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Workplace Counselling: मेरी जूनियर की सैलेरी मुझसे ज्यादा है, इस बेइज्जती से कैसे बचूं


Updated: November 28, 2019, 5:02 PM IST
Workplace Counselling: मेरी जूनियर की सैलेरी मुझसे ज्यादा है, इस बेइज्जती से कैसे बचूं
इसलिए आपको चाहिए की आप अपनी मांग पूरजोर तरीके से अपने सीनियर्स के समझ रखें. यह भी आपकी नेतृत्व क्षमता का ही एक पहलू है.

क्या आप अपने दफ्तर में बुरे दौर से गुजर रहे हैं. क्या आपके साथी कर्मचारी आपके साथ अच्छा व्यवहार नहीं कर रहे. क्या आपका दफ्तर का माहौल ही आपकी प्रगति के आड़े आ रहा है. आपके ऑफिस में कोई ऐसी चीज हो रही है जो आपको परेशान कर रही है. तो आप हमसे संपर्क करें हम आपकी समस्याओं को सुलझाने की सही सलाह देंगे.

  • Last Updated: November 28, 2019, 5:02 PM IST
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समस्या: मैं अपनी कंपनी के ऑपरेशन्स विभाग मे काम करता हूं. मेरी एक जूनियर कर्मचारी को मुझसे ज्यादा सैलेरी मिलती थी. हालही में उसने नौकरी छोड़ दी. लेकिन उसकी जगह आने वाली दूसरी जूनियर की भी सैलेरी ज्यादा होगी यह भी तय है. मेरे बॉस ने मुझे दिलासा दी है कि वो मेरा इंक्रीमेन्ट करवाएंगे. तब तक मैं जूनियर की अधिक सैलेरी वाली बेइज्जती को कैसे झेलूं.

उपचार: इस तरह के हालात में कैसा महूसूस होता है हम समझ सकते हैं. कंपनियों में सैलेरी में बढ़ोतरी अधिक से अधिक साल में एक बार ही होती है. ऐसी स्थिति में यदि आपके जूनियर के पेस्केल बेहतर है तो आपको अच्छा नहीं लगेगा. लेकिन फिलहाल उसके साथ मिलकर काम करने के अलावा कोई चारा नहीं है. बेहतर ये होगा कि आप उसे एक अच्छे सहयोगी और लीडर की तरह शानदार काम करके दिखाएं.

इसके साथ ही आपको अपनी बात रखने का पूरा अधिकार है. आपके अनुभव और कार्यकुशलता के अनुरुप सैलेरी होनी चाहिए. इसलिए आपको चाहिए की आप अपनी मांग पूरजोर तरीके से अपने सीनियर्स के समझ रखें. यह भी आपकी नेतृत्व क्षमता का ही एक पहलू है.

आप अपनी बात रखने से पहले पूरा डेटा रिसर्च अच्छे से कर लें. इसमें आपके समकक्ष काम करने वाले मार्केट प्रोफेशनल्स की सैलेरी की जानकारी जुटा लें. आप यह भी बताएं कि कम सैलेरी की वजह से कैसे आपकी मानसिकता में बदलाव आ रहा है. आपका काम में मन नहीं लग रहा है. जिसकी वजह से आपकी उत्पादकता भी घट चुकी है.

अपनी मांग रखने से पहले आप इस बात का भी ख्याल रखें कि आपकी दक्षता आपकी जूनियर से अधिक हो. यह बहुत जरुरी है कि यदि आपके कार्यक्षमता वैसी नहीं है जैसी कंपनी को आपके पद के कर्मचारी से चाहिए तो आपकी मांग पूरी नहीं हो सकती. बेहतर ये होगा कि आप अपनी दक्षता उन्नयन पर काम करें.

कंपनी से किया गया अपना सारा पत्राचार आप अच्छे से संभाल कर रखें ताकि वक्त पड़ने पर इसको दोबारा पेश किया जा सके. इसके अलावा आप सही समय का इंतजार करें और उम्मीद न हारें.

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First published: November 28, 2019, 4:59 PM IST
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