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उफ!! आवारा कुत्तों के आतंक से कांप उठा इंदौर, 7 महीने में 24 हजार लोगों को काटा

उफ!! आवारा कुत्तों के आतंक से कांप उठा इंदौर, 7 महीने में 24 हजार लोगों को काटा

इंदौर में आवारा कुत्तों की नसबंदी पर नगर निगम हर महीने 24 लाख रुपये खर्च कर रही है.

इंदौर में आवारा कुत्तों की नसबंदी पर नगर निगम हर महीने 24 लाख रुपये खर्च कर रही है.

Attack of Stray Dogs : इंदौर सबसे स्वच्छ शहर के नाम से जाना जाता है लेकिन अब इंदौर कुत्तों के आतंक के नाम से भी पहचाना जाने लगा है. दिन प्रतिदिन शहर में कुत्तों का खौफ बढ़ता ही जा रहा है. खुद डॉक्टर बता रहे हैं कि कुत्तों के काटने के मामले में पिछले साल के मुकाबले वृद्धि हुई है. 2022 से अभी तक कुल 23873 मामले सामने आए हैं. हुकुमचंद पॉली क्लीनिक प्रभारी डॉ. आशुतोष शर्मा ने बताया हमारे पास दो साल पहले तक एक दिन में 60 से 70 तक कुत्ते के काटने के मामले सामने आते थे. लेकिन ये आंकड़ा इस साल 100 से अधिक हो गया है.

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इंदौर. आवारा कुत्ते अब हर जगह औऱ शहर में आफत बन गए हैं. वो राह चलते लोगों को काट रहे हैं. बच्चों को नोंच रहे हैं. भोपाल के बाद अब इंदौर से भी यही खबर है. देश का ये सबसे स्वच्छ शहर आवारा कुत्तों से मात खा गया है. यहां हालत ये है कि रोज औसतन 100 लोगों को स्ट्रीट डॉग्स काट रहे हैं.

देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर में भी आवारा कुत्तों का आतंक है. शहर में रोज 90 से 100 लोगों को ये अपना शिकार बना रहे हैं. अनुमान है कि सिर्फ इंदौर में इस समय 1 लाख से ज्यादा आवारा कुत्ते हैं.

7 महीने में 23873 लोगों को काटा
वैसे तो इंदौर सबसे स्वच्छ शहर के नाम से जाना जाता है लेकिन अब इंदौर कुत्तों के आतंक के नाम से भी पहचाना जाने लगा है. दिन प्रतिदिन शहर में कुत्तों का खौफ बढ़ता ही जा रहा है. खुद डॉक्टर बता रहे हैं कि कुत्तों के काटने के मामले में पिछले साल के मुकाबले वृद्धि हुई है. 2022 से अभी तक कुल 23873 मामले सामने आए हैं. हुकुमचंद पॉली क्लीनिक प्रभारी डॉ. आशुतोष शर्मा ने बताया हमारे पास दो साल पहले तक एक दिन में 60 से 70 तक कुत्ते के काटने के मामले सामने आते थे. लेकिन ये आंकड़ा इस साल 100 से अधिक हो गया है.

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नसबंदी भी नाकाम
आवारा कुत्तों की आबादी नसबंदी के बावजूद लगातार बढ़ती जा रही है. शहर के किसी भी इलाके में नजर डाली जाए,तो सड़कों पर कुत्ते ही कुत्ते नजर आते हैं. हालत यह है कि रात तो ठीक दिन में भी बच्चे और महिलाएं कुत्तों के सामने से निकले में डरते हैं. इसके बाद भी सबसे ज्यादा यही इनके शिकार हो रहे हैं. नगर निगम कुत्तों की नसबंदी पर हर माह 24 लाख रुपए से अधिक का भुगतान करती है. पिछले 5 साल में कुत्तों की नसबंदी के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च किए जा चुके हैं. बावजूद इसके एक लाख से ज्यादा आवारा कुत्ते शहर में हैं.

Tags: Attack of stray dogs, Indore News Update, Stray animals

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