होम /न्यूज /मध्य प्रदेश /Jabalpur : जिस शहर में बन रही ब्लैक फंगस मरीजों के लिए संजीवनी, वहां नहीं मिल रहा इंजेक्शन

Jabalpur : जिस शहर में बन रही ब्लैक फंगस मरीजों के लिए संजीवनी, वहां नहीं मिल रहा इंजेक्शन

जबलपुर संभाग में अब तक 361 ब्लैक फंगस के मरीज सामने आ चुके हैं. इनमें से 297 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं जबकि 40 मरीज़ों की अब तक मौत हो चुकी है.न्यूज़18 क्रिएटिव इमेज

जबलपुर संभाग में अब तक 361 ब्लैक फंगस के मरीज सामने आ चुके हैं. इनमें से 297 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं जबकि 40 मरीज़ों की अब तक मौत हो चुकी है.न्यूज़18 क्रिएटिव इमेज

Black fungus : मध्य प्रदेश सरकार ने पहले ही दूसरे राज्यों की कंपनियों से इंजेक्शन सप्लाई के लिए अनुबंध कर लिया था. जब ज ...अधिक पढ़ें

जबलपुर. दिया तले अंधेरा यह कहावत पुरानी भले ही हो चुकी हो लेकिन अब भी बिलकुल सच है. जबलपुर में यही हो रहा है. ब्लैक फंगस (Black Fungus) के मरीजों के लिए सबसे जरूरी दवा एम्फोटेरिसिन-बी इंजेक्शन नहीं मिल रहा है. जबकि ये जबलपुर में ही बनाया जाता है. लेकिन उसका लाभ प्रदेश के  मरीजों को नहीं मिल पा रहा है.

बीते 28 जून को जबलपुर की रेवा हेल्थ केयर कंपनी ने सरकार की मदद से इंजेक्शन का उत्पादन शुरू किया था और तब यह दावा किया गया था कि अब मध्यप्रदेश में ब्लैक फंगस के मरीजों को कभी भी इंजेक्शन की कमी का सामना नहीं करना पड़ेगा.  लेकिन समय के साथ यह दावा खोखला साबित हुआ. महज 2 महीनों के अंदर ही मध्यप्रदेश में ब्लैक फंगस के मरीजों को एक बार फिर इंजेक्शन के लिए भटकना पड़ रहा है.

घर का माल बाहर सप्लाई
इंजेक्शन की कमी के पीछे क्या वजह है जब यह जानने की कोशिश की गयी तो जो बात सामने आई वह वाकई हैरान कर देने वाली है. दरअसल मध्य प्रदेश सरकार ने पहले ही दूसरे राज्यों की कंपनियों से इंजेक्शन सप्लाई के लिए अनुबंध कर लिया था. जब मध्यप्रदेश में जबलपुर की रेवा हेल्थ केयर कंपनी ने इंजेक्शन का उत्पादन शुरू किया तो सरकार ने दूसरी कंपनियों के साथ अनुबंध की बात कहकर इंजेक्शन खरीदने से मना कर दिया.  इसके बाद रेवा हेल्थ केयर कंपनी ने दूसरे राज्यों को इंजेक्शन सप्लाई शुरू कर दी. जब मध्यप्रदेश में इंजेक्शन की कमी हुई तो इस कंपनी ने इंजेक्शन देने से मना कर दिया.

अब MP के लिए होगा कॉन्ट्रैक्ट
अब स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है जबलपुर की रेवा हेल्थ केयर कंपनी और सरकार के बीच एक बार फिर अनुबंध करने की प्रक्रिया चल रही है. अगर यह हो जाती है तो आने वाले 15 दिन में जबलपुर में ये इंजेक्शन सप्लाई कर दिये जाएंगे. सवाल सबसे बड़ा यह है कि जब कंपनी को राज्य सरकार ने रातोंरात लाइसेंस देकर प्रोडक्शन की इजाजत दी थी तो फिर सबसे पहले मध्य प्रदेश में सप्लाई की व्यवस्था की जाना थी. उसके बाद दूसरे राज्यों से कॉन्ट्रैक्ट करते.

जबलपुर संभाग में ब्लैक फंगस के 361मरीज
जबलपुर संभाग में अब तक 361 ब्लैक फंगस के मरीज सामने आ चुके हैं. इनमें से 297 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं जबकि 40 मरीज़ों की अब तक मौत हो चुकी है.

Tags: Black Fungus Infection, Black Fungus Operation, Black Fungus Patients, Jabalpur news, Symptoms of black fungus

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें