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क्या होती है सरोगेसी जिससे शिल्पा शेट्टी बनीं मां, जानें किन स्वास्थ्य समस्याओ में है बेहतर विकल्प

News18Hindi
Updated: February 23, 2020, 3:56 PM IST
क्या होती है सरोगेसी जिससे शिल्पा शेट्टी बनीं मां, जानें किन स्वास्थ्य समस्याओ में है बेहतर विकल्प
कम उम्र में प्रेग्नेंसी के चलते हाई ब्लड प्रेशर की समस्या हो सकती है.

सेरोगेसी बच्चे पैदा करने की एक नई तकनीक है. इस तकनीक में माता या पिता किसी की भी शारीरिक कमजोरी की वजह से यदि वे बच्चा पैदा करने में परेशानियां हो रही हैं तो वे इसका सहारा ले सकते हैं.

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  • Last Updated: February 23, 2020, 3:56 PM IST
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बॉलीवुड एक्ट्रेस शिल्पा शेट्टी दोबारा मां बनीं हैं. उन्होंने सेरोगेसी (surrogacy) के जरिए बेटी को जन्म दिया है. शिल्पा से पहले शाहरूख खान, एकता कपूर जैसे कई स्टार्स सेरोगेसी के जरिए पेरेंट्स बन चुके हैं. शिल्पा के घर नन्ही परी के आने के बाद एक बार फिर इस बात पर बहस छिड़ गई है कि सेरोगेसी है क्या और किन स्वास्थ्य समस्याओं में यह एक अच्छा ऑप्शन है. इसलिए आज हम आपको सेरोगेसी के बारे में बताने जा रहे हैं.

क्या है सेरोगेसी ?

सेरोगेसी बच्चे पैदा करने की एक नई तकनीक है. इस तकनीक में माता या पिता किसी की भी शारीरिक कमजोरी की वजह से यदि वे बच्चा पैदा करने में परेशानियां हो रही हैं तो वे इसका सहारा ले सकते हैं. सेरोगेसी में किसी महिला की कोख को किराये पर लिया जाता है. कोख करिए पर लेने के बाद आईवीएफ के जरिए शुक्राणु को कोख में प्रतिरोपित किया जाता है. जो महिला किसी दंपत्ति के बच्चे को अपनी कोख में पालती है उसे सेरोगेट मदर कहा जाता है. किराए पर कोख लेने वाली महिला और दंपत्ति के बीच एक खास एंग्रीमेंट किया जाता है. सरोगेट मदर को प्रेग्नेंसी के दौरान अपना ध्यान रखने और मेडिकल जरूरतों के लिए पैसे दिए जाते हैं.



 



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इन स्थितियों में ले सकते हैं सेरोगेसी का सहारा

- कई बार कोशिश करने और दवाओं का इस्तेमाल करने के बाद भी गर्भपात हो रहा हो तो सेरोगेसी का सहारा लिया जा सकता है.

- भ्रूण आरोपण उपचार की विफलता के बाद सेरोगेसी के जरिए मां बना जा सकता है.

- गर्भाशय या श्रोणि विकार होने पर सेरोगेसी का ऑप्शन लिया जा सकता है.

- जिन महिलाओं को हाई ब्लड प्रेशर, हार्ट प्रॉब्लम या अन्य स्वास्थ्य समस्याएं और वो गर्भ धारण नहीं कर पा रही हों. वो सेरोगेसी का सहारा ले सकती हैं.

कितने प्रकार की होती है सेरोगेसी

सेरोगेसी दो प्रकार की होती है. ट्रेडिशनल और जेस्टेशनल

ट्रेडिशनल सरोगेसी: सरोगेसी की इस विधि में करिए पर ली गई कोख में पिता का स्पर्म महिला के एग्स से मैच कराया जाता है. इस सरोगेसी में जैनिटक संबंध सिर्फ पिता से होता है.

जेस्टेशनल सरोगेसी: इस विधि में माता-पिता के स्पर्म और एग्स को मेल टेस्ट ट्यूब के जरिए सेरोगेट मदर के गर्भाश्य में प्रत्यारोपित किया जाता है.

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First published: February 22, 2020, 1:45 PM IST
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