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Dussehra 2022: सतना के इस गांव के लिए पूज्य है रावण, दशानन के वंशज करते हैं उनकी पूजा-अर्चना

 जय लंकेश के नारे के साथ रावण की पूजा करते हुए रमेश मिश्रा।

जय लंकेश के नारे के साथ रावण की पूजा करते हुए रमेश मिश्रा।

सतना के कोठी निवासी रमेश मिश्रा बताते हैं कि वर्तमान में उनकी पांचवी पीढ़ी रावण की पूजा करती चली आ रही है. रावण की प्रत ...अधिक पढ़ें

    प्रदीप कश्यप

    सतना. पूरा देश आज बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व विदयदशमी बना रहा है. लेकिन, मध्य प्रदेश के सतना जिले में एक ऐसा गांव है जहां लंकापति रावण की पूजा की जाती है. रावण का वंशज माने जाने वाले कोठी निवासी रमेश मिश्रा ने विजयदशमी के मौके पर रावण की धूमधाम से पूजा की. भगवान राम ने सीता हरण करने वाले आततायी रावण का वध किया था, इसलिए इसे दशहरे के रूप में मनाते हैं.

    सतना मुख्यालय से 25 किलोमीटर दूर कोठी कस्बे में 10 सिरों वाले रावण की प्रतिमा कोठी थाना परिसर में विराजमान है. रमेश मिश्रा की मानें तो यह प्रतिमा 250 साल से भी अधिक पुरानी है. रमेश मिश्रा अपने आप को रावण का वंशज बताते हैं, जो पिछले 40 वर्षों से विजयदशमी के दिन धूमधाम से रावण की पूजा करते चले आ रहे हैं. बुधवार को विजयदशमी पर रमेश मिश्रा के परिवार ने अपने पूर्वज रावण की ढोल-नगाड़े बजाकर आकर पूजा-अर्चना की.

    रमेश मिश्रा बताते हैं कि वर्तमान में उनकी पांचवी पीढ़ी रावण की पूजा करती चली आ रही है. रावण की प्रतिमा अब कोठी थाना परिसर में मौजूद हैं. रमेश मिश्रा गौतम ऋषि के शिष्य माने जाते हैं, और गौतम उनका गोत्र है. रावण भी गौतम गोत्र से थे, इस वजह से हम लोग रावण के वंशज के रूप में उनकी पूजा करते चले आ रहे हैं. रमेश मिश्रा ने बताया कि रावण सबसे ज्ञानी थे, जिन्होंने ब्रम्हा, विष्णु और महेश तीनों देवताओं को अपनी तपस्या से प्रसन्न किया था. रावण को वेद पुराणों का ज्ञान था. उन्हीं के लिए भगवान राम की लीला रची गई और रावण का अंत किया गया. रावण में अहंकार भले था, लेकिन उनकी भक्ति, तप और ज्ञान पूजने लायक है.

    उन्होंने बताया कि पहले रावण की पूजा दीपक जलाकर सामान्य रूप से की जाती थी, लेकिन पिछले 40 वर्षों से हम ढोल नगाड़े के साथ घर से पूजा की थाली लेकर निकलते हैं और कोठी थाने के अंदर स्थापित रावण की प्रतिमा के पास पहुंच कर उनको जल से स्नान कराकर जनेऊ, चंदन एवं दीपक और अगरबत्ती जला कर धूमधाम से उनकी पूजा-अर्चना करते हैं, और प्रसाद का वितरण करते हैं.

    Tags: Durga Puja festival, Dussehra Festival, Mp news, Ravana Dahan, Ravana effigy, Satna news

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