भारत के वे मंदिर जहां है छिपे हुए खजानों का अंबार, लेकिन कोई नहीं लगा सकता हाथ

secrets of padmanabhaswamy temple richest temple of india

secrets of padmanabhaswamy temple richest temple of india

कहा जाता है कि इन खजानों की रक्षा कुछ दैवीय शक्तियां कर रही हैं और उनके पास तक कोई नहीं फटक सकता.

  • News18Hindi
  • Last Updated: April 30, 2019, 4:29 AM IST
  • Share this:
भारत को एक जमाने में सोने की चिड़िया कहा जाता था. ये दुनिया का सबसे अमीर देशों में एक हुआ करता था. भारत को तमाम आतताइयों ने लूटा और रही सही कसर अंग्रेजों ने पूरी करने की कोशिश की. फिर भी भारत में ऐसी कई जगहें हैं, जहां छिपे हुए खजानों का अंबार है. कहा जाता है कि इन खजानों की रक्षा कुछ दैवीय शक्तियां कर रही हैं और उनके पास तक कोई नहीं फटक सकता.

पद्मनाभस्वामी मंदिर के तहखाने, केरल: तिरूवनंतपुरम, केरल के श्री पद्मनाभस्वामी मंदिर को अंतर्राष्ट्रीय ख्याति मिली जब जून 2011 में इसके एक तहखाने को खोला गया. अधिकारी अंदर का दृश्य देख कर स्तब्ध रह गए. उस तहखाने में गहने, मुकुट, मूर्तियों के साथ रोजाना इस्तेमाल किए जाने वाले बर्तन थे. लेकिन यह सब सोने के थे और इनमें कई नगीने भी लगे थे. तहखाने में मिले इस खजाने की अंतर्राष्ट्रीय कीमत 22 अरब डॉलर आंकी गई. सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया कि दूसरा तहखाना तभी खुलेगा जब पहले तहखाने में मिली संपत्ति का सारा कागजी काम पूरा हो जाएगा. मंदिर के पुजारियों के अनुसार दूसरे तहखाने में और भी बड़ा खजाना है, जिसकी रक्षा ‘नाग’ करते हैं. इस खोलने से भारी तबाही हो सकती है.

इस मंदिर में भगवान खुद करते हैं मौसम की भविष्यवाणी, जानिए रहस्य!



श्री मोक्कमबिका मंदिर, कर्नाटक: ये मंदिर कर्नाटक के पश्चिमी घाट के कोल्लूरके नीचे की तरफ है. इस मंदिर की सालाना आय 17 करोड़ है. मंदिर के पुजारियों के अनुसार ‘नाग’ का चिन्ह होने के कारण मंदिर के नीचे बहुत बड़ा खजाना है. ये ‘नाग’ मंदिर को बाहरी ताकतों से बचाता है. अगर खजाने को छोड़ भी दें, तो भी मंदिर में 100 करोड़ रुपए के गहने हैं.
कृष्णा नदी का खजाना, आध्र प्रदेश: दुनिया के सबसे बेहतरीन हीरों का खनन कृष्णा नदी के किनार कोल्लुर में हुआ था. गोलकुंडा राज्य का यह भाग आज कृष्णा और गुंटूर जिले हैं. माना जाता है कि आज भी हीरे की बहुत बड़ी खेप वहां मौजूद है. कोहीनूर हीरा भी इसी जगह से आया था.

आज इस समय से लग रहा है पंचक, किया ये काम तो होगा भारी नुकसान!

चारमीनार सुरंग, हैदराबाद: माना जाता है कि चारमीनार और गोलकुंडा को जोड़ने वाली सुरंग में बहुत बड़ा खजाना छुपा है. कहानियों के अनुसार इस सुरंग का निर्माण सुल्तान मोहम्मद कुली कुतुब शाह ने शाही परिवार के लिए करवाया था, जिससे कि जरूरत पड़ने पर वो किले से चारमीनार आसानी से जा सकें. 1936 में निजाम मीर उस्मान अली को एक रिपोर्ट भी दी गई, मगर उन्होंने इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाया. माना जाता है कि आज भी सुरंग में खजाना मौजूद है.

एक क्लिक और खबरें खुद चलकर आएंगी आपके पाससब्सक्राइब करें न्यूज़18 हिंदी  WhatsApp अपडेट्स
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज