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डायबिटीज पेशेंट्स को इंजेक्शन से मिल सकती है निजात, तैयार हुआ ये खास कैप्सूल

डायबिटीज पेशेंट्स को इंजेक्शन से मिल सकती है निजात, तैयार हुआ ये खास कैप्सूल

कोरोना संक्रमित बच्चों में वैक्सीन से ज्यादा इम्युनिटी बन जाती है. (Image:shutterstock.com)

कोरोना संक्रमित बच्चों में वैक्सीन से ज्यादा इम्युनिटी बन जाती है. (Image:shutterstock.com)

capsule will replace injection: कैप्सूल के अंदर छोटी सी निडल पेट में जाकर दवाई को सीधे खून में पहुंचा देगी.

  • News18Hindi
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    capsule will replace injection: डायबिटीज के कुछ मरीजों को रोजाना इंसुलिन का इंजेक्शन लेना पड़ता है. इससे काफी दर्द हो सकता है. लोग एक दिन भी इंजेक्शन लगाना नहीं चाहते, लेकिन जिन्हें रोजाना लेना पड़ता है, उससे कितनी तकलीफ होती होगी, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है, लेकिन अब इस इंजेक्शन के झंझट से मुक्ति मिल सकती है.  डेली मेल की खबर के मुताबिक एक स्मार्ट पिल (दवा की गोली) इंजेक्शन की जगह ले सकती है. यह स्मार्ट गोली की बनावट कछुए की तरह होगी, लेकिन इसका साइज ब्लूबेरी जितना होगा. यह कैप्सूल के रूप में होगा जो इंजेक्शन की जगह ले सकता है. डायबिटीज के मरीज या लंबे समय से इंजेक्शन लेने वाले मरीज इसका इस्तेमाल कर सकेंगे. डेली मेल की खबर के अनुसार कैप्सूल का वजन थोड़ा ज्यादा हो सकता है, लेकिन इस तरह से बनाया गया है कि आसानी से यह पेट में चली जाए.

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    ठोस शुगर के अंदर होगी निडल
    यह गोली ऊपर से प्लास्टिक कैप्सूल की तरह दिखती है. इस कैप्सूल के अंदर का भाग ठोस शुगर का बना है. इस ठोस शुगर में छोटी सी निडल मौजूद है. इस निडल की लंबाई 4.5 एमएम है. ठोस शुगर का सामना पेट में अति उच्च नमी से होगा, जहां चार मिनट बाद यह घुलने लगेगा. ठोस शुगर जब घुल जाएगा , तब उसमें से छोटी सी निडल खुल जाएगी और यह पेट की लाइनिंग में पहुंचकर सीधे खून में इस दवा को पहुंचा देगी. इस प्रक्रिया के बाद एक स्प्रिंग के माध्यम से निडल वापस कैप्सूल में आ जाएगी और बाद में पूरा डिवाइस सुरक्षित पाचन तंत्र के माध्यम से बाहर आ जाएगा.

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    पेन लेस होगा कैप्सूल
    शोधकर्ताओं का कहना है कि जब निडल पेट की लाइनिंग में प्रवेश करती है, तो दर्द का एहसास नहीं होता. यह पूरी तरह से पेनलेस प्रक्रिया है. इसी निडल में इंसुलिन मौजूद रहेगा, ठीक उसी तरह जिस तरह डायबिटीज के मरीजों को सूई लगाते समय इंजेक्शन में इंसुलिन भरा होता है. इस डिवाइस के आ जाने के बाद डायबिटीज के मरीजों को रोज इंजेक्शन लगाने की जरूरत नहीं होगी.

    Tags: Diabetes, Health, Lifestyle

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