कामकाजी लोग ज़िंदगी में सुकून चाहते हैं तो ज़रूर पढ़ लें ये ख़बर

रिटायरमेंट के बाद भी आप थोड़ा-बहुत काम करें तो आपके लिए अच्छा है.

News18Hindi
Updated: January 14, 2018, 11:07 AM IST
कामकाजी लोग ज़िंदगी में सुकून चाहते हैं तो ज़रूर पढ़ लें ये ख़बर
नींद के घंटे घटाकर काम न करें.
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Updated: January 14, 2018, 11:07 AM IST
प्रोफेशनल लाइफ में आगे बढ़ने के साथ जिंदगी खुशगवार बनाए रखना बेहद जरूरी है, जानिए वे बातें जो ज़िदगी में सुकून लाने में आपकी मदद करेंगी.

काम को घर न लाएं- ऑफिस से बाहर निकलने से पहले उन कामों की सूची बना लें, जो पूरे नहीं हो पाए. खुद को पूरी तरह ऑफिस के काम से आजाद कर लें. गहरी सांस लें और इस बात का अहसास करें कि ऑफिस से बाहर आ गई हैं.

ना कहना सीखें- काम के लिए चौबीसों घंटे उपलब्ध रहेंगे, तो स्वाड्टााविक रूप से आप पर काम का बोझ बढ़ जाएगा. अतिरिक्त काम मिलने पर तुरंत हां कहने से पहले थोड़ा ठहर जाएं. हां कहना चाहते हैं, तो अच्छी बात है लेकिन अगर ना कहने की इच्छा है, तो ना ही कहें.

काम के लिए ‘शहीद’ न हों- कुछ लोग सब काम खुद ही कर लेना चाहते हैं. इस बात पर गंभीरता से सोचने की जरूरत है कि इससे दूसरे लोगों पर क्या प्रभाव पड़ रहा होगा. ज्यादातर लोग अत्यधिक काम यह सोचकर करते हैं कि इससे दूसरों की नज़र में उनका सम्मान बढ़ जाएगा.

आपाधापी अच्छी नहीं- ऑफिस, जिम या कोई पार्टी हो हर जगह दौड़ते-भागते पहुंचते हैं? ऐसे जल्दबाजी करने वाले लोग एक चीज खत्म होने पर दूसरी चीज के लिए हड़बड़ी करने लगते हैं. ऐसी स्थिति में दोस्तों और परिवार वालों के लिए समय कैसे निकालेंगे?

स्मार्ट तरीके से काम करें- नींद के घंटे घटाकर काम न करें. यह चलन सही नहीं है. काम के घंटे जितने महत्वपूर्ण हैं, काम के बाद का समय उतना ही मूल्यवान है.’ काम ज्यादा नहीं, स्मार्ट होना चाहिए. हर काम के लिए समय तय होना चाहिए. गैर जरूरी चीजों में नहीं उलझना चाहिए.

रिटायरमेंट के बारे में सोचें- कुछ लोग काम में इस कदर डूब जाते हैं कि उन्हें उसी में आनंद मिलता है. सोचें कि जॉब न कर पाने की स्थिति, जॉब छूटने या व्यवसाय नहीं चल पाने पर आप खुद को कैसे संभालेंगे? रिटायरमेंट के बाद आप समय किस तरह बिताएंगे, क्या आपने में सोचें.
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