कोराना महामारी के बीच बच्चों में बढ़ रहा है मेंटल स्‍ट्रेस, इन टिप्स के जरिए रखें उनका ख्‍याल

इस बात का विशेष ध्यान रखें कि बच्चे अपनी भावना मन मे रखने की बजाए व्यक्त करते रहें. Image Credit : Pixabay

इस बात का विशेष ध्यान रखें कि बच्चे अपनी भावना मन मे रखने की बजाए व्यक्त करते रहें. Image Credit : Pixabay

महीनों से स्‍कूल बंद रहने और दोस्‍तों से दूरी की वजह से कई बच्‍चों (Kids) में अब अकेलापन (Lonliness) देखने को मिल रहा है. यही नहीं उनमें डिप्रेशन (Depression) और एनेक्साइटी के लक्षण भी देखे जा सकते हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: April 26, 2021, 4:04 PM IST
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Kids Mental Health During Corona Period : कोविड-19 महामारी ने दुनियाभर के समाज में अकेलापन और मेंटल स्‍ट्रेस को बहुत बढ़ावा दिया है. होम आइसोलेशन की वजह से हर उम्र के लोग इससे प्रभावित हुए है और उनमें डिप्रेशन, तनाव की गंभीर अवस्‍था देखने को मिल रही है. साइंस डेली में छपी अमेरिकन अकेडमी ऑफ चाइल्‍ड एंड अडोलेसेंट साइक्रिएट्री (JAACAP) में एक रिपोर्ट आई है जिसमें कोविड की वजह से 4 साल के बच्‍चों से लेकर 21 साल के युवाओं पर अध्‍ययन किया गया है. इसमें पाया गया है कि इस उम्र के बच्‍चों और युवाओं में मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं का खतरा तेजी से बढ़ा है.

शोध क्‍या कहते हैं

साइक्रिएटिक टाइम्‍स के मुताबिक, स्‍कूल बंद रहने और आउटडोर जगहों पर हमउम्र दोस्‍तों के साथ ना खेल पाने के कारण बच्‍चों और युवाओं में अकेलेपन बढ़ा है जिस वजह से अब उनमें डिप्रेशन और एनेक्‍साइटी की समस्‍या बढ़ती जा रही है. ये लक्षण बच्‍चों के शारीरिक और मानसिक विकास को बहुत प्रभावित करते हैं और लंबे समय तक उनके जीवन पर असर डालते हैं. ऐसे में माता पिता की यह जिम्मेदारी बनती है कि वे अपने बच्चों के शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य का भी पूरा-पूरा ध्यान रखें. हम यहां कोविड के सिचुएशन में कुछ पेरेंटिंग टिप्‍स बता रहे हैं जिसकी मदद से आप बच्‍चों को घर पर रिलैक्‍स और स्‍ट्रेसफ्री रख सकते हैं.

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1.दोस्तों से संपर्क बनाए रखने में करें उनकी मदद

कोरोना में सोशल डिस्टेंसिंग बेहद जरूरी है पर आप बच्चों को उनके हम उम्र दोस्‍तों के साथ संपर्क में रहने की अहमियत को समझें और उन्‍हें आपस में कनेक्‍टेड रहने में मदद करें. आप इसके लिए वीडियो कालिंग या फोन की मदद ले सकते हैं. ऐसा करने पर उनका स्‍ट्रेस दूर होगा और वे खुद को बंद महसूस नहीं करेंगे और खुश रहेंगे.

2.ऐक्टिविटी से जोड़ें



स्‍कूल बंद हो जाने की वजह से बच्‍चे लगातार घर पर हैं और अपने पेरेंट्स के साथ ही हैं. ऐसे में उन्‍हें कुछ ऐसी ऐक्टिविटी में शामिल करें जिसे वे एन्‍जॉय करते हों. जैसे कुकिंग, गार्डनिंग, क्‍लीनिंग, लॉन्‍ड्री आदि. उनके साथ जबरदस्‍ती ना करें और गलती पर डांट ना लगाएं बल्कि मोटिवेट करें.

3.ऑनलाइन क्‍लास में उनकी मदद करें

बच्‍चों के लिए कई चीजें ऑनलाइन समझना आसान नहीं होता. ऐसे में अगर उनका मन पढ़ाई में नहीं लग रहा है तो उनकी मदद करें. इंट्रेस पैदा कराएं और घर में बिना तनाव बनाएं उन्‍हें खेलते खेलते सिखाएं.

4.बच्‍चों के स्‍ट्रेस को करें दूर

इस समय बच्चे का चिंतित होना सामान्य बात है पर आप अपने बच्चे में भावनात्मक संकेतों के देखें और उसी के बारे में उनसे बात करें. इस बात का विशेष ध्यान रखें कि बच्चे अपनी भावना व्यक्त करते रहें. COVID-19 से रिलेटेड उनके सवालों से बचे नहीं और उनके सभी सवालों का जवाब दें. इससे उनके मन की चिंता दूर होगी.

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5.कोरोना के बारे में दें जानकारी

बच्‍चों को कोरोना के बारे में समझाएं कि अगर हम उचित देखभाल करेंगे तो चीजें जल्द ही बेहतर हो जाएंगी. ऐसा करने से बच्चों में विश्वास पैदा होता है और वह मानसिक रूप से स्वास्थ्य फिल करेंगे. अपने बच्चों को कोरोना से सुरक्षित रखने के लिए उन्हें कोविड-19 बीमारी के बारे में बताए. उन्हें बीमारी से सुरक्षित रहने के उपाय के बारे में भी अवगत कराए. आप अपने बच्चों के साथ क्वालिटी टाइम बिताएं जिससे उन्हें अकेलापन ना महसूस हो.(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य जानकारियों पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)
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