Shayari: 'चांद भी हैरान दरिया भी परेशानी में है', पढ़ें ये दिलकश कलाम

Shayari: चांद का हुस्न भी ज़मीन से है...
 Image Credit/Pexels Burak-K
Shayari: चांद का हुस्न भी ज़मीन से है... Image Credit/Pexels Burak-K

Shayari: शेरो-सुख़न (Urdu Shayari) की दुनिया में जिंदगी के सभी रंग मौजूद हैं. फिर चाहें वह मुहब्‍बत (Love) का रंग हो या किसी और जज्‍़बात (Emotion) पर क़लम उठाई गई हो. चांद भी उर्दू शायरी का लोकप्रिय विषय रहा है....

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 25, 2020, 5:34 AM IST
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Shayari: शायरों (Shayar) ने हर विषय पर क़लम उठाई है. फिर चाहें बात मुहब्‍बत (Love) की हो या इससे जुदा कोई और जज्‍़बात (Emotion) हो. शायरी में बहुत ही ख़ूबसूरती के साथ इसे पेश किया गया है. जिस तरह दर्द, ख़ुशी, मायूसी और इकरार, इंकार को शायरों ने अपने कलाम में जगह दी है, इसी तरह 'चांद' भी उर्दू शायरी का लोकप्रिय विषय रहा है. यही वजह है कि शायरों ने चांद के जरिये भी अपने दिल की बात चुनिंदा अल्‍फ़ाज़ में पेश की है. आज हम शायरों के ऐसे ही बेशक़ीमती कलाम से चंद अशआर आपके लिए 'रेख्‍़ता' के साभार से लेकर हाजिर हुए हैं. आज की इस कड़ी में पेश हैं 'चांद' पर शायरों का नज़रिया और उनके कलाम के चंद रंग. आप भी इसका लुत्‍फ़ उठाइए.

उस के चेहरे की चमक के सामने सादा लगा
आसमाँ पे चाँद पूरा था मगर आधा लगा
इफ़्तिख़ार नसीम
कल चौदहवीं की रात थी शब भर रहा चर्चा तेरा
कुछ ने कहा ये चांद है कुछ ने कहा चेहरा तेरा


इब्न-ए-इंशा

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इतने घने बादल के पीछे
कितना तन्हा होगा चाँद
परवीन शाकिर

फूल गुल शम्स ओ क़मर सारे ही थे
पर हमें उन में तुम्हीं भाए बहुत
मीर तक़ी मीर

वो चांद कह के गया था कि आज निकलेगा
तो इंतिज़ार में बैठा हुआ हूं शाम से मैं
फ़रहत एहसास

रात के शायद एक बजे हैं
सोता होगा मेरा चांद
परवीन शाकिर

कभी तो आसमां से चांद उतरे जाम हो जाए
तुम्हारे नाम की इक ख़ूबसूरत शाम हो जाए
बशीर बद्र

चांद भी हैरान दरिया भी परेशानी में है
अक्स किस का है कि इतनी रौशनी पानी में है
फ़रहत एहसास

हर एक रात को महताब देखने के लिए
मैं जागता हूं तेरा ख़्वाब देखने के लिए
अज़हर इनायती

हम-सफ़र हो तो कोई अपना-सा
चांद के साथ चलोगे कब तक
शोहरत बुख़ारी

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चांद का हुस्न भी ज़मीन से है
चांद पर चांदनी नहीं होती
इब्न-ए-सफ़ी

दूर के चांद को ढूंढ़ो न किसी आंचल में
ये उजाला नहीं आंगन में समाने वाला
निदा फ़ाज़ली
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