ऑफिस और पार्टनर के बीच इस तरह बैठाएं तालमेल, रिश्ते में हमेशा रहेगा प्यार

जिंदगी की गाड़ी ठीक तरह से चलती रहे इसके लिए बेहद जरूरी है कि घर गृहस्थी और करियर के बीच बेहतर तालमेल हो.

News18Hindi
Updated: July 5, 2019, 3:39 PM IST
ऑफिस और पार्टनर के बीच इस तरह बैठाएं तालमेल, रिश्ते में हमेशा रहेगा प्यार
घर और ऑफिस में कैसे बैठाएं तालमेल
News18Hindi
Updated: July 5, 2019, 3:39 PM IST
जिंदगी की गाड़ी ठीक तरह से चलती रहे इसके लिए बेहद जरूरी है कि घर गृहस्थी और करियर के बीच बेहतर तालमेल हो. भारतीय समाज में अक्सर लड़कियों से ये उम्मीद की जाती है कि वो घर संभालने के लिए अपना करियर छोड़ दें जोकि सही नहीं है. ये बात सही है कि अगर दोनों पार्टनर वर्किंग हैं तो घर और ऑफिस के बीच तालमेल बैठाने में काफी मुश्किल आती है जिसकी वजह से कई बार रिश्तों में तनाव पैदा हो जाता है. इसकी वजह से लोग कई बार इतने ज्यादा तनाव में रहने लगते हैं कि ऑफिस में उनका प्रदर्शन तो खराब होता है और घर परिवार भी चौपट हो जाता है. आइए जानते हैं आप कैसे बैठा सकते हैं घर और करियर में तालमेल

बॉन्डिंग हो मजबूत: प्यार के रिश्ते में सबसे जरूरी है दोस्ती का होना. दोस्ती ही वो बांड है जो आपको अपने पार्टनर से कनेक्ट रखती है और आपकी उसकी परेशानियों को समझते हुए उससे तालमेल बैठा पाते हैं. जब आप साथी को समझ कर उससे ऑफिस की बातें साझा करेंगे तो वो भी आपको समझने की कोशिश करेगा और हो सकता है कि आपको उचित सलाह भी दे.

टाइम निकालें: कई बार कुछ लोग इतने ज्यादा प्रोफेशनल होते हैं कि सारा समय ऑफिस को ही दे देते हैं. ऑफिस जरूरी है जनाब लेकिन आपका साथी भी उतना ही जरूरी है. ऑफिस में थोड़ा वक्त निकालकर अगर अप साथी से उसके दिन भर का हाल पूछ लेंगे तो उसे काफी अच्छा महसूस होगा और उसे लगेगा कि आपको उसकी परवाह है.
बात करें: बातें बड़ी बड़ी समस्याओं को हल कर देती है. कई बार वक्त की कमी के चलते हम इतने व्यस्त हो जाते हैं कि ऑफिस से घर आने के बाद भी साथी से बात नहीं कर पाते और साथी को लगता है कि अब आप उसमें रुचि खो रहे हैं. अगर बहुत ज्यादा व्यस्त हैं तो भी कोशिश करें कि कम से कम साथी के साथ 20 से 30 मिनट तो बात कर ही लें.

करें मदद: प्यार जीवन के हर सुख दुख में साथ देने का नाम है. अगर साथी अकेले काम कर रहा है तो आप उसकी मदद करवा सकते हैं. मसलन- कपड़े धुलवाते वक्त, रसोई का काम करते वक्त या बच्चों की पढ़ाई लिखाई और परवरिश के वक्त. आखिर घर तो आपका ही है तो सारी जिम्मेदारियां केवल एक ही इंसान के कंधे पर क्यों लाद दी जाए.
First published: July 5, 2019, 3:38 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...