3000 करोड़ का कर्ज: शिवराज सरकार पर विपक्ष ने कसा तंज, गृह मंत्री बोले – तुम्हारी तरह IIFA अवॉर्ड नहीं करा रहे

सरकार के कर्ज पर पक्ष-विपक्ष आमने-सामने हो गए हैं. (File)

3000 करोड़ का कर्ज: शिवराज सरकार के कर्जे पर कमलनाथ ने तंज कसा. उन्होंने कहा कि ये सरकार कर्ज के बोझ के तले दबी हुई है. वहीं, गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा - हम IIFA अवॉर्ड के लिए नहीं, जनता के लिए ले रहे कर्ज.

  • Share this:
भोपाल. लगातार कर्ज लेने के चलते मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार और विपक्ष आमने सामने हो गए हैं. विपक्ष ने आरोप लगाया है कि यह सरकार केवल कर्ज पर टिकी हुई है. यह सरकार राजनीतिक और आर्थिक कर्ज के तले दबी हुई है. वहीं, BJP ने भी इस पर पलटवार करते हुए पिछली सरकार अपने मजे के लिए कर्ज लेती थी, लेकिन हम जनता के विकास के लिए कर्ज ले रहे हैं.

गौरतलब है कि शिवराज सरकार एक बार फिर 3 हज़ार करोड़ रुपए का कर्ज ले रही है. सरकार ये कर्ज वित्तीय वर्ष समाप्त होने से पहले ले रही है. शिवराज के मुताबिक, इस राशि का उपयोग आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने के साथ-साथ विकास परियोजनाओं को गति देने में किया जाएगा. प्रदेश सरकार मार्च 2020 से अब तक 2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का कर्ज ले चुकी है.

जबरदस्त कर्ज के बोझ तले दबी सरकार

पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने शिवराज सरकार के कर्ज लेने पर निशाना साधा है. उन्होंने कहा कि ये यह सरकार कर्ज़  पर ही टिकी हुई है. इस सरकार पर राजनीतिक और आर्थिक कर्जे का बोझ रखा हुआ है. गौरतलब है कि कमलनाथ ये बात पहले भी कहते आए हैं कि सरकार कुछ नहीं कर रही. कमलनाथ ने वैक्सीनेशन के दौरान यह बात कही थी.

कांग्रेस सिर्फ IIFA अवॉर्ड के लिए कर्ज़ लेती थी- गृह मंत्री

तीन हज़ार करोड़ के कर्ज लेने पर गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि पूर्व की कांग्रेस सरकार जब कर्ज़ लेती थी तो IIFA अवार्ड के लिए ही कर्जा लिया करती थी. हमारी सरकार ने कर्ज लिया है जनता के विकास के लिए. आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए. कोरोना  की स्थिति से निपटने के लिए.