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चीन में पाए गए नए वायरस का चूहों से है सीधा कनेक्शन, जानें लक्षण और बचाव

News18Hindi
Updated: March 25, 2020, 12:42 PM IST
चीन में पाए गए नए वायरस का चूहों से है सीधा कनेक्शन, जानें लक्षण और बचाव
हंता वायरस पल्मोनरी सिंड्रोम (HPS) और हेमोरेजिक फीवर के साथ-साथ किडनी पर भी असर कर सकता है.

रोग नियंत्रण एवं निवारण केंद्र के अनुसार हंता वायरस मुख्य रूप से चूहों से फैलता है और लोगों में कई प्रकार की बीमारियों का कारण बन सकता है.

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  • Last Updated: March 25, 2020, 12:42 PM IST
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चीन से शुरू हुए कोरोना वायरस ने आज पूरी दुनिया को अपनी चपेट में ले लिया है. इसके चलते करोड़ों लोग परेशानी में नजर आ रहे हैं। हजारों लोगों की जान तक जा चुकी है. भारत समेत दुनिया के तमाम देशों ने पूरी तरह से लॉकडाउन कर दिया है. इधर कोरोना वायरस का प्रकोप अभी थमा भी नहीं था कि चीन में एक और नए वायरस की पुष्टि हुई है. सोशल मीडिया पर भी इस वायरस के बारे में जबरदस्त चर्चा शुरू हो गई है. onlymyhealth की ख़बर के अनुसार चीन में एक व्यक्ति में एक नए वायरस का पता लगाया गया जिसका नाम हंता वायरस (hantavirus) है. हंता वायरस क्या है और क्या है इसके लक्षण? आइए आपको बताते हैं इसके बारे में.

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हंता वायरस क्या है?
रोग नियंत्रण एवं निवारण केंद्र (CDC) के अनुसार हंता वायरस मुख्य रूप से चूहों से फैलता है और लोगों में कई प्रकार की बीमारियों का कारण बन सकता है. हंता वायरस पल्मोनरी सिंड्रोम (HPS) और हेमोरेजिक फीवर के साथ-साथ किडनी पर भी असर कर सकता है.



यह वायरस कैसे फैलता है ?
हंता वायरस की बीमारी हवा के माध्यम से नहीं फैलती और न ही इसका प्रसार एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में होता है. इस बीमारी का प्रसार तब होता है जब व्यक्ति चूहों और गिलहरियों के मल, मूत्र और लार के संपर्क में आता है. इससे हंता वायरस के संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है.

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हंता वायरस के लक्षण
हंता वायरस के शुरुआती लक्षणों में थकान, बुखार और मांसपेशियों में दर्द शामिल है. इसके अलावा सिरदर्द, चक्कर आना, ठंड लगना और पेट की समस्याएं भी नजर आ सकती है. अगर इसका इलाज समय पर न किया गया तो यह और भी खतरनाक बन सकता है. सीडीसी के अनुसार इसकी मृत्युदर 38 प्रतिशत है जो कि घातक साबित हो सकता है. हंता वायरस में किडनी पर भी बुरा असर पड़ सकता है जिसके चलते लो ब्लड प्रेशर और एक्यूट किडनी फेल्यर के आसार बढ़ जाते हैं. सीडीसी के अनुसार चूहों की जनसंख्या नियंत्रित कर इस वायरस के संक्रमण को रोकने में आसानी मिल सकती है.

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य जानकारी पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.

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First published: March 25, 2020, 11:55 AM IST
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