MP: चुनाव आयोग ने मंत्री मोहन यादव पर लगाया एक दिन का बैन, उषा ठाकुर को थमाया नोटिस

चुनाव आयोग ने एमपी के दो मंत्रियों पर बड़ी कार्रवाई की है.
चुनाव आयोग ने एमपी के दो मंत्रियों पर बड़ी कार्रवाई की है.

'गलत भाषा' के इस्तेमाल के मामले में चुनाव आयोग (Election Commission) ने  मंत्री मोहन यादव पर एक दिन का बैन लगाया है तो वहीं मंत्री उषा ठाकुर द्वारा दिए धर्म को  लेकर एक बयान पर नोटिस जारी कर जवाब मांगा है, 

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 31, 2020, 12:00 AM IST
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दिल्ली. 'गलत भाषा' के इस्तेमाल के मामले में चुनाव आयोग (Election Commission) ने बड़ी कार्रवाई की है. चुनाव आयोग ने मध्य प्रदेश के मंत्री मोहन यादव (Mohan Yadav) को राज्य में किसी भी सार्वजनिक सभा, जुलूस, रैलियों, रोड शो और साक्षात्कार, और मीडिया में सार्वजनिक भाषण देने से रोक लगा दिया है. अब मंत्री एक दिन यानी 31 अक्टूबर किसी चुनावी कार्यक्रम में शामिल नहीं हो पाएंगे,

चुनाव आयोग ने एमपी की मंत्री उषा ठाकुर को भी नोटिस जारी कर दिया है. मालूम हो कि 20 अक्टूबर को इंदौर में एक कार्यक्रम के दौरान मंत्री उषा ठाकुर ने कथित तौर पर 'धर्म आधारित शिक्षा कट्टरता पन्नपा रही है', ऐसा बयान दिया था. अब चुनाव आयोग ने नोटिस जारी कर मंत्री उषा ठाकुर से  48 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है,

स्टार प्रचारक की लिस्ट से हटाए गए कमलनाथ



मध्य प्रदेश में उपचुनावों के चलते पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ की ओर से दिए जा रहे बेबाक बयान अब उनके लिए मुश्किल बनते जा रहे हैं. पहले इमरती देवी को आइटम कहना और फिर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को नौटंकी कलाकार कहना अब कमलनाथ के लिए भारी पड़ता जा रहा है. चुनाव आयोग ने पहले उन्हें नोटिस भेजा और बाद में उनकी ओर से मिले जवाब को संतोषजनक नहीं माना. अब उनका स्टार प्रचारक का दर्जा छीन लिया गया है. हालांकि वे चुनाव में प्रचार कर सकेंगे लेकिन इसका पूरा खर्च उम्मीदवार के खाते में जुड़ेगा. जानकारी के अनुसार यह आदेश शुक्रवार शाम 5 बजे से प्रभावी माना जाएगा.
एएनआई ने ये ट्वीट किया है





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आगे क्या होगा
चुनाव आयोग ने तत्काल आदेश जारी करते हुए कमलनाथ पर कार्रवाई की है. आयोग ने शुक्रवार शाम 5 बजे से ही कमलनाथ का स्टार प्रचारक का दर्जा छीन लिया है. हालांकि कमलनाथ इस दौरान भी कांग्रेस के लिए प्रचार कर सकते हैं लेकिन उनके प्रचार पर जाने के चलते होने वाला पूरा खर्च उम्मीदवार को वहन करना होगा.
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