बीजेपी की खिसकती ज़मीन के बीच संघ प्रमुख मोहन भागवत ने तय किया टारगेट
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बीजेपी की खिसकती ज़मीन के बीच संघ प्रमुख मोहन भागवत ने तय किया टारगेट
मोहन भागवत

विधानसभा चुनाव में बीजेपी को इस बार सबसे ज़्यादा नुक़सान मालवा निमाड़ में हुआ है. यही वजह रही कि बीजेपी की प्रदेश में सरकार नहीं बन पायी. इसलिए मोहन भागवत का ज्यादा फोकस इसी इलाके पर है.

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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने अपने मालवा दौरे के दूसरे दिन आज इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में करीब तीन हजार गटनायकों से सीधा संवाद किया. उन्होंने अंचल में संघ की गतिविधियां बढ़ाने का आदेश कार्यकर्ताओं को दिया. संघ प्रमुख ने कहा संघ की शाखाएं ज्यादा से ज्यादा इलाकों में लगाईं जाए जिसमें अधिक से अधिक लोगों को जोड़ा जाए.

मध्य प्रदेश का मालवा इलाका बीजेपी और संघ की मज़बूत ज़मीन माना जाता है. लेकिन हाल के विधानसभा चुनाव में संघ की ये ज़मीन उसके हाथ से खिसक गयी. मालवा में तो बीजेपी ने सीटें हारी हीं. उसके मज़बूत गढ़ इंदौर लोकसभा सीट में शामिल 8 में से 4 विधानसभा सीटें भी बीजेपी के हाथ से निकल कर कांग्रेस के हाथ से जा मिलीं. यही वजह है कि संघ औऱ बीजेपी दोनों मालवा को लेकर फिक्रमंद हैं. संघ ने अपना ध्यान मालवा पर फोकस कर दिया है. इसकी शुरुआत संघ प्रमुख मोहन भागवत के दौरे से हो चुकी है.

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4 दिन के मालवा दौरे पर निकले मोहन भागवत ने इंदौर में 3 हज़ार गठनायकों से सीधे बात की. संदेश बिलकुल साफ है. उन्होंने पूरे इलाके में संघ की गतिविधियां बढ़ाने और ज़्यादा से ज़्यादा शाखाएं लगाने का लक्ष्य दिया. ताकि इन शाखाओं और गतिविधियों के ज़रिए लोगों को संघ से जोड़ा जा सके. संघ प्रमुख ने हर गठनायक को 25 नये लोगों को संघ से जोड़ने का टारगेट भी दिया. ताकि इसका सीधा फायदा लोकसभा चुनाव में बीजेपी को मिल सके.
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संघ प्रमुख ने इससे पहले 19 फरवरी को संभागीय पदाधिकारियों से मुलाकात की थी. इसमें संघ की सालाना गतिविधियों की समीक्षा की थी. इंदौर में उनका ये दौरा लोकसभा चुनाव को देखते हुए महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

विधानसभा चुनाव में बीजेपी को इस बार सबसे ज़्यादा नुक़सान मालवा निमाड़ में हुआ है. यही वजह रही कि बीजेपी की प्रदेश में सरकार नहीं बन पायी. इसलिए मोहन भागवत का ज्यादा फोकस इसी इलाके पर है. इस बार लोकसभा चुनाव में कई टिकट संघ कोटे से भी तय होने की संभावना जताई जा रही है. भागवत 4 दिन के मालवा दौरे पर हैं. 19 तारीख से शुरु हुआ ये दौरा 22 फरवरी को ख़त्म होगा. 21 फरवरी को मोहन भागवत संघ कार्यालय अर्चना में दिन भर स्वयं सेवकों से वन टू वन चर्चा करेंगे और आगामी लोकसभा चुनाव के लिए ज़मीनी हक़ीकत का फीडबैक लेंगे.
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