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इस नए ब्लड टेस्ट की मदद से अब 20 तरह के कैंसर का पता लगाना होगा आसान

News18Hindi
Updated: October 3, 2019, 11:16 AM IST
इस नए ब्लड टेस्ट की मदद से अब 20 तरह के कैंसर का पता लगाना होगा आसान
स्टडी में बताया गया है कि एक बार ब्लड का टेस्ट करने से 20 तरह के कैंसर का पता लगाया जा सकता है.

कैंसर (Cancer) का पता लगाने के लिए वैज्ञानिकों ने नई तकनीक का इजाद किया है इससे सिर्फ एक ही ब्लड टेस्ट (Blood Test) से 20 तरह के कैंसर के बारे में पता चल सकता है

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  • Last Updated: October 3, 2019, 11:16 AM IST
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न्यूयॉर्क. कैंसर (Cancer) जैसी गंभीर बीमारी को जल्द से जल्द डिटेक्ट करने और उसके पूरी तरह से उपचार के लिए वैज्ञानिक खोज में लगे हुए हैं. लेकिन अब एक ऐसी खबर सामने आई है जिससे कैंसर का पता लगाना आसान हो जाएगा. एक ट्रायल में यह सामने आया है कि सिर्फ एक ब्लड टेस्ट (Blood Test) से अब 20 तरीके के कैंसर के बारे में पता चल सकता है.

इकोनॉमिक टाइम्स में छपी खबर के मुताबिक इस टेस्ट को बायोटेक्नोलॉजी कंपनी Grail Inc ने किया है. इसके लिए उन्होंने नेक्स्ट जेनेरेशन की सीक्वेंसिंग तकनीक का उपयोग कर छोटे रासायनिक टैग (मिथाइलेशन) के लिए डीएनए की जांच की जिनसे पता चला कि जीन सक्रिय या निष्क्रिय हैं.

इसे टेस्ट को करीब 36,00 लोगों के खून के सैंपल लेकर किया गया. इनमें से कई कैंसर के रोगी थे और कई सामान्य लोग थे. टेस्ट से साफ तौर पर मालूम पड़ गया कि उनमें से कौन कैंसर का पेशेंट हैं और कौन नहीं है. इतना ही नहीं इस टेस्ट से यह भी पता चल गया कि जहां से कैंसर की शुरुआत हुई है वह कौन से ऊतक हैं, बोस्टन के डाना फार्बर कैंसर इंस्टीट्यूट ने इसकी जानकारी दी.

इस टेस्ट की ये है खासियत

इस टेस्ट की खासियत थी कि जब किसी को वाकई कैंसर होता है तो ही यह उसकी जानकारी देता है, टेस्ट में पाया गया कि जिस ऊतक में कैंसर था टेस्ट ने इसकी सटीक जानकारी दी. ये नया टेस्ट सीधे डीएनए को देखता है, जो कैंसर की कोशिकाएं मरने पर रक्तप्रवाह में बहा देता है.

लिक्विड बायोप्सी के विपरीत, जो डीएनए में आनुवंशिक परिवर्तन या कैंसर से संबंधित अन्य परिवर्तनों का पता लगाती हैं, ये तकनीक मिथाइल समूहों के रूप में पहचाने जाने वाले डीएनए की जांच करती है.

मिथाइल समूह केमिकल यूनिट्स हैं जो मेथिलिकेशन नाम की एक प्रक्रिया में डीएनए से जुड़े हो सकते हैं, यह यूनिट्स यह कंट्रोल करती हैं कि कौन से जीन ऑन हैं और कौन सी ऑफ हैं. मिथाइलेशन के असामान्य पैटर्न कई मामलों में, कैंसर के और कैंसर के प्रकार के बारे में अधिक संकेत देते हैं और ये अलग-अलग तरह के होते हैं.
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शुरुआती स्टेज में पता चलने से मिलेगा फायदा
डाना-फ़ार्बर की स्टडी के प्रमुख लेखक जेफ्री ऑक्सनार्ड ने कहा हमारे पिछले काम ने संकेत दिया कि खून के नमूनों में कैंसर के कई रूपों का पता लगाने के लिए मिथाइल-आधारित पारंपरिक डीएनए-सीक्वेंसिंग आउटपरफॉर्मिंग की मदद ली जानी चाहिए. ऑक्सार्ड ने कहा नई स्टडी के परिणामों से पता चलता है कि इस तरह के टेस्ट कैंसर से जूझ रहे लोगों की स्क्रीनिंग का एक व्यावहारिक तरीका हैं.

अध्ययन में कहा गया है कि आमतौर पर कैंसर के शुरुआती हालत का पता लगाने से कई रोगियों की हालत बदल सकती है जिससे वह अधिक प्रभावी इलाज करा सकते हैं.

डाना-फ़ार्बर कैंसर इंस्टीट्यूट के जांचकर्ताओं ने 28 सितंबर को स्पेन के बार्सिलोना में यूरोपियन सोसाइटी फॉर मेडिकल ऑन्कोलॉजी (ईएसएमओ) 2019 कांग्रेस में एक सत्र के दौरान परीक्षण के परिणाम प्रस्तुत किए थे.

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First published: October 2, 2019, 11:37 PM IST
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