नए मोटर व्हीकल एक्ट की इस बात से परेशान हैं मंत्री पीसी शर्मा

Sharad Shrivastava | News18 Madhya Pradesh
Updated: September 1, 2019, 2:43 PM IST
नए मोटर व्हीकल एक्ट की इस बात से परेशान हैं मंत्री पीसी शर्मा
एमपी में बदल सकते हैं नए मोटर व्हीकल एक्ट के प्रावधान

ट्रांसपोर्ट कमिश्नर (Transport Commisioner) शैलेंद्र श्रीवास्तव के मुताबिक एमपी कंपाउंड फीस (Spot fine) का अध्ययन करने के बाद नए मोटर व्हीकल एक्ट को लेकर नोटिफिकेशन जारी करेगा. हालांकि विधि मंत्री पीसी शर्मा (Law Minister PC Sharma) ने इस मामले पर एक बड़ा ही अजीबोगरीब तर्क दिया है.

  • Share this:
नए मोटर व्हीकल एक्ट (Motor Vehicles (Amendment) Bill, 2019) को लेकर मध्य प्रदेश सरकार (Madhya Pradesh Government) ने अब तक कोई फैसला नहीं किया है. ट्रांसपोर्ट कमिश्नर (Transport Commisioner) शैलेंद्र श्रीवास्तव के मुताबिक एमपी अपने पड़ोसी राज्यों में लागू कंपाउंड फीस (Spot fine) का अध्ययन करने के बाद इस एक्ट को लेकर नोटिफिकेशन जारी करेगा. हालांकि राज्य के विधि मंत्री पीसी शर्मा (Law Minister PC Sharma) ने इस मामले पर एक बहुत ही अजीबोगरीब तर्क दिया. उन्हें ये भी लगता है इस नए प्रवधान में जुर्माने की राशि बहुत ज्यादा है.

मंत्री पीसी शर्मा की ये है परेशानी
1 सितंबर से पूरे देश में मोटर व्हीकल एक्ट में संशोधन के नए प्रावधान भले लागू हो गए हों लेकिन मध्य प्रदेश सरकार के विधि मंत्री पीसी शर्मा नहीं चाहते कि इन्हें प्रदेश में हू-ब-हू लागू कर दिया जाए. इसके पीछे उनका तर्क भी बड़ा अजीबोगरीब है. पीसी शर्मा की मानें तो नए नियमों में जुर्माने का जो प्रावधान किया गया है वो ज़रुरत से ज्यादा है. अभी जब ट्रैफिक नियम तोड़ने पर 250-500 रुपए जुर्माना लगता है, तब उन्हें दिन में 25-50 फोन आ जाते हैं. अगर जुर्माना 5 हज़ार लगने लगा तो उन्हें अपना फोन ही बंद करना पड़ेगा.

News - नए मोटर व्हीकल एक्ट को लेकर एमपी के विधि मंत्री का है अजीबोगरीब तर्क
नए मोटर व्हीकल एक्ट को लेकर एमपी के विधि मंत्री का है अजीबोगरीब तर्क (फाइल फोटो)


कम हो सकती है जुर्माने की राशि
पीसी शर्मा ने ये भी साफ किया है कि मध्य प्रदेश में अभी एक्ट में संशोधन के प्रावधान लागू नहीं होंगे. राज्य सरकार पहले नए नियमों की समीक्षा करेगी उसके बाद ही नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा. सूत्रों की मानें तो मध्य प्रदेश सरकार ट्रैफिक नियम तोड़ने पर नए प्रावधानों में स्पॉट फाइन की राशि को कम कर सकती है.

Spot fine का अध्ययन करने के बाद फैसला
Loading...

मोटर व्हीकल एक्ट में संशोधन के प्रावधान को लेकर न्यूज़ 18 ने मध्य प्रदेश के ट्रांसपोर्ट कमिश्नर शैलेंद्र श्रीवास्तव से बात की. शैलेंद्र श्रीवास्तव के मुताबिक नए प्रावधान में राज्य सरकारों को कंपाउंड फीस (स्पॉट फाइन) में संशोधन के अधिकार हैं. उन्होंने कहा कि, 'अभी हम पड़ोसी राज्यों मसलन छत्तीसगढ़ और राजस्थान में कंपाउंड फीस का अध्ययन कर रहे हैं. राज्य सरकार फीस तय कर नोटिफिकेशन जारी करेगी.'

नए एक्ट में बढ़ी जुर्माने की राशि
इस एक्ट के तहत जुर्माने की राशि को बढ़ाया गया है. नया एक्ट ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के साथ सड़क हादसों में कमी लगाने की अब तक की सबसे बड़ी कवायद है.
>> बिना हेलमेट पहले जुर्माना 100 से 300 रुपए, अब 500 से 1500 रुपए तक
>> ट्रिपल राइडिंग पहले 100 रुपए, अब 500 रुपए
>> पॉल्यूशन सर्टिफिकेट को लेकर पहले 100 रुपए, अब 500 रुपए
>> बिना लाइसेंस पहले 500 रुपए, अब 5000 रुपए

News - एमपी के विधि मंत्री के मुताबिक जुर्माने की राशि बहुत ज्यादा है
एमपी के विधि मंत्री के मुताबिक जुर्माने की राशि बहुत ज्यादा है

> ओवर स्पीडिंग पहले 400 रुपए, अब 1000 से 2000 रुपए तक
>> डेंजरस ड्राइविंग पहले 1000 रुपए, अब 1000 से 5000 रुपए तक
>> ड्राइविंग करते वक्त मोबाइल फोन पहले जुर्माना 1000 रुपए, अब 1000 से 5000 तक
>> गलत साइड गाड़ी चलाने पर पहले 1100 अब 5000
>> शराब पीकर गाड़ी चलाने पर पहले जुर्माना 2000, अब 10 हजार रुपए
>> रेड लाइट जंप जुर्माना पहले 100, अब पहली बार पकड़े जाने पर 1000 से 5000 रुपए तक, दूसरी बार पकड़े जाने पर 2000 से 10 हजार रुपए तक
>> सीट बैल्ट पहले 100, अब 1000 रुपए
>> ओवरलोड गाड़ी चलाने पर 5 हजार जुर्माना
>> तय सीमा से तेज गति से गाड़ी चलाने पर 5 हजार रुपए का जुर्माना

ये भी पढ़ें -
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह बोले - हम गाय पैदा करने की फैक्ट्री लगा देंगे, समझाई तकनीक
सलमान खान आखिर खुद को क्यों मार रहे हैं हंटर? वायरल हुआ Video

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए इंदौर से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: September 1, 2019, 2:42 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...