लाइव टीवी

सुर्ख़ियां : OSMO कंपनी पर छापा, चुनाव आयोग की नाराज़गी के बाद हटाए गए निवाड़ी कलेक्टर

News18 Madhya Pradesh
Updated: April 12, 2019, 9:14 AM IST
सुर्ख़ियां : OSMO कंपनी पर छापा, चुनाव आयोग की नाराज़गी के बाद हटाए गए निवाड़ी कलेक्टर
फाइल फोटो

भोपाल ज़िला सहकारी बैंक का 118 करोड़ रुपए डूबने के कगार पर है. मुंबई की जिस कंपनी में इस राशि का निवेश एपडी के तौर पर किया गया था वो दिवालिया हो गयी है. पिछली भाजपा सरकार में ये एफडी की गयी थी.

  • Share this:
ई टेंडर घोटाला, सपाक्स का घोषणा पत्र, बीएसपी की लिस्ट जारी होने के साथ खेल, व्यापार, अपराध, समाज,देश और प्रदेश की ख़बरें आज के अखबारों में हैं.

दैनिक भास्कर सहित सभी अख़बारों ने भोपाल में ई-टेंडर घोटाले की जांच के सिलसिल में भोपाल में ऑस्मो कंपनी के दफ्तर पर छापे की खबर प्रमुखता से दी है. कंपनी के दफ्तर से हुई थी टेंपरिंग, 3 डायरेक्टर गिरफ्तार.EOW ने गुरुवार को ऑस्मोआईटी सॉल्यूशन कंपनी के डायरेक्टर विनय चौधरी, वरुण चतुर्वेदी और सुमित गोलवलकर को गिरफ्तार कर लिया. शुक्रवार को तीनों को कोर्ट में पेश किया जाएगा. कंपनी के भोपाल में मान सरोवर कॉम्प्लेक्स स्थित दफ्तर के कम्प्यूटरों से टेंडर्स में छेड़छाड़ की जानकारी मिली है.

ये भी पढ़ें -दिग्विजय सिंह ने कार्यकर्ताओं से किया 'विनम्र आग्रह'- मेरी नामांकन रैली में न आएं...

पत्रिका में छपा है कि चुनाव आयोग की नाराज़गी के बाद गुरुवार को निवाड़ी कलेक्टर अक्षय कुमार सिंह को हटा दिया गया है. अक्षय निवाड़ी ज़िले के पहले कलेक्टर थे. अब उनकी जगह शैलबाला मार्टिन को ज़िम्मेदारी दी गयी है. मार्टिन अभी सीईओ इंटर स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी थीं.अक्षय को बिना विभाग के अप सचिव के रूप में मंत्रालय में पदस्थ किया गया है.

भास्कर ने भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्व विद्यालय में हुई आर्थिक गड़बड़ियों पर कमलनाथ सरकार की नज़र है. जल्द ही इस मामले में भी एफआईआर होगी. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पिछली भाजपा सरकार में ना केवल अनाप-शनाप पैसे बांटे गए बल्कि भाजपा और आरएसएस के लोगों को फायदी भी पहुंचाया गया. नोएडा में संघ के लोगों के रुकने के लिए डोरमेट्री तक बनवायी गयी. नोएडा कैंपस के लिए हर साल 60लाख रुपए तक किराया दिया गया.

ये भी पढ़ें -ई-टेंडर घोटाला : 2014 से लेकर अब तक के साढ़े तीन लाख टेंडर्स की होगी जांच

पत्रिका ने अश्विन शर्मा की खबर दी है. उसने खुलकर कहा है कि मैंने 15 साल में जो कमाया वो बीजेपी शासन काल का है. सबका हिसाब दूंगा. अश्विन शर्मा ने कहा मैं कांग्रेस या किसी अन्य राजनीतिक दल से नहीं हूं. मैं बीजेपी का समर्थन करता हूं. क्योंकि मैंने पिछले 15 साल में बीजेपी शासन काल के दौरान व्यापार में ये सफलता हासिल की है. मैंने कभी हवाला कारोबार नहीं किया. जो नगदी मिली वो छोटे भाई के घर से मिली. मैं उसका पाई-पाई का हिसाब दूंगा.ये भी पढ़ें -बीजेपी दफ्तर में बदला सीन : 'माफ़ करो शिवराज-हमें चाहिए मोदी राज'

दैनिक भास्कर ने एक और खबर दी है कि भोपाल ज़िला सहकारी बैंक का 118 करोड़ रुपए डूबने के कगार पर है. मुंबई की जिस कंपनी में इस राशि का निवेश एपडी के तौर पर किया गया था वो दिवालिया हो गयी है. पिछली भाजपा सरकार में ये एफडी की गयी थी. कमलनाथ सरकार के सहकारिता मंत्री गोविंद सिंह ने तत्काल ज़िम्मेदार अफसरों पर कार्रवाई की मांग की है.

राजधानी भोपाल के आज के अखबारों में सपाक्स के चुनाव घोषणा पत्र की खबर भी है.सपाक्स पार्टी ने भी अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है. वो 6 मुख्य मुद्दों के साथ चुनाव मैदान में उतर रही है. लेकिन सबसे बड़ा वादा आरक्षण का है. सवर्ण समाज को इंसाफ दिलाने के मुद्दे पर बनी इस पार्टी ने पढ़ाई और नौकरी में सबको समान अवसर देने और जातिगत आधार पर आरक्षण खत्म कर आर्थिक पर आरक्षण देने का जनता से वादा किया है.

बीएसपी ने मध्य प्रदेश के लिए अपने 6 और उम्मीदवारों के नाम की घोषणा कर दी है. इनमें दमोह से जितेंद्र खरे,होशंगाबाद से एमपी चौधरी,बैतूल से अशोक भलावी, राजगढ़ से निशा ओपी त्रिपाठी, विदिशा से गीतावली अहिरवार और भोपाल से माधव सिंह अहिरवार के नाम शामिल हैं.

कांग्रेस प्रत्याशी दिग्विजय सिंह ने पार्टी की महिला कार्यकर्ताओं का सम्मेलन किया. इसमें कार्यकर्ताओं को एक-एक बूथ मज़बूत करने की ज़िम्मेदारी दी गयी है. चार महीने पहले प्रदेश में हुए विधानसभा चुनाव में महिलाओं के वोट प्रतिशत में चार फीसदी का इजाफा हुआ है.इसी गुणा-भाग के साथ दिग्विजय सिंह ने पार्टी की महिला विंग का पूरा फोकस महिला मतदाताओं पर करने के लिए कहा है.

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए भोपाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: April 12, 2019, 9:14 AM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर