लाइव टीवी

कमलनाथ के मंत्री की अपील- MP में शिक्षा का स्तर सुधारने को स्कूलों को गोद लें जनप्रतिनिधि और उद्योगपति

Pradeep Singh Chouhan | News18 Madhya Pradesh
Updated: October 19, 2019, 11:13 PM IST
कमलनाथ के मंत्री की अपील- MP में शिक्षा का स्तर सुधारने को स्कूलों को गोद लें जनप्रतिनिधि और उद्योगपति
सीहोर के एक्सीलेंस स्कूल में पीटीएम के दौरान पहुंचे मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी.

सरकारी स्कूलों में पैरेंट्स-टीचर मीट (Parents-Teacher Meet) कार्यक्रम के तहत स्कूली शिक्षा मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी (Dr. Prabhuram Chaudhari) ने सीहोर (Sehore) में की बड़ी घोषणा. मंत्री ने जनप्रतिनिधियों और उद्योगपतियों से सरकारी स्कूलों (Government School) को गोद लेकर शिक्षा का स्तर ऊंचा उठाने की भी अपील की.

  • Share this:
सीहोर. मध्य प्रदेश स्कूली शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों में पैरेंट्स-टीचर मीट यानी पीटीएम (Parents-Teacher Meet) का आयोजन किया. इस क्रम में स्कूली शिक्षा मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी (Dr. Prabhuram Chaudhari) सीहोर पहुंचे. यहां मंत्री ने कहा कि देश में शिक्षा के क्षेत्र में (MP Education) एमपी का स्थान अभी 15वां है. इसे पहले स्थान पर लाना हमारी सरकार की प्राथमिकता है. शिक्षा की गुणवत्ता को मजबूत करने के लिए ही प्रदेश में 5वीं और 8वीं की बोर्ड परिक्षाएं फिर शुरू की गई हैं. इस मौके पर मंत्री डॉ. चौधरी ने घोषणा की कि प्रदेश के 8 जिलों में ब्रिज प्राइमरी एजुकेशन सिस्टम (Bridge Primary Education System) लागू किया जाएगा. इसके तहत सरकारी स्कूलों में केजी फर्स्ट से नर्सरी में इस प्रणाली के आधार पर पढ़ाई शुरू की जाएगी. उन्होंने प्रदेश के जनप्रतिनिधियों और उद्योगपतियों से अपील की कि वे सरकारी स्कूलों को गोद लेकर उनमें पर्याप्त रिसोर्सेस जुटाएं. इस मौके पर मंत्री ने ऐसे सरकारी शिक्षकों को चेतावनी दी कि जो शिक्षक पात्रता परीक्षा में लगातार दो टर्म से फ़ेल हो रहे हैं, उन पर कार्रवाई होगी.

प्राथमिक शिक्षा को सुधारेंगे
सीहोर के एक्सीलेंस स्कूल में आयोजित पीटीएम में भाग लेने पहुंचे स्कूली शिक्षा मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी ने कहा कि वर्तमान में शिक्षा के क्षेत्र में मध्य प्रदेश का स्थान देशभर में 15वां है. इसे पहले स्थान पर लाना हमारी प्राथमिकता है. इसके मद्देनजर सरकार ने फैसला किया है कि प्रदेश के 8 जिलों में ब्रिज प्राइमरी एजुकेशन शुरू किया जाएगा. इसमें सीहोर जिला भी शामिल है. इसके तहत सरकारी स्कूलों में केजी फर्स्ट से नर्सरी में इस पद्धति के आधार पर पढ़ाई शुरू की जाएगी. डॉ. चौधरी ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए 5वीं और 8वीं की बोर्ड परिक्षाएं फिर से शुरू की गई हैं. उन्होंने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए पहली बार प्रदेश के सरकारी स्कूलों के चुने हुए प्राचार्यों को विदेश में अध्ययन के लिए दक्षिण कोरिया भेजा गया है. हमने देश के इतिहास में पहली बार ऑनलाइन ट्रांसफर किए हैं.
फेल शिक्षकों पर होगी कार्रवाई

स्कूली शिक्षा मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी ने कहा कि सरकार ने निर्णय लिया है कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों में हर 3 महीने में पीटीएम हो. उन्होंने प्रदेश के ऐसे सभी सरकारी शिक्षकों पर कार्रवाई की चेतावनी दी, जो लगातार दो बार से शिक्षक योग्यता परीक्षा में फेल हो रहे हैं. उन्होंने कहा कि शिक्षा का स्तर ऊंचा उठाने के पीटीएम शुरू किया गया है. जिनके रिजल्ट अच्छे आएंगे, जो शिक्षक या डीपीसी या प्राचार्य अच्छा काम करेंगे, उनका सम्मान होगा. शिक्षक पात्रता परीक्षा को लेकर चुटकी लेते हुए मंत्री ने कहा कि सरकार ने इस परीक्षा में किताब और नोट्स अलाऊ किए तो लोगों ने कहा कि यह तो नकल है. मंत्री ने व्यंग्य किया कि नकल के लिए भी अक्ल चाहिए. स्कूल में शिक्षक किताब से या नोट्स से पढ़ाएं, हमें कोई दिक्कत नहीं है.

जनप्रतिनिधियों और उद्योगपतियों से अपील
स्कूली शिक्षा मंत्री ने सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए प्रदेश के जनप्रतिनिधियों और उद्योगपतियों से अपील की. मंत्री ने कहा कि सरकारी स्कूलों को जनप्रतिनिधि या उद्योगपति गोद लेकर उनमें पर्याप्त रिसोर्सेस जुटाएं, ताकि प्रदेश में इस नवाचार से शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार हो सके. इस मौके पर उन्होंने बताया कि 16 हजार शिक्षकों की भर्ती के परिणाम आ चुके हैं, 6 हजार माध्यमिक शिक्षकों का रिजल्ट आना है. इनकी नियुक्ति जल्द की जाएगी.
Loading...

ये भी पढ़ें -

इंदौर में लगे वीर सावरकर पर पोस्टर, ये कथित दस्तावेज़ भी छापा

झाबुआ उपचुनाव: प्रचार का आखिरी दिन, मंत्री जीतू पटवारी ने बनाई जलेबियां

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए सीहोर से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: October 19, 2019, 11:13 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...