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कमलनाथ सरकार का फैसला : कर्ज़ घोटाला करने वाले सहकारी बैंकों के खिलाफ होगी FIR

सीएम कमलनाथ के विदेश से लौटते ही सरकार ने अब इन घोटालों में एफआईआर का आदेश दिया है. दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की ज ...अधिक पढ़ें

    मध्य प्रदेश में किसानों के नाम पर लोन घोटाला करने वाले सहकारी बैंकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी. कमल नाथ सरकार ने इसका आदेश दे दिया है. प्रदेश सरकार की जय किसान ऋण माफी योजना लागू होने के बाद इन घोटालों का खुलासा हो रहा है. ये सारे घोटाले शिवराज सरकार के दौरान किए गए हैं.

    मध्य प्रदेश में 22 फरवरी से किसानों का कर्ज़ माफ होना शुरू हो जाएगा. इसकी प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. पंचायत दफ़्तरों पर कर्ज़माफी वाले किसानों की लिस्ट लगायी गयी है. लिस्ट लगते ही ये खुलासा शुरू हुआ कि किसानों के नाम पर अपात्र लोगों ने लाखों का लोन ले लिया. या फिर ऐसे नाम पर लोन लिए और दिए गए, जिस नाम से कोई व्यक्ति है ही नहीं. इस घोटाले की आंच सबसे ज़्यादा सहकारी बैंकों की ओर उठी.

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    कांग्रेस सरकार अपने चुनावी वादे के मुताबिक पूरे प्रदेश में किसानों का कर्ज़ माफ़ कर रही है. इसकी प्रक्रिया शुरू होते ही घोटाले उजागर होने लगे. कमल नाथ सरकार के मुताबिक शिवराज के राज में सहकारिता में भ्रष्टाचार की गंगा बही है. किसानों के नाम पर करोड़ों रुपए कमाए गए. जिन किसानों ने एक रुपया भी कर्ज़ नहीं लिया, उनका नाम कर्ज़ माफ़ी की सूची में आ रहा है.

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    सीएम कमलनाथ के विदेश से लौटते ही सरकार ने अब इन घोटालों में एफआईआर का आदेश दिया है. दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, सहकारिता अधिनियम की धाराओं के तहत केस दर्ज होंगे. ग्वालियर ज़िले में 120 करोड़ रुपए के फ़र्जी लोन घोटाले में पूर्व बैंक मैनेजर मुकेश माथुर को गिरफ्तार किया गया है.

    प्रदेश की लगभग सभी सहकारी संस्थाओं में घोटाला सामने आ रहा है. सभी गंभीर प्रकरणों में कार्रवाई के आदेश जारी हो गए हैं. सहकारी साख समितियों के प्रबंधक और अध्यक्षों के खिलाफ सहकारिता अधिनियम और आईपीसी की धाराओं के तहत प्रकरण बनाने का आदेश है. प्रदेश के कुटीर मंत्री हर्ष यादव पहले ही कह चुके हैं कि सहकारी संस्थाओं में ये घोटाला व्यापम से भी बड़ा हो सकता है. पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की जाना चाहिए.

    राज्य सरकार के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में-
    -कुल 55 लाख 60 हजार 449 किसानों पर राष्ट्रीकृत बैंकों और अपेक्स बैंक का कर्ज़ है
    -इसमें से एक लाख 14 हजार किसानों पर एक हजार रुपए से कम कर्ज़.
    -31.72 लाख किसानों पर 50 हजार से ज़्यादा कर्ज़
    कर्ज़दार किसानों की जानकारी जुटाने के लिए सरकार ने पांच फरवरी आख़िरी तारीख़ तय की है. तब तक और बड़े खुलासे हो सकते हैं.

    Tags: Bank Loan, Farmers Protest, Kamal nath, Loan waiver, Madhya pradesh news

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