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कुछ अलग तरीके के मोमोज खाने का हो मन, तो कमला नगर के 'मोमोज प्वाइंट पर पहुंचें

इस रेस्तरां को नॉर्थ दिल्ली का पहला मोमोज रेस्तरां भी माना जाता है.

इस रेस्तरां को नॉर्थ दिल्ली का पहला मोमोज रेस्तरां भी माना जाता है.

Famous Food Joints In Delhi-NCR: कमला नगर बाजार को नॉर्थ दिल्ली का कनॉट प्लेस माना जाता है. इसी बाजार से सटे जवाहर नगर में ‘मोमोज प्वाइंट’ (Momos Point) रेस्तरां आपको दिख जाएगा.

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    (डॉ. रामेश्वर दयाल)

    Famous Food Joints In Delhi-NCR: मोमोज के बारे में तो हम सभी जानते हैं कि यह तिब्बती डिश है. ऐसे लोग भी हैं जो मानते हैं कि यह चाइनीज फूड है. खैर मोमाज की ‘राष्ट्रीयता’ को लेकर दावे-प्रतिदावे चलते रहे, लेकिन इतना स्पष्ट हो चुका है कि अब यह भारतीय व्यंजन में तब्दील हो चुका है. विदेशी मोमोज तो नॉनवेज ही होता था, लेकिन भारत में तो कई प्रकार के स्वाद के मोमोज खिलाए जा रहे हैं. इनमें वेज, पनीर, नॉनवेज भी शामिल हैं. एक बात और कि इसके स्वाद भी अलग-अलग बना दिए गए हैं. अब तो स्टीम्ड के अलावा फ्राइड से लेकर तंदूरी, अफगानी फ्लैवर्ड में मोमोज का मजा लिया जा सकता है. आज हम आपको एक ऐसे रेस्तरां पर ले चलेंगे, जो मशहूर ही मोमोज को लेकर हुआ है. इस रेस्तरां पर मोमोज ही क्यों बेचे जा रहे हैं, इसकी भी रोचक कहानी है. वो हम आपको अंत में बताएंगे. फिलहाल मोमोज के इस खास रेस्तरां की बात करते हैं. माना जाता है कि नॉर्थ दिल्ली का यह पहला रेस्तरां है, जहां मोमोज मिलने शुरू हुए.

    चार प्रकार के मोमोज कई तरह से खिलाए जाते हैं
    कमला नगर बाजार को नॉर्थ दिल्ली का कनॉट प्लेस माना जाता है. इसी बाजार से सटे जवाहर नगर में ‘मोमोज प्वाइंट’ (Momos Point) रेस्तरां आपको दिख जाएगा, इसकी पहचान यह है कि यह मैक्डॉनल्ड्स के पास ही है. जब इस रेस्तरां का नाम ही मोमोज के नाम पर है तो माना जा सकता है कि उनका स्वाद तो जानदार रखना पड़ेगा. एक कारण यह भी है कि दिल्ली यूनिवर्सिटी बगल में ही है और मोमोज को लेकर स्टूडेंट्स क्रेजी रहते हैं. इस दुकान पर प्रमुख तौर पर चार प्रकार के स्टफ्ड वाले मोमोज उपलब्ध हैं, इनमें वेज, पनीर, मटन व चिकन मोमोज शामिल है.

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    मोमोज को लेकर इस रेस्तरां की यूएसपी यह है कि इन चारों प्रकार के मोमोज को कई प्रकार तैयार किया जाता है. इनमें स्टीम्ड, फ्राइड, मसाला, तंदूरी, अफगानी अलावा हनी टॉस शामिल है यानी आपको स्टीम्ड मोमोज चाहिए तो उसे 6 प्रकार से तैयार कर आपके सामने पेश किया जा सकता है. इन सभी प्रकार के मोमोज की कीमत 140 रुपये से लेकर 250 रुपये प्लेट के बीच है.

    फ्रेश चिली सॉस के साथ मोमोज अलग ही समां बांधते हैं
    इनके मोमोज की विशेषता यह है कि इन्हें उन फैक्टरी से नहीं मंगाया जाता, जहां से मोमोज बनकर पूरी दिल्ली में सप्लाई होते हैं. ओनर इन सभी मोमोज को रोजाना अपने रेस्तरां में ही तैयार करते हैं. इनके अंदर मोमोज के असली स्वाद के अलावा भारतीय स्वाद का तड़का लगाया जाता है. वरना आप तो जानते हैं कि असली मोमोज तो सिर्फ स्टीम्ड ही होते हैं. जब आप इन मोमोज को इस रेस्तरां की स्पेशल चिली सॉस के साथ खाओगे तो कहोगे कि भाईजी, ये चटपटे भी हैं और मनमोहक भी. रेस्तरां में चिली सॉस रोजाना तैयार की जाती है.

    अब रेस्तरां मशहूर होगा और खास इलाके में होगा तो वहां और व्यंजन भी मिलेंगे, तो आपको बता दें कि चाइनीज स्टाटर के अलावा मेन कोर्स का मील भी उपलब्ध है. इसके अलावा कई प्रकार के नूडल्स, पास्ता व पिज्जा भी आपको यहां मिल जाएगा. लेकिन रेस्तरां वाले खुद मानते हैं कि उनके मोमोज के लोग दीवाने हैं. इस रेस्तरां को नॉर्थ दिल्ली का पहला मोमोज रेस्तरां भी माना जाता है.

    इसलिए खुला यह स्पेशली मोमोज वाला रेस्तरां
    इस इलाके में स्पेशली यह मोमोज रेस्तरां ही क्यों खुला, इसकी भी दिलचस्प कथा है. इस रेस्तरां के ओनर हर्ष सांभर पास ही दिल्ली यूनिवर्सिटी (नॉर्थ कैंपस) में पढ़ते थे. उस वक्त दिल्ली के कुछ ही खास इलाकों में मोमोज खिलाए जा रहे थे. कॉलेज के दिनों में वह साउथ दिल्ली के चाणक्य पुरी स्थित यशवंत प्लेस में मोमोज खाने जाते थे. तब उनके मित्र कहते थे कि अगर यह चटपटी डिश यूनिवर्सिटी के आसपास ही होती तो कितना मजा आता. बस हर्ष ने इस बात को गांठ बांध लिया और वर्ष 1998 में रेस्तरां खोल डाला. वह कहते हैं कि कूकिंग शुरू से ही उनका पैशन रहा है और वह खाने-पीने के शौकीन रहे हैं. इसी के चलते उन्होंने मोमोज का असली स्वाद खोजा और उसे अपने मोमोज में फीड किया.

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    बच्चों तक उनके मोमोज को पसंद करते हैं. हर्ष के अनुसार रोज ताजा खाना तैयार होता है और मसालों का विशेष ध्यान रखा जाता है, क्योंकि मसला दूसरे देश के भोजन का है. लेकिन वह यह भी बताते हें कि अपने व्यंजनों में उन्होंने भारतीय स्वाद का तड़का भी लगा रखा है. इस रेस्तरां को चलाने में उनके छोटे भाई दुर्गेश भी मदद कर रहे हैं. कोई अवकाश नहीं रहता. रेस्तरां पर सुबह 11 बजे से रात 10 बजे तक मोमोज खाए जा सकते हैं.

    नजदीकी मेट्रो स्टेशन: विश्वविद्यालय

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