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वायु प्रदूषणः Delhi-NCR में धुआं-धुआं, ये 5 पौधे फिल्टर करेंगे घर की हवा

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Updated: November 2, 2019, 11:49 AM IST
वायु प्रदूषणः Delhi-NCR में धुआं-धुआं, ये 5 पौधे फिल्टर करेंगे घर की हवा
इन जहरीली गैसों को कम करने के लिए कुछ पौधे बेहद काम आते हैं. इन पौधों को एयर फिल्टरिंग प्लांट भी कहा जाता है.

दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण के स्तर को सीवीयर प्लस कैटेगरी में रखा गया है. हेल्थ इमरजेंसी घोषित होने पर सर्दियों के पूरे मौसम में पटाखे जलाने पर बैन लगा दिया है.

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  • Last Updated: November 2, 2019, 11:49 AM IST
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सर्दी का मौसम शुरू हो गया है और साथ ही वायु प्रदूषण का स्तर भी तेजी से बढ़ने लगा है. हवा में घुली जहरीली गैसों के चलते सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है. Delhi-NCR में धुंध की चादर बिछ गई है. दिल्ली में लोगों को सांस लेने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. सुप्रीम कोर्ट के एक पैनल ने दिल्ली-एनसीआर में पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दी है. दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण के स्तर को सीवीयर प्लस कैटेगरी में रखा गया है. हेल्थ इमरजेंसी घोषित होने पर सर्दियों के पूरे मौसम में पटाखे जलाने पर बैन लगा दिया है. वहीं कंस्ट्रक्शन पर लगी रोक को 5 नवंबर तक के लिए बढ़ा दिया गया है.

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फेफड़ों का कैंसर तक हो सकता है

दिन-ब-दिन हालात और खराब हो रहे हैं. ऐसे में अपने आप को वायु प्रदूषण से बचाना बहुत जरूरी है क्योंकि इसके चलते आप कई तरह की गंभीर बीमारियों से भी ग्रसित हो सकते हैं. इन बीमारियों में सांस से संबंधित बीमारियां सबसे ज्यादा है. यहां तक की आपको फेफड़ों का कैंसर तक हो सकता है. दिवाली के बाद इन जहरीली गैसों को कम करने के लिए कुछ पौधे बेहद काम आते हैं. इन पौधों को एयर फिल्टरिंग प्लांट भी कहा जाता है. खुजली, जलन, लगातार जुकाम, एलर्जी और आंखों में जलन से बचाव में ये पौधे आपकी मददगार साबित हो सकते हैं. आइए आपको बताते हैं ऐसे 5 पौधों के बारे में जो दिवाली के बाद इस जहरीली हवा से आपको छुटकारा दे सकते हैं.

मनी प्लांट



मनी प्लांट एक बेल है. इसकी एक पत्ती का आकार 7 से 10 सेंटीमीटर तक लंबा होता है. यह पौधा आसानी से मिल जाता है और कई घरों में उन्हें देखा जाता है. इस पौधे की खास बात यह है कि यह पौधा बहुत कम रोशनी में भी जिंदा रह सकता है और इसे किसी खाली बोतल में बिना मिट्टी के भी उगाया जा सकता है. इस पौधे में हवा में मौजूद कार्बन डाईऑक्साइड को ग्रहण करने की क्षमता होती है और यह ऑक्सीजन को आसानी से बाहर निकालता है. मनी प्लांट हवा में कार्बन डाईऑक्साइड को कम कर हमारे सांस लेने के लिए शुद्ध ऑक्सीजन प्रदान करता है.
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एरेका पाम



एरेका पाम एक ऐसा पौधा है जो कार्बन डाई ऑक्साइड को सीधे ऑक्सीजन में बदल देने की क्षमता रखता है. इस पौधे की ऊंचाई एक व्यक्ति के कंधे के बराबर होती है. इस पौधे की देखभाल के लिए पत्तियों को हर रोज साफ करना जरूरी है. इसके अलावा हर तीन-चार महीने में इनको बाहर सूरज की रोशनी में रखने की भी जरूरत पड़ती है. हवा को फिल्टर कर उसे शुद्ध बनाने में ये पौधा मददगार है. इसे गमले में रखने के लिए नम मिट्टी का प्रयोग करें और सतह के थोड़े नीचे मिट्टी के सूखते ही पौधे को पानी दें.

एलो वेरा



एलो वेरामें कई सारे औषधीय गुण मौजूद हैं. इस पौधे को उगने के लिए पानी की जरूरत भी कम होती है. इसके पत्ते काफी मोटे और मजबूत होते हैं. पत्ते के अंदरूनी भाग को काटने पर एक तरह का रस निकलता है. इस रस से का इस्तेमाल कई तरह की बीमारियों के इलाज में किया जाता है. इसके अलावा खास बात है कि इस पौधे को आसानी से घर में लगा सकते हैं जो हवा को शुद्ध रखता है.

मदर-इन-लॉ टंग



यह एक ऐसा पौधा है जो किसी भी परिस्थिति में फलता-फूलता है. यह काफी मजबूत होता है. खास बात यह है कि यह रात में ऑक्सीजन तो छोड़ता ही है बल्कि कई अन्य तरह की हानिकारिक गैसौं को भी खत्म कर सकता है. इस पौधे की ऊंचाई कमर की जितनी होनी चाहिए. इसे सूरज की हल्की रोशनी में रखें और ज्यादा पानी न दें.

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पाइन प्लांट



घर की हवा को शुद्ध बनाने के लिए देवदार का पौधा भी काफी मशहूर है. इस पौधे की पत्तियां छोटी-छोटी होती हैं. इसे बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत भी नहीं होती लेकिन समय-समय पर इसकी काट-छांट करना जरूरी होता है.

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.

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First published: November 2, 2019, 10:45 AM IST
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