है. नासा के मूल कार्यक्रम में 5 अगस्त तक का प्रक्षेपण समय है. लेकिन नासा के विश्लेषकों ने यहा तारीख 5 से 15 अगस्त तक बढ़ा दी है. इसका मतलब यह है कि अभी नासा के पास काफी समय है और वह अभी प्रक्षेपण और भी टल जाए तो कार्यक्रम को कोई नुकसान नहीं होगा.

Mars
यह रोवर नासा के मंगल पर मानव भेजने के अभियान के लिए बहुत अहम माना जा रहा है. (प्रतीकात्मक तस्वीर)


यह अहम काम भी करेगा रोवर मंगल पर
पर्सिवियरेंस का काम मंगल के जजीरो क्रेटर पर उतर कर मिट्टी के नमूने जमा करना भी है जिसे पृथ्वी पर लाने की तैयारी हो रही है. यह काम नासा यूरोपीय स्पेस एजेंसी के साथ मिल कर रहा है. इस अभियान में नासा का काम नमूने जमा कर उन्हें मंगल की कक्षा तक लाने का होगा जिसके बाद उसे वहां से पृथ्वी पर लाने का काम यूरोपीय स्पेस एजेंसी करेगी.

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इस समय नासा का ध्यान एक और अभियान पर लगा है जिसके तहत उसे साल 2024 तक चांद पर एक पुरुष और एक महिला अंतरिक्ष यात्री को भेजना है. नासा चांद पर बेस कैम्प भी बनाने की तैयारी में है. इसी बेस कैम्प से मंगल के अंतरिक्ष यात्री रवाना होंगे और वहां से वापस पहले चंद्रमा पर आएंगे फिर पृथ्वी पर लौटेंगे.
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