Home /News /knowledge /

वो कोड जो आपके ई-पेमेंट को बनाता है बेहद सुरक्षित

वो कोड जो आपके ई-पेमेंट को बनाता है बेहद सुरक्षित

प्रतीकात्मक फोटो

प्रतीकात्मक फोटो

इसे बारकोड की अगली जेनरेशन कहा जाता है जिसमें हजारों जानकारियां सुरक्षित रहती हैं.

    व्हाट्सएप को बड़ी कंप्यूटर स्क्रीन पर देखने के लिए या मोबाइल वॉलेट से पेमेंट करते हुए क्यूआर कोड का इस्तेमाल आपने भी जरूर किया होगा. बार कोड की तरह दिखाई देने वाले क्यूआर पैसों के ऑनलाइन देन-देन को बहुत सुरक्षित बनाता है. जानें, क्या है क्यूआर कोड और ये किस तरह काम करता है.

    क्यूआर कोड का फुल फॉर्म है क्विक रिस्पॉन्स कोड. अपने नाम के ही मुताबिक ये तेजी से स्कैन करने का काम करता है. ये स्क्वायर आकार के कोड होते हैं जिनमें उत्पाद की कीमत से लेकर उसमें काफी सारी जानकारी होती है. ये 2-डी बारकोड होता है जो मोबाइल से स्कैन किया जा सकता है. इसमें तीन बड़े और काफी सारे छोटे स्क्वायर होते हैं. ये एक तरह की मशीनी भाषा है जो मशीन रीड करती और उत्पाद की जानकारी देती है. 1994 में जापान की कार निर्माता कंपनी टोयोटा के एक सहायक डेन्सो वेव ने इसका ईजाद और इस्तेमाल किया था .

    गांजे से बनी दवा को मिली मंजूरी, मिरगी का होगा इलाज



    किसलिए पड़ी जरूरत
    पुराने बारकोड की जगह क्यूआर कोड के रूप में नई तकनीक ईजाद की गई. बारकोड में काली-सफेद खड़ी लाइनें होती हैं और इसमें भी उत्पाद की जानकारी होती है, हालांकि बारकोड की सीमाएं हैं. इसमें ज्यादा जानकारी नहीं आ सकती और कट-फट जाने पर इसे पढ़ा भी नहीं जा सकता. वहीं एक बार क्यूआर कोड स्टोर हो जाने के बाद उसके साथ ऐसी कोई परेशानी नहीं होती है. बारकोड वन-डाइमेंशनल होता है और स्कैनर सही कोण पर न हो तो ये कोड स्कैन नहीं हो सकता, जबकि क्यूआर टू-डाइमेंशन होता है और 360 डिग्री पर किसी भी कोण से स्कैन हो सकता है.

    जानिए नागा बनने के दौरान साधुओं को देनी पड़ती हैं कैसी कठिन परीक्षाएं?

    कहां होता है उपयोग
    पैसों के सुरक्षित लेन-देन के लिए ई-वॉलेट में इसका उपयोग होता है. इसमें कोड स्कैन करने के बाद पैसों का ट्रांजेक्शन होता है इसलिए ऑनलाइन खरीद-फरोख्त में इसका धड़ल्ले से उपयोग हो रहा है. किसी उत्पाद, फिर चाहे वो किताबें हों या अखबार या फिर वेबसाइट सबका एक क्यूआर कोड होता है. यहां तक कि मोबाइल से कंप्यूटर को कनेक्ट कर व्हाट्सएप के उपयोग के लिए भी यही कोड काम में आता है.



    इसके घरेलू इस्तेमाल भी हैं
    मेहमानों को आपका वाई-फाई इस्तेमाल करना है और आप पासवर्ड शेयर नहीं करना चाहते तो सीधे-सीधे क्यूआर कोड से जोड़ सकते हैं. अपने बिजनेस को बढ़ाने के लिए अपने विजिटिंग कार्ड में भी ये कोड रख सकते हैं, इससे ग्राहकों का डाटाबेस भी तैयार हो सकता है. विजिटिंग कार्ड में ये कोड देने पर नाम, फोन नंबर और ईमेल एड्रेस मोबाइल में स्टोर हो जाते हैं. सोशल नेटवर्किंग के लिए भी क्यूआर कोड काम का है. इसमें आपके फेसबुक पेज की लिंक होगी, जब भी इसे स्कैन किया जाएगा, पढ़ने वाला सीधा आपके फेसबुक पेज पर पहुंच जाएगा.

    हर परिवार को पैसे देने जा रही है मोदी सरकार, जानिए कैसे

    हालांकि इस कोड के कई नुकसान भी हैं. जैसे इससे मोबाइल हैक किया जा सकता है. यही वजह है कि कोड का इस्तेमाल किसी साइबर कैफे में बैठकर न करें, बल्कि सुरक्षित और विश्वसनीय सोर्स का ही इस्तेमाल करें. आजकल हर स्मार्टफोन पर इस कोड को पढ़ने की सुविधा होती है. अगर आपके फोन पर ऐसा नहीं हो पा रहा हो तो एप स्टोर में जाकर कोड रीडर डाउनलोड कर लें. इसके बाद जब भी आप कोई क्यूआर कोड स्कैन करेंगे, तुरंत उस उत्पाद या वेबसाइट की सारी जानकारी आप एक्सेस कर सकेंगे.

    Tags: Internet users, Personal computer, Science

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर