लाइव टीवी

छात्र की मौत से मचा हड़कंप, शिवराज के बाद कमलनाथ के मंत्री पहुंचे हॉस्टल

Anurag Shrivastav | News18 Madhya Pradesh
Updated: November 15, 2019, 8:57 PM IST
छात्र की मौत से मचा हड़कंप, शिवराज के बाद कमलनाथ के मंत्री पहुंचे हॉस्टल
छात्र की मौत के बाद निरीक्षण के लिए पहुंचे शिवराज सिंह चौहान और सज्‍जन सिंह वर्मा.

बुदनी में अनुसूचित जाति छात्रावास में एक छात्र की मौत से हड़कंप मच गया है. जबकि शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan) ने इसके लिए कमलनाथ सरकार (Kamal Nath Government) को जिम्‍मेदार ठहराया है.

  • Share this:
भोपाल. मध्‍य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Former Chief Minister Shivraj Singh Chauhan) के गृह जिले बुदनी में अनुसूचित जाति छात्रावास में एक छात्र की मौत से हड़कंप मच गया है. छात्र की मौत के बाद हॉस्टल (Hostel) का निरीक्षण करने पहुंचे शिवराज ने कमलनाथ सरकार (Kamal Nath Government) पर जमकर हमला बोला. उन्‍होंने हॉस्टल की अव्यवस्थाओं पर 25 नवंबर को एसडीएम दफ्तर में जनता की अदालत लगाने का ऐलान किया है. साथ ही उन्‍होंने हॉस्‍टल की अव्यवस्थाओं के लिए सीधे तौर पर एमपी सरकार को जिम्मेदार ठहराया है. जबकि इस मामले पर कांग्रेस सरकार ने शिवराज पर पलटवार किया है. सीएम कमलनाथ के निर्देश पर हॉस्टल का निरीक्षण करने पहुंचे मंत्री सज्जन सिंह वर्मा (Minister Sajjan Singh Verma) ने निरीक्षण नहीं करने और लंबे समय से चली आ रही अव्यवस्थाओं को जिम्मेदार बताया है. आपको बता दें कि बुदनी के हॉस्टल में तीन दिन पहले एक छात्र श्रवण पवार की मौत हो गई थी.

शिवराज ने किया निरीक्षण
शिवराज सिंह चौहान ने हॉस्टल का निरीक्षण किया और इस दौरान उन्‍हें काफी अव्यवस्था मिली थी. शिवराज को गंदे बिस्तर से लेकर लाइट नहीं होने तक की शिकायत मौके पर मिली, लेकिन अव्यवस्थाओं के लिए जिम्मेदार कौन है. इसको लेकर अब बीजेपी और कांग्रेस एक दूसरे पर ठीकरा फोड़ रहे हैं.

कमलनाथ के मंत्री ने दिया ये आदेश

हालांकि छात्र श्रवण पवार की मौत के मामले में मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने जांच के निर्देश कलेक्टर को दिए हैं. साथ ही मृतक छात्र के परिजनों को चार लाख की मदद देने की बात कही है. मंत्री ने छात्र की मौत पर हॉस्टल अधीक्षक को सस्पेंड करने के निर्देश दिए हैं.

बहरहाल, छात्र श्रवण कुमार की मौत के बाद बीजेपी और कांग्रेस आमने सामने हैं, लेकिन इस घटना ने हॉस्टलों की अव्यवस्थाओं की पोल खोल कर रख दी है. भारी भरकम बजट के बाद भी प्रशासन की नजर नहीं है और छात्रों का बुनियादी जरूरतों के लिए परेशान होने के मामले ने सरकारी सिस्टम पर सवाल खड़े किए हैं.

ये भी पढ़ें-विदिशा मेडिकल कॉलेज लोकार्पण: शिवराज का छलका दर्द, बोले- CM कमलनाथ ने हमें भुला दिया

कांग्रेस सरकार में हूं, पार्टी में नहीं, गड़बड़ हुई तो कान पकड़ कर बाहर कर दूंगा- कम्प्यूटर बाबा

सरकारी बंगलों पर सरकार की टेढ़ी नजर, CM ने 2 मंत्रियों को सौंपी जांच की जिम्‍मेदारी

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए भोपाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 15, 2019, 8:54 PM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर