होम /न्यूज /मध्य प्रदेश /

MP News: कैदी की मौत पर जबरदस्त बवाल, परिजनों ने कहा- घर से ही मारती ले गई पुलिस

MP News: कैदी की मौत पर जबरदस्त बवाल, परिजनों ने कहा- घर से ही मारती ले गई पुलिस

भिंड की उप जेल में बंद कैदी की मौत पर बवाल मच गया. मामले में एसपी शैलेंद्र सिंह ने तत्काल तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया.

भिंड की उप जेल में बंद कैदी की मौत पर बवाल मच गया. मामले में एसपी शैलेंद्र सिंह ने तत्काल तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया.

Bhind jail custody death news: एमपी के भिंड जिले के देहात इलाके अकाहा में उस वक्त हंगामा मच गया जब कैदी बृजेंद्र जाटव की इलाज के दौरान मौत हो गई. उसका इलाज ग्वालियर के जयारोग्य अस्पताल में चल रहा था. परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने उसकी हत्या की है. पुलिस घर से मृतक को मारते हुए ले गई थी और उमरी थाने में भी मारा. उसे आबकारी एक्ट में पकड़ा गया था. मामले को बढ़ता देख एसपी ने तुरंत तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है. हालांकि, पुलिस का कहना है कि मृतक आपराधिक प्रवृत्ति का था और उस पर हत्या जैसा संगीन आरोप भी था.

अधिक पढ़ें ...

भिंड. भिंड की गोहद उप जेल में बंद एक कैदी की अस्पताल में मौत होने से बवाल मच गया है. मृतक कैदी के परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर एसपी ऑफिस का घेराव किया. परिजनों ने पुलिसकर्मियों पर हत्या का आरोप लगाया और कार्रवाई की मांग की. इस मुद्दे ने अब क्षेत्र में राजनीतिक रंग भी ले लिया है. बीएसपी ने भी पुलिस कर्मियों पर हत्या का आरोप लगाया और परिजनों के लिए नौकरी व मुआवजे की मांग की. अटेर के पूर्व विधायक ने भी इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है. इस मामले में भिंड एसपी ने उमरी थाने के एक सब इंस्पेक्टर समेत तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल निलंबित कर दिया. पूरे मामले पर न्यायिक जांच भी बैठा दी गई है. मृतक के शव का पोस्टमार्टम ग्वालियर में सरकारी पैनल की निगरानी में करवाया गया.

जानकारी के मुताबिक, मृतक बृजेंद्र जाटव गोहद उप जेल में बंद था. उसकी ग्वालियर में उपचार के दौरान मौत हो गई. अकाहा गांव निवासी मृतक को उमरी थाना पुलिस ने 7 दिसंबर को आबकारी एक्ट के प्रकरण में गिरफ्तार किया गया था. 8 दिसंबर को तबियत बिगड़ी तो उसे उपचार के लिए गोहद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया. यहां से डॉक्टरों ने उसे ग्वालियर रेफर कर दिया. ग्वालियर के जयारोग्य अस्पताल में गुरुवार को बृजेंद्र की मौत हो गई. उसकी मौत की खबर जैसे ही परिजनों को लगी तो अकाहा गांव में हंगामा मच गया. मृतक के परिजनों ने अकाहा गांव के ग्रामीणों के साथ मिलकर एसपी ऑफिस का घेराव कर दिया, बृजेंद्र के परिजनों का कहना है कि पुलिसकर्मियों ने उसे घर से गिरफ्तार किया और पीटते हुए थाने ले गए. इसके बाद उमरी थाने में भी उसे जमकर पीटा गया. इस वजह से ही ब्रजेंद्र की मौत हो गई.

50 लाख के मुआवजे और सरकारी नौकरी की मांग

इस मामले में बीएसपी के जिला अध्यक्ष दिलीप बौद्ध ने उमरी थाने के पुलिसकर्मियों पर सीधे तौर पर हत्या का आरोप लगाया और मृतक के परिजनों को 50 लाख रुपये मुआवजा देने के साथ-साथ परिवार के एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी देने की मांग की है. वहीं, भिंड विधायक संजीव सिंह कुशवाह ने बताया कि मृतक ब्रजेन्द्र का पोस्टमॉर्टम पैनल की देखरेख में हुआ है. उसकी वीडियोग्राफी भी हुई है, जो भी तथ्य सामने निकल कर आएंगे और जो दोषी पाया जाएगा वह भले ही कोई भी अधिकारी क्यों न हो उसके खिलाफ जरूर कार्रवाई होगी. इस मामले में अटेर के पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता हेमंत कटारे ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाया.

तीन पुलिसकर्मी तत्काल निलंबित

दूसरी ओर, मामला बढ़ता देख भिंड एसपी शैलेंद्र सिंह ने मृतक के परिजनों की मांग पर उमरी थाने के एक सब स्पेक्टर समेत तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है. एसपी सिंह का कहना है कि इस पूरे मामले की न्यायिक जांच की जा रही है और जो भी आगे कार्रवाई होगी वह जांच के आधार पर ही की जाएगी. पुलिस का कहना है कि बृजेंद्र जाटव का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है. उस पर कई बार आबकारी एक्ट के मामले दर्ज हुए हैं. इसके अलावा उस पर हत्या जैसा गंभीर आरोप भी है.

Tags: Bhind news, Mp news

विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर