प्रेम प्रसंग के चलते ममेरी बहन ने ही की थी लापता छात्र वीरेंद्र की हत्या

मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले की भालूमाडा पुलिस ने लापता छात्र वीरेंद्र की हत्या का गुरुवार को खुलासा कर दिया. वीरेंद्र की हत्या उसकी ममेरी बहन ने ही अपने दूसरे प्रेमी के साथ मिलकर की थी.

Rajnarayan Dwivedi | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: August 4, 2017, 12:26 PM IST
प्रेम प्रसंग के चलते ममेरी बहन ने ही की थी लापता छात्र वीरेंद्र की हत्या
हत्या की आरोपी यशोदा.
Rajnarayan Dwivedi | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: August 4, 2017, 12:26 PM IST
मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले की भालूमाडा पुलिस ने लापता छात्र वीरेंद्र की हत्या का गुरुवार को खुलासा कर दिया. वीरेंद्र की हत्या उसकी ममेरी बहन ने ही अपने दूसरे प्रेमी के साथ मिलकर की थी. बताया जा रहा है कि वीरेंद्र और उसकी ममेरी बहन के बीच लंबे समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था. शादी करने से इनकार के बाद आरोपी युवती ने मृतक से बदला लेने के लिए अपने एक अन्य प्रेमी के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी.

जानकारी के अनुसार अनूपपुर जनपद पंचायत अध्यक्ष ममता सिंह के देवर का लड़का वीरेंद्र 29 जून से लापता था. वीरेंद्र शहडोल पॉलीटेक्निक का छात्र था. धुरवासिन स्थित अपने घर से केशवाही जाने की बात कह कर निकला था. केशवाही में उसके मामा की लड़की यशोदा एक एजेंसी में काम करती थी. केशवाही से उसे शहडोल आना था, लेकिन वीरेंद्र केशवाही से अचानक गायब हो गया. 6 जुलाई को उसके लापता होने की रिपोर्ट भालूमाड़ा थाने में दर्ज कराई गई. पुलिस को सायबर सेल के जरिए वीरेंद्र की ममेरी बहन यशोदा का सुराग मिला. पूलिस ने ​यशोदा से मोबाइल मांगा, लेकिन वह पुलिस को चकमा देती रही. उसने पुलिस को घोड़कक्षार के जंगल में लाकर गुमराह किया और वहां से एक बार भाग गई. पुलिस ने यशोदा के प्रेमी श्रवण बरकड़े का पता लगाया. इसके बाद दोनों से जब कड़ी पूछताछ हुई तो सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हो गया.

दरअसल वीरेंद्र और यशोदा आपस में भाई—बहन होते हुए भी एकदूसरे से प्यार करते थे. दोनों के बीच लंबे समय तक हर तरह के संबंध रहे. इस बीच यशोदा ने शादी करने का दबाव बनाया, लेकिन वीरेंद्र ने इंकार कर दिया. यशोदा वीरेंद्र से अलग हो गई और केशवाही में एक एजेंसी में काम करने लगी. इस बीच श्रवण बरकड़े से उसके प्रेम संबंध हो गए. उसने श्रवण को वीरेंद्र की पूरी बात बताई और बदला लेने की बात कही. यशोदा को लगता था कि वीरेंद्र ने उसे धोखा दिया है और उसका सबकुछ लूट लिया. वारदात वाले दिन यशोदा ने फोन कर वीरेंद्र को केशवाही बुलाया. उसे गांव चलने की बात कहकर रास्ते में शराब पिलाई. इसके बाद उसके साथ मारपीट कर हत्या कर दी. वीरेंद्र के शव को घोड़कक्षार के जंगल में ठिकाने लगा दिया गया था. पुलिस को वीरेंद्र का कंकाल कई टुकड़ों में मिला.

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए अनूपपुर से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: August 4, 2017, 12:26 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...