खाने के बाद सौंफ खाने का है वैज्ञानिक कारण, पेट से जुड़ा है कनेक्शन

रोजाना सौंफ का सेवन कैल्शियम बढ़ाने में मदद करता है, जिसके कारण हड्डियां मजबूत होती हैं.
रोजाना सौंफ का सेवन कैल्शियम बढ़ाने में मदद करता है, जिसके कारण हड्डियां मजबूत होती हैं.

सौंफ (Fennel) एक बेहतरीन माउथ फ्रेशनर (Mouth Freshner) है जिसमें कई तरह के सुगंधित तेल होते हैं. यह मुंह की खराब गंध से छुटकारा पाने में मदद करते हैं.

  • Last Updated: September 25, 2020, 3:05 PM IST
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हर भोजन (Food) के अंत में थोड़ी-सी सौंफ (Fennel) खाने की आम प्रथा अधिकांश भारतीय घरों में देखी जा सकती है. आमतौर पर लोग इस प्रथा को केवल सांसों को तरोताजा (Fresh Breath) करने के लिए अपनाते हैं, लेकिन वे नहीं जानते हैं कि सदियों पुराना यह चलन कई स्वास्थ्य (Health) लाभ लिए हुए है. खाने के बाद मुंह की बदबू दूर करने के लिए माउथ फ्रेशनर के रूप में सौंफ खाने से कई तरह के फायदे होते हैं क्योंकि यह कॉपर, आयरन, कैल्शियम, पोटेशियम, मैंगनीज, सेलेनियम, जिंक  और मैग्नीशियम जैसे मिनरल्स से भरपूर है.

सांसों की दुर्गंध दूर करता है



सौंफ एक बेहतरीन माउथ फ्रेशनर है जिसमें कई तरह के सुगंधित तेल होते हैं. यह मुंह की खराब गंध से छुटकारा पाने में मदद करते हैं. साथ ही यह मुंह में लार की मात्रा को बढ़ाने में मदद करते हैं, जो बदले में मुंह में किसी भी खाद्य कणों को दूर करते हैं. इसके अलावा सौंफ के एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण उन जीवों से छुटकारा पाने में मदद करते हैं जो खराब सांस का कारण बनते हैं.
अपच, कब्ज और सूजन करता है दूर

myUpchar से जुड़े डॉ. लक्ष्मीदत्ता शुक्ला का कहना है कि खाने के बाद सौंफ का सेवन अपच, सूजन, पेट फूलने, एसिडिटी जैसी समस्याओं से छुटकारा दिलाता है. खाना खाने के बाद एक चम्मच सौंफ खाने से पेट दर्द में भी राहत मिलती है. अगर अपच की शिकायत हो तो इसकी चाय बनाकर भी पी सकते हैं. इसके एंटीस्पास्मोडिक और कार्मिनेटिव गुण पेट की गंभीर समस्यों से छुटाकारा दिलाने में फायदेमंद हैं. एंटीस्पास्मोडिक का मतलब है कि पेट और आंत में ऐंठन दूर करने वाली दवाई और कार्मिनेटिव का मतलब एक तरह की दवा जो पेट फूलने और गैस बनने से रोकती है.

वजन कम करने में मदद

सौंफ में मूत्रवर्धक गुण होते हैं, जिससे यह पाचन में सुधार करने में मदद करती है और मेटाबॉलिज्म की दर को बढ़ाती है. यह वजन कम करने का प्राकृतिक तरीका है. वजन घटाने का लक्ष्य लेकर चल रहे हैं तो सौंफ के बीज को भुनकर पीस लें और उस पाउडर को दो बार रोजाना गर्म पानी से सेवन करें.

ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में

दिल से जुड़े मुद्दों के लिए सौंफ में अविश्वसनीय स्वास्थ्य लाभ पाए गए हैं. सौंफ में हाई ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने और नीचे लाने की क्षमता है. इसमें पोटेशियम भी होता है जो हृदय के अनुकूल गुणों के लिए जाना जाता है.

एनीमिया से बचाती है

सौंफ के बीज आयरन, कॉपर और हिस्टिडाइन से समृद्ध होते हैं. ये तीनों लाल रक्त कोशिकाओं के उत्पादन के लिए जरूरी हैं. सौंफ खाने पर शरीर में आयरन बढ़ाने में मदद मिलती है जो हीमोग्लोबिन के उत्पादन में मदद करता है. गर्भवती महिला के लिए विशेष रूप से अच्छी मानी जाती है और उन्हें एनीमिया के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रखने के लिए रोजाना सौंफ का सेवन करने की सलाह दी जाती है.

कैल्शियम बढ़ाने में

रोजाना सौंफ का सेवन कैल्शियम बढ़ाने में मदद करता है, जिसके कारण हड्डियां मजबूत होती हैं. इसमें लगभग 115 एमजी कैल्शियम होता है. कैल्शियम के अलावा फास्फोरस, मैग्नीशियम, विटामिन भी होते हैं जो इस काम में मदद करते हैं.

त्वचा को स्वस्थ रखती है

एंटी-बैक्टीरियल और एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर सौंफ त्वचा के लिए भी बहुत अच्छी है. इससे बने घोल को लगाने से मुंहासों को दूर रखने में मदद मिलती है और इसके एंटीऑक्सीडेंट गुण ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस के दुष्प्रभावों से छुटकारा पाने में मदद करते हैं.अधिक जानकारी के लिए हमारा आर्टिकल, सौंफ की चाय के फायदे, नुकसान और बनाने की विधि पढ़ें. न्यूज18 पर स्वास्थ्य संबंधी लेख myUpchar.com द्वारा लिखे जाते हैं.सत्यापित स्वास्थ्य संबंधी खबरों के लिए myUpchar देश का सबसे पहला और बड़ा स्त्रोत है. myUpchar में शोधकर्ता और पत्रकार, डॉक्टरों के साथ मिलकर आपके लिए स्वास्थ्य से जुड़ी सभी जानकारियां लेकर आते हैं.

अस्वीकरण : इस लेख में दी गयी जानकारी कुछ खास स्वास्थ्य स्थितियों और उनके संभावित उपचार के संबंध में शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। यह किसी योग्य और लाइसेंस प्राप्त चिकित्सक द्वारा दी जाने वाली स्वास्थ्य सेवा, जांच, निदान और इलाज का विकल्प नहीं है। यदि आप, आपका बच्चा या कोई करीबी ऐसी किसी स्वास्थ्य समस्या का सामना कर रहा है, जिसके बारे में यहां बताया गया है तो जल्द से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें। यहां पर दी गयी जानकारी का उपयोग किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या या बीमारी के निदान या उपचार के लिए बिना विशेषज्ञ की सलाह के ना करें। यदि आप ऐसा करते हैं तो ऐसी स्थिति में आपको होने वाले किसी भी तरह से संभावित नुकसान के लिए ना तो myUpchar और ना ही News18 जिम्मेदार होगा।

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