INDORE : शराब दुकान के बाहर ग्राहक ने यूरिन की तो दुकानदार पर ठुक गया 10 हजार का जुर्माना

नगर निगम कमिश्नर के आदेश के मुताबिक 50 हजार रुपये तक का जुर्माना वसूला जा सकता है.

नगर निगम कमिश्नर के आदेश के मुताबिक 50 हजार रुपये तक का जुर्माना वसूला जा सकता है.

Indore : नगर निगम कमिश्नर प्रतिभा पाल का आदेश है कि शराब दुकान संचालकों की जिम्मेदारी है कि वे उनके यहां आने वाले ग्राहकों को यूरिनल की सुविधा दें. यदि शराब दुकान औऱ अहाता संचालक न मानें,तो हाथों हाथ चालान कर उनसे जुर्माना वसूला जाए.

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 इंदौर.इंदौर (Indore) में शराब दुकान के पास खुले में लोगों के यूरिन करने पर नगर निगम ने शराब दुकानदार पर 10 हजार का स्पॉट फाइन (Spot fine) किया है. ये कार्रवाई मां कस्तूरी इंटरप्राइजेस भागीरथपुरा पर की गई है. नगर निगम कमिश्नर प्रतिभा पाल ने शराब दुकानों के संचालकों को दुकान और अहातों के पास यूरिनल बनाने के निर्देश दिए है. ऐसा न करने वाले दुकान संचालकों के खिलाफ 50 हजार तक का जुर्माना करने के निर्देश दिए हैं.गुरुवार को दुकानदार के खिलाफ की गयी कार्रवाई उसी की शुरुआत है.

स्पॉट फाइन

स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 को ध्यान में रखते हुए नगर निगम अपनी ओर से स्वच्छता सर्वे करा रहा है.इसमें शहर में किसी भी प्रकार से कचरा और गंदगी फैलाने वालो के खिलाफ स्पॉट फाइन करने के सभी स्वास्थ्य अधिकारी,सीएसआई को निर्देश दिये गये हैं.

दुकान के बाहर गंदगी
सीएसआई अजीत कल्याणे ने बताया कि उनके जोन में सफाई व्यवस्था के निरीक्षण के दौरान भागीरथपुरा शराब दुकान के बाहर कचरा और गंदगी फैला मिला. दुकान में आने वाले लोग ओपन में यूरिन कर रहे थे. इसकी जानकारी जोन नियंत्रणकर्ता अधिकारी बीएम गुप्ता,स्वास्थ्य अधिकारी  गौतम भाटिया को दी गई.इस पर वरिष्ठों के निर्देश के बाद शराब संचालक मां कस्तूरी इंटरप्राइजेस पर 10 हजार रुपए का स्पॉट फाइन किया गया है.

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नगर निगम कमिश्नर का आदेश



कमिश्नर प्रतिभा पाल ने अधिकारियों को आदेश दिया है कि वे शराब दुकान और अहाता संचालकों को समझाइश दें कि वे लोगों को खुले में यूरिन करने से रोकें.शराब दुकान संचालकों की जिम्मेदारी है कि वे उनके यहां आने वाले ग्राहकों को यूरिनल की सुविधा दें,समझाइश के बावजूद यदि शराब दुकान औऱ अहाता संचालक न मानें,तो हाथों हाथ चालान कर उनसे जुर्माना वसूला जाए. जरूरत पड़े तो 50 हजार रुपये तक का अर्थ दंड लगाने से भी हिचकिचाएं नहीं.इस पूरी कार्रवाई और निगरानी की जिम्मेदारी निगम के स्वास्थ्य अधिकारियों,जोनल अधिकारियों और मुख्य स्वच्छता निरीक्षकों को सौंपी गई है.
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