होम /न्यूज /जीवन शैली /मिसकैरेज से जूझ रही महिला के लिए फैमिली सपोर्ट जरूरी, हो सकती है सदमे की शिकार, ऐसे रखें ख्याल

मिसकैरेज से जूझ रही महिला के लिए फैमिली सपोर्ट जरूरी, हो सकती है सदमे की शिकार, ऐसे रखें ख्याल

मिसकैरेज के बाद महिलाएं पोस्टट्रॉमेटिक स्‍ट्रेस और डिप्रशन की शिकार हो सकती हैं. (Image : Canva)

मिसकैरेज के बाद महिलाएं पोस्टट्रॉमेटिक स्‍ट्रेस और डिप्रशन की शिकार हो सकती हैं. (Image : Canva)

किसी भी महिला के लिए मां बनना दुनिया के सबसे सुखद अनुभवों में से एक होता है. लेकिन प्रेगनेंसी के दौरान किसी तरह की समस ...अधिक पढ़ें

हाइलाइट्स

परिवार का इमोशनल सपोर्ट ना मिले तो महिला गहरे सदमे में जा सकती है.
कई पार्टनर ये सोचते हैं कि बात करने से दुख पहुंचेगा, लेकिन बातचीत जरूरी है.

How Family Can Support Women After Miscarriage:  प्रेगनेंसी के दौरान मिसकैरेज या गर्भपात हो जाना ना केवल महिला के शरीर को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि मानसिक रूप से भी वह गहरे आघात का सामना करती है. कई बार ये भावनात्‍मक चोट इतना गहरा होता है कि वह खुद को तनाव और अवसाद से बाहर नहीं निकाल पाती. ऐसे हालात में घर का माहौल और पार्टनर का साथ सकारात्‍मक होना बहुत जरूरी है. मिसकैरेज के बाद महिलाएं कई तरह के नकारात्मक भावनाओं से जूझती रहती हैं और इसका असर उनके शरीर और स्‍वास्‍थ्‍य पर भी पड़ने लगता है. ऐसे में अगर पार्टनर और परिवार का इमोशनल सपोर्ट ना मिले तो वो और भी सदमें में जा सकती है.

द हेल्‍थशॉट के मुताबिक, एक स्टडी में पाया गया है कि मिसकैरेज के बाद महिलाएं पोस्टट्रॉमेटिक स्‍ट्रेस, डिप्रशन और एंज़ाइटी का शिकार हो जाती हैं और इससे उबरने में उन्‍हें 9 महीने तक का समय लग सकता है. ऐसे में जरूरी है कि परिवार वाले महिला का केयर करें और सही तरह से देखभाल करना जानें. यहां हम बता रहे हैं कि मिसकैरेज के बाद किस तरह महिला का शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का ख्याल रखा जा सकता है.

मिसकैरेज से जूझ रही महिला का इस तरह रखें ख्‍याल

सेहत का रखें ख्‍याल
मिसकैरेज के बाद रिकवरी के लिए जरूरी है कि महिला अपने हाइड्रेशन, खान पान, वर्कआउट, नींद आदि का पूरा ख्‍याल रखे. लेकिन अगर महिला ऐसा नहीं कर पा रही तो आप उसकी मदद करें और अपनेपन से सेल्‍फ केयर के लिए भी मोटिवेट करें.

पार्टनर करे सपोर्ट
कई पार्टनर ये सोचते हैं कि इस बात पर चर्चा करने से वे उसे और भी दुख पहुंचाएंगे.  लेकिन कई बार सही संवाद ना होने की वजह से समस्या और भी बढ़ जाती है. इसलिए आप बिना चोट पहुंचाएं महिला के साथ संतुलित व्‍यवहार करें और उससे बातचीत जारी रखें.

इसे भी पढ़ें : वर्किंग वूमन ऑफिस जाने से पहले बैग में जरूर रखें 7 चीजें, कई काम होंगे आसान

समय दें
परिवारवालों के लिए भी ये मुश्किल भरा समय होता है लेकिन उन्‍हें यह समझना जरूरी है कि मिसकैरेज के बाद भावनात्मक रूप से ठीक होने में थोड़ा समय लग सकता है. इसलिए जल्‍दबाजी ना करें.

इसे भी पढ़ें : पुरुषों की तुलना में महिलाओं में हो जाती है इन विटामिंस की कमी, इस तरह रहें हेल्‍दी

Tags: Lifestyle, Mental health, Pregnancy, Women Health

टॉप स्टोरीज
अधिक पढ़ें