लाइव टीवी

जबलपुर: बरगी में महुए का पेड़ बना आस्था का केंद्र, किस्से कहानियों के साथ जुटने लगी भीड़

Pavan Patel | News18 Madhya Pradesh
Updated: November 29, 2019, 11:53 PM IST
जबलपुर: बरगी में महुए का पेड़ बना आस्था का केंद्र, किस्से कहानियों के साथ जुटने लगी भीड़
महुए के इस पेड़ को मंदिर मानकर लोगों ने इसकी पूजा शुरू कर दी है

बरगी विधानसभा के लोढ़ी गांव के एक खेत के बीच में लगा महुए का पेड़ (Mahua tree) एकाएक लोगों की आस्था का केंद्र बन गया है. लोगों ने इस पेड़ को भगवान शिव और पार्वती का मंदिर बना दिया है. होशंगाबाद के पेड़ की तरह इसे भी छूने और परिक्रमा करने से रोग और कष्ट दूर होने की चर्चाएं शुरू हो गई हैं

  • Share this:
जबलपुर. धार्मिक मान्यताओं के देश भारत में पेड़ों की पूजा की जाती है यह हमारी पेड़ों के प्रति आस्था है लेकिन उनके दर्शन कर रोगों से मुक्ति मिल सकती है ये कहीं न कहीं अंधविश्वास भी नजर आता है. पिछले दिनों होशंगाबाद के पिपरिया गांव के महुए के पेड़ (Hoshangabad tree) के साथ भी कुछ ऐसे ही किस्से जुड़ गए थे. अब बरगी के लोढ़ी गांव में भी महुए का एक पेड़ आस्था का केंद्र बन गया है. यहां हर दिन सैकड़ों की संख्या में लोग पहुंच रहे हैं, जो पेड़ को चमत्कारी मानकर इसके चक्कर लगाते हैं फिर भेंट कर पूजन करते हैं. चर्चा के दौरान कई लोगों ने बताया कि उन्हें बीमारियों ने घेर लिया था जिसका कहीं इलाज नहीं हो पाया, लेकिन जबसे उन्होंने इस पेड़ के दर्शन कर पूजन किया उनके रोग दूर हो गए.

पेड़ की करते हैं उल्टी परिक्रमा
पेड़ों का पूजन करना हिंदू धर्म के अनुसार कोई अनोखी बात नहीं बल्कि पेड़ों में देवी-देवताओं का वास होता है ऐसी मान्यता है, लेकिन महुए के इस पेड़ में अचानक भगवान शिव-पार्वती का वास होना फिर लोगों को नागदेव की सवारी आना अपने आप में हैरान करता है. एक खास बात और यहां पर देखने को मिली वह यह कि लोग पेड़ के उल्टे चक्कर (एंटी क्लॉक वाइज) लगा रहे थे, इस संबंध में जब लोगों से पूछा गया कि वे उल्टे चक्कर क्यों लगा रहे हैं तो वे इसका कारण नहीं बता पाए लेकिन यह जरूर कहा कि जो भी आता है वह उल्टे चक्कर ही लगाता है.

प्रशासन ने बंद करवाई प्रसाद की दुकानें 

बरगी क्षेत्र के अलावा यहां दूर-दूर से लोग आ रहे हैं जो पेड़ के चारों ओर 3-5 या 7 चक्कर लगाते हैं फिर उससे लिपटकर भेंट करते हैं. फिर अगरबत्ती जलाकर नारियल फोड़ते हैं और माथा टेककर घर चले जाते हैं. इस विश्वास के साथ यह पेड़ अब उनके सभी रोग और कष्ट दूर कर देगा. जानकारी मिलने पर एसडीएम और स्थानीय थाने की पुलिस ने यहां पहुंचकर लोगों द्वारा लगाई गई प्रसाद की दुकानें बंद करवाकर पेड़ के आसपास खुदाई करवा दी थी, जिससे लोगों का आना कम हो जाए लेकिन फिर भी लोग यहां पहुंच रहे हैं.

ये भी पढ़ें -
मध्य प्रदेश भाजपा में उठा महिला आरक्षण का मुद्दा, पूर्व मंत्री अर्चना चिटनीस ने कही ये बात
Loading...

बांग्लादेश मुक्ति संग्राम की कहानी जनता को बताएगी कमलनाथ सरकार, ये है मकसद

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए जबलपुर से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: November 29, 2019, 11:42 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...