मध्य प्रदेश: जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल पर सियासी तडक़ा, भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने

मध्य प्रदेश: जूनियर डाक्टर्स की हड़ताल पर घमासान जारी.

मध्य प्रदेश: जूनियर डाक्टर्स की हड़ताल पर घमासान जारी.

चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने कांग्रेस पर ही जूनियर डॉक्टर को गुमराह करने का आरोप लगाया है, तो पूर्व मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पीसी शर्मा ने उन पर पलटवार किया है. पीसी शर्मा ने सारंग के बयान पर कहा है कि कांग्रेस ने जूनियर डॉक्टर्स को हड़ताल पर नहीं बैठाया. सरकार को ऐसे वक्त में अपने अहंकार को छोडक़र जूनियर डॉक्टर से बातचीत करना चाहिए.

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भोपाल. मध्य प्रदेश ( Madhya Pradesh) में जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल ( Junior Doctor Strike) ने सियासी रंग ले लिया है. चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ( Vishwas Sarang) ने कांग्रेस पर ही जूनियर डॉक्टर को गुमराह करने का आरोप लगाया है, तो पूर्व मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पीसी शर्मा ने उन पर पलटवार किया है. पीसी शर्मा ने विश्वास सारंग के इस बयान पर कहा है कि कांग्रेस ने जूनियर डॉक्टर्स को हड़ताल पर बैठने के लिए नहीं कहा था. उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसे वक्त में अपने अहंकार को छोडक़र जूनियर डॉक्टर से बातचीत करना चाहिए.

पीसी शर्मा ने कहा कि सरकार जूनियर डॉक्टर पर दबाव बना रही है और उन्हें हॉस्टल खाली करने के लिए कहा जा रहा है. क्या इसी तैयारी के सहारे सरकार कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए तैयार है ? आपको बता दें कि इससे पहले विश्वास सारंग ने जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल पर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा था कि जूनियर डॉक्टर्स से सरकार बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन कांग्रेस के नेता जूनियर डॉक्टर को बरगला रहे हैं.

7 दिन से जारी है हड़ताल

आपको बता दें कि अपनी 6 सूत्री मांगों को लेकर जूनियर डॉक्टर हड़ताल कर रहे हैं. उनकी हड़ताल को 7 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला है. जूनियर डॉक्टर्स का कहना है कि अब तक सरकार की ओर से उनसे बातचीत का कोई प्रस्ताव नहीं आया है, जबकि सरकार यह कह रही है कि जूनियर डॉक्टर हठधर्मिता कर रहे हैं. ऐसे में मरीजों को मेडिकल कॉलेज में इलाज के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
विरोध के अनोखे तरीके

उधर जूनियर डॉक्टर विरोध के लिए रोज नए नए तरीके अपना रहे हैं. शनिवार को जूनियर डॉक्टरों ने विरोध के लिए लाल रंग से रंगी एप्रिन को भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज के मेन गेट पर लटका दिया था. जूनियर डॉक्टर हॉस्टल खाली करने के नोटिस मिलने के बाद अपना सामान लेकर भी धरने पर बैठ गए थे. मध्य प्रदेश में जूनियर डॉक्टर्स की हड़ताल को देश के अलग-अलग डॉक्टर्स के संगठन की ओर से भी समर्थन मिल रहा है.

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