भोपाल कोर्ट: आरोपियों को पीएम केयर्स फंड में ₹20-20 हजार जमा कराने के दिए आदेश
Bhopal News in Hindi

भोपाल कोर्ट: आरोपियों को पीएम केयर्स फंड में ₹20-20 हजार जमा कराने के दिए आदेश
महिला डीएसपी से बदतमीजी के मामले में भोपाल न्यायालय ने आरोपियों को 20-20 हजार रुपये पीएकम केयर्स फंड में जमा करने के आदेश दिए हैं.

महिला डीएसपी से बदतमीजी के मामले में भोपाल न्यायालय ने आरोपियों को 20-20 हजार रुपये पीएकम केयर्स फंड में जमा करने के आदेश दिए हैं.

  • Share this:
भोपाल. भोपाल जिला न्यायालय (District Court of Bhopal) ने आरोपियों को 20-20 हजार रुपये पीएम केयर्स फंड (PM Cares Fund) में जमा करने के आदेश दिए हैं. आरोपियों से राशि जमा कराने का यह मध्य प्रदेश में पहला मामला है. यह मामला महिला डीएसपी (DSP) से बदतमीजी करने का है. इससे पहले अप्रैल महीने में ही झारखंड हाईकोर्ट ने भी एक मामले में ऐसा किया. पीएम केयर्स फंड में 35-35 हजार रुपये जमा करवा कर छह लोगों को जमानत दी गई थी. झारखंड में जमानत मिलने वालों में से एक पूर्व सांसद सोम मरांडी भी थे.

दोनों आरोपियों ने महिला डीएसपी से की थी बदतमीजी

दरअसल कोलार इलाके में ड्यूटी के दौरान प्रशिक्षु महिला डीएसपी ऋचा जैन से आरोपी अंकित कोटवानी और कलश खरे ने बदतमीजी की थी. इस मामले में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया. कोर्ट ने दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया था. हालांकि आरोपियों की तरफ से कोर्ट में जमानत याचिका लगाई गई थी. इस जमानत याचिका पर आपत्ति सरकारी वकील ने जताई है.



भोपाल जिला कोर्ट ने दिए आदेश
शनिवार को भोपाल जिला अदालत की सुरेश सिंह की कोर्ट में आरोपियों की जमानत अर्जी पर सरकारी वकील ने आपत्ति जताई. कोर्ट ने 50 हजार की जमानत पेश करने के साथ पीएम राहत कोष में 20-20 हजार रुपए जमा कराने के आदेश दिए. पीएम केयर्स फंड में आरोपियों से राशि जमा कराने का राज्य में यह पहला मामला है.

ई-टेंडर घोटाले में आरोपी मनीष खरे का बेटा है कलश

महिला डीएसपी से बदतमीजी करने के मामले का आरोपी कलश खरे है, जो मनीष खरे का बेटा है. ई-टेंडर महाघोटाले में आरोपी मनीष खरे जमानत पर बाहर हैं. कोर्ट में पेश करने से पहले दोनों आरोपियों अंकित और कलश खरे का जेपी अस्पताल में कोरोना टेस्ट भी करवाया गया था. अदालत ने दोनों की जमानत अर्जी नामंजूर करते हुए 6 मई तक न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था. रिपोर्ट आने तक उन्हें पुरानी जेल में रखा गया है.

अंकित बीबीए का छात्र है

अंकित पुणे के एक कॉलेज से बीबीए की पढ़ाई कर रहा है, जबकि कलश भोपाल के निजी कॉलेज में बीबीए का छात्र है. हालांकि कोर्ट ने अपने आदेश में अब जमानत की राशि के साथ राहत कोष में राशि जमा करने को कहा है.

ये भी पढ़ें: MP सरकार की बड़ी पहल: दूसरे राज्यों से 8000 मजदूर रवाना, गुजरात से 2000 पहुंचे

MP Corona Update: प्रदेश में 2036, इंदौर में 1176 हुई मरीजों की संख्या
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज