लाइव टीवी

शरीर में आयरन की मात्रा ज्यादा हो जाने से आपको हो सकती है ये गंभीर बीमारी

News18Hindi
Updated: March 19, 2020, 11:57 AM IST
शरीर में आयरन की मात्रा ज्यादा हो जाने से आपको हो सकती है ये गंभीर बीमारी
अगर शरीर में आयरन की कमी होगी, तो हीमोग्लोबिन की भी कमी होगी और शरीर को एनर्जी नहीं मिल पाएगी.

फेफड़ों की मांसपेशियों और टिश्यूज में आयरन के बढ़ने से एनीमिया के घातक लक्षण उभर सकते हैं और फेफड़ों को अपना काम करने में परेशानी हो सकती है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: March 19, 2020, 11:57 AM IST
  • Share this:
शरीर को बहुत सारे पोषक तत्वों की जरूरत होती है जिनमें से एक है आयरन. आयरन शरीर को न सिर्फ एनर्जी प्रदान करता है बल्कि खून की कमी को भी पूरा करता है. शरीर में आयरन की कमी से एनीमिया हो सकता है. आपको बता दैं कि हरी पत्तेदार सब्जियां, पालक, चना और केला खाने से शरीर को आयरन प्राप्त होता है. लेकिन क्या आपको पता है कि अगर शरीर में आयरन की मात्रा अधिक हो जाती है तो आप एक प्रकार की गंभीर बीमारी के शिकार भी हो सकते हैं. जी हां ये बिल्कुल सच है और इस बीमारी का नाम है अस्थमा. Eurekalert.org की एक रिपोर्ट के अनुसार अगर फेफड़ों में आयरन की मात्रा ज्यादा हो जाती है तो व्यक्ति को अस्थमा का खतरा हो सकता है. रिपोर्ट के अनुसार फेफड़ों की मांसपेशियों और टिश्यूज में आयरन के बढ़ने से एनीमिया के घातक लक्षण उभर सकते हैं और फेफड़ों को अपना काम करने में परेशानी हो सकती है.

इसे भी पढ़ेंः Exercise के साथ करने पड़ते हैं ये 5 काम, तभी हेल्दी रह सकते हैं आप

क्यों जरूरी है शरीर के लिए आयरन
आयरन शरीर के लिए एक जरूरी पोषक तत्व माना जाता है. इसके अलावा शरीर में हीमोग्लोबिन के सिंथेसिस में आयरन अहम भूमिका निभाता है. हीमोग्लोबिन एक ऐसा मॉलीक्यूल होता है, जो ऑक्सीजन को बांधता है और शरीर के सभी हिस्सों के सेल्स तक उसे पहुंचाता है, ताकि शरीर को एनर्जी मिल सके. दरअसल अगर शरीर में आयरन की कमी होगी, तो हीमोग्लोबिन की भी कमी होगी और शरीर को एनर्जी नहीं मिल पाएगी. इससे आपको हर समय थकान महसूस होगी.



क्यों जमा होता है शरीर में आयरन


आयरन खाने-पीने की चीजों से प्राप्त होता है. शरीर में आयरन का रेगुलेशन कई स्तरों पर होता है, ताकि शरीर में इसकी अधिकता और कमी को तरीके से मैनेज किया जा सके. हालांकि कई बार जब लोग बहुत ज्यादा आयरन का सेवन कर लेते हैं, तो ये सेल्स में जाकर जमा होने लगता है. ऐसी स्थिति में सेल्स नॉर्मल फंक्शन नहीं कर पाते हैं. यही जमाव अगर फेफड़ों की सेल्स में हो जाए तो अस्थमा का कारण बन सकता है. डॉक्टरों की मानें तो फेफड़ों की समस्याओं का खतरा उन बच्चों को ज्यादा होता है, जिनकी मां में उनके जन्म के समय आयरन की बहुत ज्यादा कमी होती है.

फेफड़ों को कैसे प्रभावित करता है आयरन
जब किसी व्यक्ति के फेफड़ों के सेल्स में ज्यादा आयरन जमा हो जाता है, तो यह इंफ्लेमेशन का कारण बनता है. इंफ्लेमेशन यानी सूजन के कारण म्यूकस (बलगम) ज्यादा बनता है और श्वासनली पतली हो जाती है. ऐसा होने से अस्थमा के लक्षण नजर आने लगते हैं. इस स्थिति में उस व्यक्ति के लिए सांस लेना मुश्किल हो जाता है और उसके फेफड़ों को पर्याप्त ऑक्सीजन मिलना बंद हो जाता है.

इसे भी पढ़ेंः दांतों की तरह रोज जीभ साफ करना भी होता है जरूरी, इंफेक्शन से मिलता है छुटकारा

कैसे रहें सावधान
आयरन की कमी पूरी करने के लिए नैचुरल फूड्स का सेवन किया जा सकता है. इससे खतरा नहीं होता लेकिन अगर कोई व्यक्ति बिना डॉक्टर की सलाह के आयरन की कोई खास दवाई या मल्टीविटामिन कैप्सूल्स ले रहा है, तो उसे सावधान हो जाना चाहिए. किसी भी प्रकार की दवाई लेने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें. खुद से कोई मेडिकेशन न करें.

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए Junagadh से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: March 19, 2020, 10:56 AM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
corona virus btn
corona virus btn
Loading