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जानें कितना हैरतअंगेज है वूहान का मीट मार्केट, जहां से दुनिया भर में फैला कोरोनावायरस

जानें कितना हैरतअंगेज है वूहान का मीट मार्केट, जहां से दुनिया भर में फैला कोरोनावायरस

चीन का वो सी-फूड मार्केट, जहां ऐसे ऐसे जानवरों और समुद्री जंतुओं का मीट मिलता है कि आप हैरान रह जाएंगे. न्यू कोरोना वायरस यहीं से फैला

चीन का वो सी-फूड मार्केट, जहां ऐसे ऐसे जानवरों और समुद्री जंतुओं का मीट मिलता है कि आप हैरान रह जाएंगे. न्यू कोरोना वायरस यहीं से फैला

चीन के शहर वूहान के जिस सी-फूड मार्केट से जानलेवा कोरोना वायरस पैदा हुआ, वहां कुल मिलाकर 112 जंगली जानवरों और समुद्री जंतुओं का फ्रेश मीट काट कर दिया जाता है. इस मार्केट में भालू और हिरण पिंजरे में लटके हुए दीख जाएंगे तो सांप, चमगादड़ को भी यहां खूब मजे से खाने के लिए खरीदा जाता है. जानें कैसा है ये मार्केट. हालांकि चीन में ऐसे कई बाजार हैं

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    वूहान का हन्नान सी-फूड मार्केट हैरान कर देने वाला है. इसे चीन के जंगली जानवरों से लेकर समुद्री जंतुओं के फ्रेश मीट का सबसे बड़ा सुपर मार्केट माना जाता है.  यहां पर सांप से लेकर भालू, ऊंट, गधा, चमगादड़ ऐसे ऐसे जंतुओं के मीट मिल जाएगा, जो आप सोच भी नहीं सकते. असल में ये बाजार अचानक पूरी दुनिया में इसलिए भी चर्चा में आ गया है, क्योंकि माना जा रहा है कि चीन से जो जानलेवा वायरस पूरी दुनिया में फैल रहा है, वो इसी बाजार की आबोहवा में पैदा हुआ है.

    चीन की रिपोर्ट्स कहती हैं कि करीब दो तीन साल पहले जब वूहान में तमाम तरह के जानवरों के मीट का ये सुपर बाजार खुला तो ये देश का सबसे बड़ा और अनोखा सी-फूड मार्केट था. हालांकि पूरे चीन में छोटे स्तर से ऐसे बाजार बहुतायत में हैं.

    वूहान सी-फूड मार्केट की खासियत ये है कि यहां  112 से ज्यादा जंतुओं का मीट मिलता है. आर्डर दीजिए. अपने सामने कटवाइए और घर ले जाइए. भालू से लेकर हिरण ना जाने कितने ही जानवर इस बाजार में जिंदा पिंजरों पर लटके रहते हैं. आर्डर आते ही उन्हें कस्टमर के सामने पलक झपकते मशीनों या हाथ से काट दिया जाता है. ये बाजार है ही ऐसा कि कोई भी इसे देखकर हैरान रह जाए.

    इस बाजार की आबोहवा, हाइजीन और यहां से बीमारियों के पैदा होने को लेकर पहले भी तमाम तरह आशंकाएं जाहिर होती रही हैं लेकिन बाजार बदस्तूर चलता रहा. अब न्यू कोरोना वायरस के जानलेवा महामारी बनने के बाद हन्नान सी-फूड मार्केट को बंद किया जा चुका है. चीन ने दवाइयों के छिड़काव से इस बाजार को सेनिटाइज कर दिया है.

    हन्नान सी-फूड मार्केट में भालू से लेकर तमाम जानवर पिंजरे में लटके इस तरह दीख जाएंगे. इसका मतलब इन सबका मीट यहां बिकता है


    जांच में बाजार से बड़ी मात्रा में कोरोना वायरस मिले
    चीन की जिन्हुआ समाचार एजेंसी ने खबर दी कि बाजार में जांच के बाद साइंटिस्ट को बड़ी मात्रा में कोरोना वायरस मिले. दरअसल कोरोना वायरस का एक लंबा-चौड़ा परिवार है. जिसमें 06-07 से वायरस खासे घातक और जानलेवा होते हैं. इसी वायरस फैमिली में अब न्यू कोरोना वायरस नाम के घातक वायरस का नाम भी जुड़ गया है.

    कितना बड़ा ये सी-फूड सुपर मार्केट 
    हन्नान सी-फूड मार्केट खासा बड़ा सुपरमार्केट है. ये करीब 16,000 स्क्वायर मीटर में फैला है. इसमें 300 से ज्यादा दुकानें हैं. ये मार्केट दावा करता है, जितने जानवरों का मीट वो बेचता है, उतने कहीं नहीं मिलते और वो एकदम फ्रेश.

    ये मार्केट काफी बड़े इलाके में फैला है. इसमें 300 से ज्यादा दुकानें हैं. यहां बड़े पैमाने पर खरीदारों की भीड़ उमड़ती है


    बाजार में चीन में तमाम जगहों से मीट के बड़े आर्डर आते हैं. स्थानीय खुदरा खरीदार भी यहीं से खरीदारी करते हैं. सी-फूड मार्केट में बेचने के लिए जंगलों से पकड़ जानवर लाए जाते हैं. उसी तरह गोताखोर समुद्र में गहरा गोता लगाकर ना जाने कितने ही तरह की मछलियां, ऑक्टोपस और समुद्री जंतुओं को यहां लेकर आते हैं.

    पिंजरों में दिखते हैं भालू, हिरण, सांप, कुत्ते
    मार्केट में घुसते ही यहां स्टाल के पिंजरों में भालू, हिरण, सांप, कुत्ते नजर आते हैं. साथ ही चमगादड़, आक्टोपस, मोर और तमाम जीव-जंतु.

    ब्रिटिश टैबलॉयड "द सन" और अन्य न्यूज वेबसाइट्स ने इस बाजार पर रिपोर्ट पब्लिश की है. रिपोर्ट में उन बोर्ड और जानवरों की तस्वीरें भी प्रकाशित की गई हैं, जो यहां बिकते हैं. बाजार में रोज बेचे जाने वालों जानवरों की रेट लिस्ट बड़े बोर्डों में नजर आती है. इसमें 112 जीव-जंतुओं के रेट होते हैं, जो रोज घटते-बढ़ते रहते हैं. मंदारिन भाषा में लिखे बोर्ड में ऊंट, मोर, गधा, सुअर, खरगोश, शाही, भेड़, मोर, गाय, बैल, बकरी, सांप के चित्र हैं, यानि वो यहां उपलब्ध हैं.

    पिंजरे में ये सांप बंद हैं, जिनका मीट इस बाजार में सबसे ज्यादा बिकता है


    किस जानवर से पैदा हुआ किलर वायरस
    तमाम रिपोर्ट्स में कहा गया कि वूहान के इसी बाजार से पैदा हुए न्यू कोरोना वायरस ने लोगों को शिकार बनाया और फिर मानव से मानव में संक्रमित होना शुरू किया. कुछ एक्सपर्ट का कहना है कि ये चमगादड़ के जरिए विकसित हुआ. बीजिंग यूनिवर्सिटी की प्रयोगशाला ने कहा कि ये वायरस चमगादड़ से मानव तक पहुंचा लेकिन सांप का मीट खाने वाले भी इसमें माध्यम बने.

    इस बाजार में वायरस के 35 नमूने मिले
    चाइनीज सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) के एक्सपर्ट ने भी घातक वायरस के लिए इसी बाजार को कसूरवार ठहराया. हालांकि ये बाजार पिछले करीब एक महीने से बंद है. सीडीसी ने यहां से जो 585 नमूने लिये, उसमें 35 नमूनों में नोवल कोरोनावायरस का न्यूक्लिक एसिड मिला. इससे लगा कि इस बाजार के जंगली जानवरों और कोरोना वायरस का कोई रिश्ता जरूर है.

    बड़ी मात्रा में रोज हजारों सांप, लोमड़ी काटे जाते हैं
    वूहान के सी-फूड मार्केट में रोजाना हजारों सांप, बीवर, लोमड़ी और कोला काटे जाते हैं. इस बाजार को आर्डर मिलते ही तुरंत उस जानवर को काटा जाना शुरू हो जाता है. इस बाजार में बीवर और हिरण का मांस अच्छी खासी मात्रा में बिकता है, इसे यहां से जहाजों से बाहर भी भेजा जाता है. स्थानीय लोग सांप खाना खासा पसंद करते हैं.

    चीन और दुनियाभर में इस तरह की तस्वीरें खूब वायरल हो रही हैं कि चाइनीज लोग किस तरह से चमगादड़ खा जाते हैं


    वैसे ये हैरानी भरा है कि चीन के इस तरह के बाजारों में कितने बड़े पैमाने पर जानवरो, समुद्री जलचरों और उनके उत्पादों को आर्डर पर बेचा जाता है.

    चीन के हेल्थ एक्सपर्ट ने बाजार को लेकर दी थी चेतावनी 
    नोवल कोरोनावायरस की बीमारी फैलने के बाद चीन की सरकार ने अस्थायी तौर पर जंगली जानवरों के व्यापार पर रोक लगा दी है. वैसे चीन के पब्लिक हेल्थ एक्सपर्ट्स ने पहले भी चेतावनी दी थी कि चीन में जिस तरह खुले तौर पर जानवरों को काटा जाता है, उससे कोई हैरानी नहीं कि ये बाजार संक्रामक बीमारियों की ब्रीडिंग ग्राउंड बन जाए.

    क्या ज्यादा सांप खाने से बीमारी को दावत दी गई
    कुछ एक्सपर्ट ये भी कह रहे हैं, स्थानीय लोगों में सांप का मांस ज्यादा लोकप्रिय होना भी बीमारी की जड़ हो सकता है. हो सकता हो कि किसी सांप ने संक्रमित चमगादड़ को खाया लिया हो और फिर सांप खाने वाले मनुष्यों में ये वायरस पहुंच गया हो, जिसने अब तक केवल चीन में ही 100 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और 4000 के आसपास लोग अस्पतालों में बीमार होकर भर्ती हैं.

    वैज्ञानिक ये मानते रहे हैं कि चमगादड़ इस तरह के वायरस का संवाहक होता है. चीन साइंस बुलेटिन में प्रकाशित अध्ययन में ये दावा किया गया है कि न्यू कोरोना वायरस जिसे नोवल कोरोना वायरस भी कहा जाता है, उसका वायरस चमगादड़ों में होता है.

    चीन में अब ये बाजार पिछले करीब एक महीने से बंद है. सरकार ने यहां बड़े पैमाने पर एंटी वायरस दवाओं का छिड़काव किया है


    चमगादड़ भी इस मार्केट में बहुतायत में मिलता है
    चमगादड़ वूहान के सी-फूड मार्केट में बहुतायत में मिलता है. वूहान में चमगादड़ का सूप भी खासा लोकप्रिय है. जब चीन में ये बीमारी फैली है तब से लगातार ये तस्वीरें बी वायरल हो रही हैं कि चीन में लोग किस तरह चमगादड़ को खाते हैं. हो सकता है ऐसे लोग सबसे पहले बीमारी की पकड़ में आए हों.

    इससे पहले चीन में जब 2002-03 में सार्स जैसी घातक बीमारी फैली थी, तो उसके पीछे भी कोरोना वायरस फैमिली ही थी. ये वायरस मूल तौर पर उड़ने वाले मैमल्स यानि स्तनधारी पक्षियों से पैदा हुआ था. अफ्रीका में फैले हुए इबोला के बारे में भी कुछ ऐसा ही कहा जाता है.

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    Tags: China, Corona Virus, Mickey Virus, Nipah virus, Snake, Zika Virus

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