CM से मुलाक़ात के बाद बदल गए उमंग सिंघार के सुर, नहीं लिया दिग्विजय सिंह का नाम

कांग्रेस मीडिया विभाग की अध्यक्ष शोभा ओझा ने भी उमंग सिंघार से उनके घर पर मुलाकात की और दीपक बावरिया की नसीहत पर अमल करने का अनुरोध किया

Anurag Shrivastav | News18 Madhya Pradesh
Updated: September 4, 2019, 7:12 PM IST
CM से मुलाक़ात के बाद बदल गए उमंग सिंघार के सुर, नहीं लिया दिग्विजय सिंह का नाम
उम्ंग सिघार ने कहा कमलनाथ सरकार के सामने संकट नहीं है
Anurag Shrivastav | News18 Madhya Pradesh
Updated: September 4, 2019, 7:12 PM IST
भोपाल. कल तक दिग्विजय सिंह(DIGVIJAY SINGH) को ब्लैकमेलर कहने वाले वन मंत्री उमंग सिंघार (UMANG SINGHAR)आज उनका नाम लेने से भी बच रहे हैं. मंगलवार शाम सीएम कमलनाथ (KAMANATH)से मुलाक़ात के बाद सिंघार के सुर बदल गए हैं.  वो कह रहे हैं कि मेरी शिकायत दूर हो गयी है. कमलनाथ सरकार स्थिर है उसे कोई ख़तरा नहीं है.

मंगलवार शाम सीएम कमलनाथ से मुलाक़ात के बाद किसी से बात किए बिना निकल गए उमंग सिंगार बुधवार को मीडिया से मिले.उन्होंने कहा पूरे घटनाक्रम पर अब विराम लग गया है और उनकी शिकायत दूर हो गई है.अपनी आपत्ति को मुख्यमंत्री कमलनाथ के सामने रखा है और मुख्यमंत्री ने उनका समाधान निकालने का आश्वासन दिया है. सिंघार के मुताबिक पूरे घटनाक्रम पर प्रदेश कांग्रेस प्रभारी दीपक बाबरिया ने भी फोन पर उनसे चर्चा कर फीडबैक लिया है.

सीएम की घुड़की
दिग्विजय सिंह पर लगाए आरोपों के बारे में पूछने पर वो जबाव देने से बचते नज़र आए. मतलब साफ है कि मुख्यमंत्री से घुड़की मिल गयी है इसलिए अब वो कुछ नहीं बोलना चाहते.खबर है कि दीपक बाबरिया ने कांग्रेस नेताओं को अनुशासन में रहकर अपनी बात पार्टी फोरम पर रखने की नसीहत दी है. उसके बाद सिंघार के सुर बदले. उन्होंने कहा कांग्रेस सरकार स्थिर है और उसके सामने कोई भी संवैधानिक संकट नहीं खड़ा हुआ है.

दिग्विजय से दूरी
उमंग सिंगार के बदले सुर से साफ है कि वो दिग्विजय सिंह के खिलाफ फिलहाल कुछ भी बोलने से बचेंगे. हालांकि उन्होंने दिग्विजय सिंह के सवालों पर मौन होकर यह भी संकेत दे दिए हैं कि उनका गुस्सा बरकरार है. लेकिन आगे वो इसे किस रूप में पेश करेंगे इसकी झलक उन्होंने संकेतों में दे दी.

संजीव दुबे हटाए जाएंगे
Loading...

फिलहाल संख्या बल के आधार पर कमजोर कांग्रेस सरकार उमंग सिंघार को मनाने में सफल साबित हुई है. उनकी शिकायत पर मुख्यमंत्री कमलनाथ ने धार के सहायक आबकारी अधिकारी संजीव दुबे को हटाने का फैसला किया है. सिंघार के मुताबिक सीएम ने उनकी मांग पर कार्रवाई कर मामले में जांच के आदेश दिए हैं. इसके बाद वह संतुष्ट हैं. कुल मिलाकर 3 दिन से चल रहा हाई वोल्टेज पॉलिटिकल ड्रामा सिंघार के सुर बदलने के साथ ही ख़त्म हो गया.

ओझा ने की मुलाक़ात
इस पूरे घटनाक्रम के बाद कांग्रेस मीडिया विभाग की अध्यक्ष शोभा ओझा ने भी उमंग सिंघार से उनके घर पर मुलाकात की और दीपक बावरिया की नसीहत पर अमल करने का अनुरोध किया. 3 दिन से मचे सियासी बवाल को सीएम कमलनाथ के हस्तक्षेप के बाद भले ही कुछ समय के लिए शांत कर दिया हो लेकिन यह तय है कि आने वाले दिनों में ये किसी नए रूप में फिर नज़र आएगा.

ये भी पढ़ें-PCC अध्यक्ष की रेस से आउट हुए सिंधिया! कमलनाथ के पास ही रहेगी कमान

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए भोपाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: September 4, 2019, 6:24 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...