CM कमलनाथ ने की मेधा पाटकर से अनशन ख़त्म करने की अपील, पूर्व CS शरद चंद्र बेहार करेंगे चर्चा

Anurag Shrivastav | News18 Madhya Pradesh
Updated: September 2, 2019, 5:28 PM IST
CM कमलनाथ ने की मेधा पाटकर से  अनशन ख़त्म करने की अपील, पूर्व CS शरद चंद्र बेहार करेंगे चर्चा
सीएम कमलनाथ ने मेधा पाटकर से अनशन तोड़ने की अपील की है

मेधा पाटकर ने कहा, सरकार पहले नर्मदा का जल स्तर कम करे और डूब प्रभावितों के पूर्ण पुनर्वास (Complete rehabilitation) की व्यवस्था करे तब ही वो अपना अनशन खत्म करेंगी.

  • Share this:
मध्य प्रदेश के सीएम कमलनाथ (CM KAMALNATH) ने नर्मदा बचाओ आंदोलन की नेता मेधा पाटकर (MEDHA PATKAR)से अपना आंदोलन ख़त्म करने की अपील की है. दो मंत्रियों (Minister)के बाद अब सीएम कमलनाथ (cm kamalnath)पूर्व मुख्य सचिव शरद चंद्र बेहार मेघा पाटकर को चर्चा के लिए भेज रहे हैं. सीएम ने साथ ही ये भी कहा कि ये कई राज्यों का मसला है इसलिए इस पर सिर्फ मध्य प्रदेश सरकार कोई फैसला नहीं ले सकती. मेधा पाटकर, सरदार सरोवर डैम (SARDAR SAROVER) का जलस्तर घटाने की मांग को लेकर बड़वानी के छोटा बड़दा में नर्मदा सत्याग्रह कर रही हैं. आंदोलन का आज 9वां दिन है.

सीएम कमलनाथ की अपील-सरदार सरोवर बांध को लेकर मेघा पाटकर के आंदोलन पर सीएम कमलनाथ ने बयान जारी किया है. उन्होंने लिखा है कि सरदार सरोवर बांध परियोजना-गुजरात, महाराष्ट्र,राजस्थान और मध्य प्रदेश से जुड़ी है. इसलिए कोई एक राज्य सरकार जलस्तर या इस परियोजना से जुड़े मसले पर फैसला नहीं ले सकती. सारे शिकवा-शिकायतों और आपत्तियों का शिकायत निवारण प्राधिकरण के ज़रिए समाधान हो सकता है.

मेधा पाटकर को मनाने गयी मंत्री विजयलक्ष्मी साधौ बैरंग लौट आयीं.


गुजरात नहीं कर रहा सहयोग

सीएम ने लिखा कि राज्य सरकार नर्मदा बचाओ आंदोलन से जुड़े लोगों से लगातार चर्चा कर रही है. विस्थापितों के पुनर्वास के लिए जिला स्तर पर समिति बनायी गयी है. पूर्व में जो परिवार अपात्र घोषित कर दिए गए थे, उनका दोबारा सर्वे करने के लिए कहा गया है. सीएम ने लिखा कि 115 नए परिवारों को 60 लाख की मदद के लिए पात्र माना गया है.उनके लिए गुजरात सरकार से राशि मांगी गयी है. CM कमलनाथ ने गुजरात सरकार पर सहयोग नहीं करने का आरोप लगाया. उन्होंने नर्मदा नियंत्रण प्राधिकरण के

कामकाज पर भी सवाल उठाए
सीएम कमलनाथ ने अपने पत्र के ज़रिए नर्मदा बचाओ आंदोलन को आश्वासन दिया है कि मध्य प्रदेश सरकार डूब प्रभावितों के पुनर्वास के लिए प्रतिबद्ध है. नर्मदा घाटी के गांव-गांव में कैम्प लगाए जाएंगे. सीएम कमलनाथ ने मेघा पाटकर से अनशन खत्म करने अनुरोध किया है.
Loading...

सरदार सरोवर का जल स्तर कम करे सरकार
मेधा ने 122 मीटर पर सरदार सरोवर (Sardar Sarovar) का जल स्तर (Water Level) स्थिर करने की मांग की है. उन्होंने ये भी  कहा कि नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण (NVDA) मंत्री सुरेन्द्र सिंह बघेल (Surendra Singh Baghel) के विदेश से लौटने से पहले गांव स्तर के कांग्रेस पदाधिकारी इस्तीफा दे(Resignation) देंगे. छोटा बड़दा में नर्मदा सत्याग्रह का 9वां दिन है. मेधा पाटकर बीते 25 अगस्त से अनिश्चितकालीन अनशन (Indefinite fast) पर हैं. ऐसे में मेधा की तबीयत में लगातार गिरावट आ रही है.

मंच के पास पहुंचा पानी-नर्मदा नदी (Narmada River) का जल स्तर लगातार बढ़ रहा है. इससे डूब प्रभावितों की चिंता बढ़ती जा रही है. ग्राम छोटा बड़दा (Chhota Barda) में अनशन पर बैठे आंदोलनकारियों (Agitators) के मंच के पास नर्मदा का पानी पहुंच चुका है. इससे सरकार की चिंता और बढ़ गई है, क्योंकि मेधा पाटकर के समर्थन में यहां 8 गांव के प्रभावित भी पिछले 4 दिनों से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं.

बैरंग लौटीं मंत्री विजयलक्ष्मी साधौ

इससे पहले गृहमंत्री बाला बच्चन (Bala Bachhan) के बाद मेधा पाटकर को मनाने के लिए प्रभारी मंत्री डाॅ. विजयलक्ष्मी साधौ (Dr. Vijayalakshmi Sadho) सत्याग्रह (Satyagrah) स्थल पहुंचीं थीं. साधौ ने मोबाइल पर मुख्यमंत्री कमलनाथ (CM Kamal Nath) से मेधा की 7 मिनट बात करवाई, लेकिन दूसरी बार भी सीएम से चर्चा बेनतीजा रही. अनशन खत्म करने का निवेदन मेधा ने एक बार फिर नकार दिया है. सत्याग्रह स्थल से विजयालक्ष्मी साधौ को बैरंग लौटना पड़ा.

मांगों के पूरा होने पर खत्म करूंगी अनशन
मंत्री विजयलक्ष्मी साधौ ने खुद को निमाड़ की बेटी और मेधा पाटकर की छोटी बहन कहते हुए जब उनसे  अनशन तोड़ने का निवेदन किया, तो मेधा पाटकर ने साफ मना कर दिया. मेधा ने कहा कि सरकार पहले नर्मदा का जल स्तर कम करे और डूब प्रभावितों के पूर्ण पुनर्वास (Complete rehabilitation) की व्यवस्था करे तब ही वो अपना अनशन खत्म करेंगी.

ये भी पढ़ें-शिवराज के सवाल पर CM कमलनाथ ने दिया जवाब

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए भोपाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: September 2, 2019, 5:28 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...